नदी में पुल नहीं बना है बाढ़ आने से आवागवन बाधित होता है...कृपया मदद करें-

ग्राम-सिंगपुर, तहसील-पंडरिया, जिला-कबीरधाम (छत्तीसगढ़) से ओमकार मरकाम बता रहे हैं| ग्राम बाकी पथरा के पास एक नदी है| जिसमे पुल नहीं बना है| जिसके कारण वहां के लोगो को आने जाने में दिक्कत होती हैं| बारिश के दिनों में पानी ज्यादा भर जाने से बच्चे स्कूल नहीं जा पाते हैं| इसलिये वे सीजीनेट के साथियों से अपील कर रहे हैं| कि दिये गये नंबरों पर बात कर पुल बनवाने में मदद करें| जिससे लोगो को आने-जाने में दिक्कत न हो| कलेक्टर@9479118118. संपर्क नंबर@9575248234.

Posted on: Jun 22, 2019. Tags: CG KABIRDHAM OMKAR MARKAM PROBLEM

नेत्रहीन बच्चे पढ़ने के लिये ब्रेल लिपि का उपयोग करते हैं...

ग्राम-सिंगपुर, तहसील-पंडरिया, जिला-कबीरधाम (छत्तीसगढ़) से ओमकार मरकाम बता रहे हैं| ब्रेल लिपि एक एसी लिपि है| जिसका उपयोग नेत्रहीन लोगो द्वारा पढ़ने और लिखने के लिये किया जाता है| ब्रेल लिपि का अविष्कार लुई ब्रेल द्वारा सन 1821 में किया गया था| यह लिपी उभरे हुये 6 बिंदु पर आधारित होती है| 6 बिंदु से मिलकर एक सेल बनता है| प्रत्येक सेल में एक वर्ड या अक्षर लिखा जाता है| जिसे छूकर बच्चे पढ़ते हैं|

Posted on: Jun 09, 2019. Tags: CG KABIRDHAM OMKAR MARKAM STORY

मन समर्पित तन समर्पित और यह जीवन समर्पित...कविता-

ग्राम-सिंगपुर, तहसील-पंडरिया, जिला-कबीरधाम (छत्तीसगढ़) से ओमकार मरकाम एक कविता सुना रहे हैं :
मन समर्पित तन समर्पित और यह जीवन समर्पित-
चाहता हूँ देश की धरती तुझे कुछ और भी दूँ-
माँ तुम्हारा ऋण बहुत है, मै अंकिचन-
किन्तु इतना कर रहा फिर भी निवेदन-
थाल मै लाऊं सजाकर भाल जब-
कर दया स्वीकार लेना वह समर्पण...

Posted on: Jun 08, 2019. Tags: CG KABIRDHAM OMKAR MARKAM POEM

भेडिया और शहीद बकरी...कहानी-

हरे भरे पहाड़ पर बकरिया जब चरने जाती थी| तो उसमे से एक बकरी हमेशा कम हो जाती थी| भेडिये की इस हरकत से तंग आकार चरवाहे ने वहां बकरियां चराना बंद कर दिया| बकरियों ने मौत के डर से बाड़े में रहकर चरना उचित समझा | लेकिन उसमे से एक बकरी को बाड़े में कैद रहना पसंद नहीं आया| उसने सोचा अत्याचारी से कब तक बचा जा सकता है| भेड़िया किसी दिन पहाड़ी से उतरकर बाड़े में भी कूद सकता है| साथियों ने उसे समझाने का प्रयास किया| लेकिन वह मौका पाकर पहाड़ी पर चली गई| और भेडिये को खोजने लगी| काफी समय बाद उसे भेड़िया शिकार के लिये आता दिखा| वह समझ गई| उसे क्या करना है|

Posted on: Jun 08, 2019. Tags: CG KABIRDHAM OMKAR MARKAM STORY

वर्षा बहार सबके मन को लुभा रही है...कविता

ग्राम- सिंहपुर तरहसील- पंडरिया जिला- कबीरधाम(छत्तीसगढ़) से ओमकार मरकाम एक कविता सुना रहे है|
वर्षा बहार सबके मन को लुभा रही है,
मघ में छटा अनूठी घनघोर छा रही है,
बिजली चमक रही है,
बादल गरज रहें है,
पानी बरश रहा है,
झरने भी बह रहें है,...

Posted on: May 21, 2019. Tags: CG KABIRDHAM OMKAR MARKAM POEM

View Older Reports »