मथवाही मडा रे सोने के ढीनिया, लिलराही मडा रे गरुड...सांप काटने पर गीत

ग्राम-नवादा, ब्लाक-सिमरिया, जिला-चतरा (झारखण्ड) से
राजू राणा सांप काटने पर गाये जाने वाला गीत सुना रहे है:
मथवाही मडा रे सोने के ढीनिया-
लिलराही मडा रे गरुड-
संसा रोड़ संसा रोड़, दिखावा गे बहनी – जाय के होत बडी दूर-
मुहा ही मडा रे सोने के ढीनिया-
गर्दन ही मडा रे गरुड-
संसारोड़ संसारोड़, दिखावा गे बहनी – जाय के होथे बडी दूर-
छातियाही मडा रे सोने दे ढीनिया-
पेटवा ही मडा रे गरुड-
संसा रोड़ संसा रोड़, दिखवा गे बेहनी-
जाय के होथे बढ़ा दूर-
धरती ही मडा रे सोने के ढीनिया-
संसा रोड़ संसा रोड़, दिखावा गे बेहनी-
जाय के होथे बडी दूर...

Posted on: Mar 19, 2017. Tags: RAJU RANA

अब जाग उठे हैं हम कुछ कर के दिखायेंगे...संघर्ष गीत

ग्राम पंचायत-सरईकेला, दलभंगा, झारखंड से प्रेम सिंह अंगारिया एक गीत सुना रहे हैं:
अब जाग उठे है हम, कुछ कर के दिखायेंगे-
आओ साथियों हम, जीवन बदल देंगे-
आँसू ना बहा साथी, मोती ना लुटा साथी-
अन्याय की खातिर हम, अब साथ ना छोड़ेंगे-
अब जाग उठे है हम, कुछ कर के दिखायेंगे-
आओ साथियों हम, जीवन बदल देंगे-
अब होश में, अब जोश में आयेंगे-
अन्याय की खातिर हम, अब साथ ना छोड़ेंगे-
अब साथ ना छोड़ेंगे, अब साथ ना छोड़ेंगे...

Posted on: Nov 03, 2016. Tags: RAJU RANA

नितल तोतल कोठरिया इसमे दो रास जी, इसमे दो रास जी...छठ पूजा गीत

ग्राम-नवादागढ़ ब्लाक-सिमरिया जिला-चतरा (झारखण्ड) से कलावती कुमारी छठ पूजा गीत सुना रही हैं :
नितल तोतल कोठरिया – इसमे दो रास जी ,इसमे दो रास जी
कैतके सोचेला सासू बोरवा-
हम न आरज देवेजा ,हम न आरज देवेजा
कैतके सलाह गोतनी दूर्वा – कैतके सलाह ननद रोगवा...

Posted on: Oct 13, 2016. Tags: RAJU RANA

दोस्ती करे फूलों से ताकि हमारी जीवन की बगिया महकती रहे...दोस्ती पर कविता

ग्राम-नवादा, प्रखंड-सिमरिया, जिला-चतरा, (झारखण्ड) से राजू राणा एक कविता सुना रहे हैं जो दोस्ती शीर्षक से हैं:
दोस्ती करे फूलों से ताकि हमारी जीवन की बगिया महकती रहे-
दोस्ती करे पंछियों से ताकि जिन्दगी चहकती रहे-
दोस्ती करे रंगों से ताकि हमारी दुनिया रंगीन हो जाए-
दोस्ती करें कलम से ताकि सुन्दर वाक्यों का सृजन होता रहे...

Posted on: Oct 03, 2016. Tags: RAJU RANA

मेरे लहू का कतरा-कतरा बदला लेगा ए पाकिस्तान...देशभक्ति कविता

ग्राम-नवादा, ब्लाक-सेमरिया, जिला-चतरा (झारखण्ड) से राजू राणा एक कविता सुना रहे हैं:
मेरे लहू का कतरा-कतरा बदला लेगा ए पाकिस्तान-
मुझे गम नहीं मेरी मौत का, शहीद कहेगा हिन्दुस्तान-
तू गद्दार हैं नापाक हैं तेरी हिम्मत नहीं टकराने की-
पीठ पीछे वार करे तू तेरी आदत हैं दुम दिखाने की-
मेरी माँ ने कहा था मुझसे बेटा देश के खातिर देना जान-
मुझे गम नहीं मेरी मौत का शहीद कहेगा हिंदुस्तान...

Posted on: Oct 01, 2016. Tags: RAJU RANA

View Older Reports »

Recording a report on CGNet Swara

Search Reports »

Loading

Supported By »


Environics Trust
Gates Foundation
Hivos
International Center for Journalists
IPS Media Foundation
MacArthur Foundation
Sitara
UN Democracy Fund


Android App »


Click to Download