तुम्हारे शहर का मौसम, बड़ा सुहाना लगे...गीत
नई दिल्ली, से रेहाना कुरैशी एक गीत सुना रहीं है:
तुम्हारें शहर का मौसम, बड़ा सुहाना लगे-
मैं एक शाम चुरा लू, अगर बुरा ना लगे-
तुम्हारें शहर का मौसम, बड़ा सुहाना लगे-
तुम्हारें बस में अगर हों तो, भूल जाओं मुझे-
तुम्हे भुलाने में शायद, मुझे ज़माना लगे-
मैं एक शाम चुरा लू, अगर बुरा ना लगे-
तुम्हारें शहर का मौसम, बड़ा सुहाना लगे...
Posted on: Apr 17, 2018. Tags: REHANA QURESHI SONG VICTIMS REGISTER
कहब तो लग जाई धक् से, धक् से...अमीरी और गरीबी पर गीत -
ग्राम-जमुड़ी, जिला-अनूपपुर (मध्यप्रदेश) से रेहाना कुरैशी अमीरी और गरीबी के ऊपर एक गीत सुना रही है :
कहब तो लग जाई धक् से, धक् से-
कहब तो लग जाई धक् से-
बड़े-बड़े लोगन के बंगला दो बंगला-
और हीरो हौंडा अलग से, अलग से-
कहब तो लग जाई धक् से-
हमरे गरीबन के झोपड़ी जुलम्बा-
बर्सेला पानी तो छत से गिरे टप्प से-
कहब तो लग जाई धक् से-
बड़े बड़े लोगन के संघी और साथी-
और भैया सरकार अलग से-
कहब तो लग जाई धक् से-
हमरे गरीबन के यूनियन जुलम्बा-
बोले तो लाठी पड़े ठक्क से-
कहब तो लग जाई धक् से-
बड़े बड़े लोग पहनें शर्ट और पैंट भैया-
और भैया टाई अलग से-
कहब तो लग जाई धक् से-
हमरे गरीबन के धोती जुलम्बा-
पहनें तो फट जाये चर्र से-
कहब तो लग जाई धक् से
बड़े बड़े लोग खाएं चम् चम् मलाई-
और रस्गुल्ला अलग से-
कहब तो लग जाई धक् से-
कहब तो लग जाई धक् से, धक् से...
Posted on: Jun 03, 2017. Tags: REHANA QURESHI SONG VICTIMS REGISTER
झूम ले हंस बोल ले, प्यारी अगर है जिंदगी...प्रेरक गीत
ग्राम-जमुड़ी, जिला-अनूपपुर (मध्यप्रदेश) से रेहाना कुरैशी एक प्रेरक गीत सुना रही है :
झूम ले हंस बोल ले, प्यारी अगर है जिंदगी-
सांस के बस एक झोंके का सफर है जिंदगी-
झूम ले, हंस बोल ले-
ज़िन्दगी में जो भी करना चाहता है कर गुज़र-
क्या खबर बरसों की है या लम्हा भर है जिंदगी-
सांस के बस एक झोंके का सफर है जिंदगी-
झूमले हंस बोल ले...
