आदिवासियों की पुरानी परम्परा जत्ता या जाता में बिजली नहीं लगती और शरीर भी स्वस्थ रहता है...
सीजीनेट जन पत्रकारिता यात्रा आज ग्राम-दमकसा, ब्लाक-दुर्गकोंदल, जिला-कांकेर (छत्तीसगढ़) में पहुँची है वहां से बाबूलाल नेटी के साथ में गजानंद लान्जिवार है जो गाँव में पाए जाने वाले जाता या जत्ता के बारे में जानकारी दे रहे है. जत्ता दो गोल पत्थर से बनाया जाता है जिसको हिंदी में (पत्थर की चक्की) कहते है उसमे एक मुठिया लगा रहता है जिसको हाथ से पकड़कर घुमाया जाता है इससे गेहूं, दाल, भुट्टा और सूजी जैसे और भी अनाज को पीस सकते है ये आदिवासियों की पुरानी परम्परा है और ये आज भी ग्रामीण क्षेत्रो में देखने को मिलता है | धान के लिए अलग तरह का जाता होता है इस तरह के चक्की में बिजली नहीं लगती सिर्फ मेंहनत लगती है जिससे शरीर भी स्वस्थ रहता है
Posted on: Dec 17, 2017. Tags: BABULAL NETI
Impact: Got our due pensions 10 days after reporting on CGnet, thanks...
ग्राम-धुमाधाड़, विकासखंड-प्रतापपुर, जिला-सूरजपुर (छत्तीसगढ़) से रूपलाल मरावी बता रहे हैं गाँव के वार्ड क्रमांक 6 के निवासी धीरु, शिवभजन, जयपाल, सहदेव, लीलावती को विधवा पेंशन और वृद्धावस्था पेंशन नही मिल रहा था, उन्होने कई बार ग्रामसभा में आवेदन किया था, सरपंच सचिव का कहना था ब्लाक में अधिकारियों की बैठक ना होने से काम नही हो रहा है तब उन्होंने निराश होकर अपनी समस्या को सीजीनेट में रिकॉर्ड किया था. रिकॉर्ड करने के बाद सीजीनेट के साथियों की मदद से 10 दिन के अन्दर समस्या का समाधान हो गया है इसलिए सीजीनेट सुनने वाले साथियों को जिन्होंने अधिकारियों को फोन कर के दबाव डाला और उन अधिकारियो को धन्यवाद दे रहे है जिन्होंने उनकी मदद की. रूपलाल मरावी@7697080920.
Posted on: Dec 17, 2017. Tags: ROOPLAL MARAVI SONG VICTIMS REGISTER
प्रभु जी से प्रेम लगाना क्या तुम सहज ना जाना...भजन -
ग्राम-गिलगी, पंचायत-लाखनटोला, तहसील-भरतपुर, जिला-कोरिया (छत्तीसगढ़) से अमृतलाल यादव एक भजन सुना रहे हैं :
प्रभु जी से प्रेम लगाना क्या तुम सहज ना जाना – प्रेम किया था राजा मोरथधुज ने
सोते पर आरा चलाना क्या तुम सहज ना जाना – प्रेम किया था भक्त प्रह्लाद ने – सोते पर आरा चलाना क्या तुम सहज ना जाना...
Posted on: Dec 16, 2017. Tags: AMRITLAL YADAV SONG VICTIMS REGISTER
जिस भजन में राम का नाम न हो...राम भजन गीत -
ग्राम-लाखनटोला, जिला-कोरिया, (छत्तीसगढ़) से अमृतलाल यादव एक भजन गीत सुना रहे है:
जिस भजन में राम का नाम न हो-
उस भजन को गाना न चाहिए-
चाहे बेटा कितना प्यारा हो-
उसे सिर पे बिठाना न चाहिए-
जिस पिता ने हमको पाला है-
उसे कभी सताना न चाहिए-
जिस माँ ने हमको जनम दिया-
दिल उसका दुखाना न चाहिए-
जिस भजन में राम का नाम न हो...
Posted on: Dec 16, 2017. Tags: AMRITLAL YADAV SONG VICTIMS REGISTER
सीखकर अपनी दुकान खुद बना रहा हूँ, बड़े घर भी बना सकता हूँ, ऐसा और युवा भी कर सकते हैं...
सीजीनेट जन पत्रकारिता जागरूकता यात्रा आज ग्राम-अमोड़ी, विकासखंड-अंतागढ़, जिला-कांकेर (छत्तीसगढ़) में पहुँची है वहां बाबूलाल नेटी गाँव के युवा दुर्गाप्रसाद सलाम से बात कर रहे हैं जो बता रहे हैं कि उन्होंने अलग-अलग जगहों में काम कर कारीगरी सीखी और बिना किसी कारीगर की मदद से अपना दुकान बना रहे हैं. वे कह रहे हैं कि बगैर किसी बाहरी मदद के वे ऐसे ही और बड़े घर भी बना सकते हैं आगे अगर ज़रुरत पड़े. गांव में 300 की जनसंख्या है दुकान के लिए दुर्गुकोंदल से सामान लाते है स्वयं अपनी पूंजी लगाकर रोजगार कर आज के युवाओ को आत्मनिर्भर होने का संदेश दे रहे हैं इस प्रकार से हम देश की बढ़ती बरोजगारी को कम कर सकते हैं | बाबूलाल नेटी@9713997981

