2001 से जंगल की जमीन में घर है,वनाधिकार का आवेदन देने के बाद भी नहीं मिला जमीन ...
शेख हनीफ से ग्राम गोपालापुरम,पंचयत गुडूर,ब्लाक चिंतूर,जिला इस्टगोदावरी (आन्द्रपर्देश) के ग्रामीण सोडी गंगा बातचीत कर रहे है वे इस गाँव के स्थाई ग्रामीण है,बातचीत में उन्होंने बताया की 20 साल से हमलोग यहाँ रह रहे है,हमलोग यहाँ 17 परिवार रहते है, 2001 में 16 लोगो को जंगल का जमीन काटने के आरोप में पुलिस और वन बिभाग के अधिकारी लोग पकड़ कर जेल भेज दिये थे, उस समय वन अधिकार कानून भी इस देश में नहीं आया था,ग्रामीण आज भी उसी स्थान में जीवन आपण कर रहे है,इनको वनाधिकार कानून 2005 के तहत जमीन मिलने का प्रावधान है पर सरकार की लापरवाह निति का शिकार हो गए,गंगा बताते है की हमलोग जमीन के वनाधिकार का फॉर्म भी भरे है लेकिन आज तक पट्टा का कोई कागजात नहीं मिला,जबकि कानून के अनुसार हमलोगों को जमीन का पट्टा मिलना चाहिए था,हमारे ITDA प्रोजेक्ट ऑफिसर साहब को अनुरोध कर हम ग्रामीणों को पट्टा दिलाने में मदद करे,जमीन दिलाने वाले अधिकारी का मोबाईल नंबर 9490957735 इस नंबर को फोन कर बात करे इन आदिवासी परिवारों को जमीन दिलवाने मे मदद करे
