हरे रामा पिया गए परदेश, चिठिया नाही भेजइं रे हरी...सावन गीत
मानसी देवी ग्राम-चिनहर, जिला-रीवा, मध्यप्रदेश से एक सावन गीत गा रही हैं :
हरे रामा पिया गए परदेश
चिठिया नाही भेजइं रे हरी
हरे रामा बहुआ करे जे बनधीर
ललन घरे अइहैं हो हरी
हरे रामा पिया...
हरे रामा लहुरी तू कइला पूजा
देवर घरे अइहैं हो हरी
हरे रामा पिया...
हरे रामा भाभी तू कइला तपस्या
भइया तो घरे अइहैं हो हरी
हरे रामा पिया...
