राज की बात कह गया चेहरा...गजल-
जिला-बलरामपुर (छत्तीसगढ़) से चंद्रप्रकाश एक गजल सुना रहे हैं:
राज की बात कह गया चेहरा-
बन गया दिल का आइना चेहरा-
राज की बात कह गया चेहरा-
आप घर कर गये है आँखों में-
कैसे देखेंगे दूसरा चेहरा-
बन गया दिल का आइना चेहरा...(AR)
Posted on: Feb 20, 2021. Tags: SONG
मा गा रे सा...राग मालवा गीत-
सेक्टर सी राजनगर, जिला-अनुपपुर (मध्यप्रदेश) से मारकंडे सिंह राग मालवा सुना रहे है:
सा नी रे दा म धा नि-
रे सा रे नि धा-
मा गा रे सा-
हा रे जा गा ब-
वाह रे का रा मा, का रे तो पे...(AR)
Posted on: Feb 20, 2021. Tags: SONG
ये अपना तिरंगा हैं प्राणों से भी प्यारा हैं...देश भक्ति गीत-
नया रायपुर (छत्तीसगढ़) से अनमोल कुमार चन्द्राकर देश भक्ति गीत सुना रहें हैं:
ये अपना तिरंगा हैं-
प्राणों से भी प्यारा हैं-
ये धरती ये अम्बर – ये देश हमारा हैं-
ये अपना तिरंगा हैं...(RM)
Posted on: Feb 20, 2021. Tags: HINDI SONG RAIPUR CG
करिला बिनीतिया तुम्हार हे वीणा वाली...सरस्वती वंदना-
ग्राम-भादेश्रा,जिला मऊ (उत्तरप्रदेश) से सुजीत शर्मा एक गीत सुना रहे हैं:
करिला बिनीतिया तुम्हार हे वीणा वाली-
लाख जाई का हंस के सवारी-
तोहे वीणा बा बजा न माँ-
हाँथ बा के कामल लेके-
चलदी सनमा ममता के मोहा तू फंसा...(AR)
Posted on: Feb 20, 2021. Tags: SONG
वनांचल स्वर: परंपरागत खेती की आज की खेती से तुलना करते हैं...
ग्राम-मोदे, ब्लॉक-भानुप्रतापपुर, जिला-कांकेर (छत्तीसगढ़) से मनोज कुमार पटेल परंपरागत खेती की आज की खेती से तुलना करते हैं। मोदे गाँव में पहले परांपरगतढंग से खेती का प्रचलन था। यह इलाका नदी किनारे बसावट वाला है। यहाँ जंगल से आने वाला पानी जमीन में बैठकर जमीन को उपजाऊ बना चूका है। यहाँ खेती करने के लिए किसी प्रकार की खाद की आवश्यकता नहीं पड़ती थी। मनोज के पूर्वज जमीन से पानी निकालने के लिए लकड़ी का ‘टेढ़ा’ बनाते थे। परन्तु आज खेती करने वाले लोग खाद का इस्तेमाल करते हैं। मनोज के मुताबिक इसका कारण यह हो सकता है कि देशी बीज के इस्तेमाल में कमी आई है। आधुनिकरण के कारण किसान अब कम समय में ज्यादा खेती करना चाहते हैं। सम्पर्क:- 9479070321, 6268684544 (185674) GT
