बेल तरी बेलन बेलन तरी ढोल...छत्तीसगढ़ी लोक गीत-
ग्राम-केरा, जिला-जांजगीर-चांपा (छत्तीसगढ़) से राम प्रसाद छत्तीसगढ़ी बोली में एक छत्तीसगढ़ी लोक गीत सुना रहें हैं-
बेल तरी बेलन बेलन तरी ढोल-
येही डोंगरी मा सजन भाई मोर-
जान पारही का गा-
ले जाहि का गा मोला-
राउत भईया मोर-
आमा ला टोरे खाहुच कहिके-
मोला दगा मा डारे-
आहुच कहिके...RK
Posted on: Oct 16, 2020. Tags: CG SONG SONG VICTIMS REGISTER
स्वास्थ्य स्वर : पेट का फूलना (अफारा) के घरेलू उपचार बता रहें है...
प्रयाग विहार, मोतीनगर, रायपुर (छत्तीसगढ़) से वैद्य एच डी गाँधी पेट फूलना लोगो में आम बात होती है। किंतु लोगो में कभी ना कभी पेट फूलने की समस्या जरूर होती है इसके लिए घरेलू रोग उपचार बता रहें हैं, अजमोद 20 ग्राम, काली मिर्च 20 ग्राम, सेंधा नमक 20 ग्राम इन सब को कूट-पीस कर चूर्ण बना ले और उसमें नींबू की रस 20 ग्राम मिलाकर सुखाये और उसे सुरक्षित रखे| मात्रा आधा से एक चम्मच गुनगुने पानी के साथ 21 दिनों तक सेवन करने से पेट का फूलना (अफारा) बंद हो जाता है| मिर्च, मसाला, तेल, खटाई, गरिष्ठ भोजन का प्रयोग कम करें| नशा न करें| मैदा, शक्कर नमक का प्रयोग कम करें| अधिक जानकारी के लिये संपर्क कर सकते हैं : एच डी गांधी@9111061399.
Posted on: Oct 16, 2020. Tags: HEALTH DEPARTMENT SONG VICTIMS REGISTER
कौन बरन के ढबरा हो हमने निक न लागे...गीत-
ग्राम-सहपुर,पोस्ट चौथर,जिला रीवा (मध्यप्रदेश ) से विनीत कुमार यादव महिलाओं के उपर एक दादरा गीत सुना रहें हैं-
कौन बरन के ढबरा हो हमने निक न लागे-
मइके के निक लागे माया बहिनिया-
ससुरे के लहूरी ननंदिया हो हमे निक ना लागे-
मइके के निक लागे बागे-बगीचा-
ससुरा के भरी फुलवरिया हो हमे निक न लागे-
मइके के निक लागे महिला द्वी महिला-
ससुरे के रंगी महलिया हो हमे निक न लागे-
कौन बरन के ढबरा हो हमने निक न लागे...RK
Posted on: Oct 16, 2020. Tags: HINDI SONG SONG VICTIMS REGISTER
मैं जन्म से ही दिव्यांग हूँ किन्तु आज तक नही मिला दिव्यांग पेंशन, कृपया दिव्यांग पेंशन दिलाने सहय
ग्राम पंचायत-भेलौनी, ब्लॉक-पामगढ़, तहसील-पामगढ़, जिला-जांजगीर चांपा (छत्तीसगढ़) से रमेश कुमार बंजारे (दिव्यांग) बता रहें हैं जन्म से आज तक दिव्यांग पेंशन नही मिला जिसका पेंशन के लिए ग्राम पंचायत मे आवेदन किये किन्तु कोई निराकरण नही किये इसलिए सीजीनेट सुनने वाले साथियों से अपील कर रहें हैं दिए गये फ़ोन नंबर पर बात करके दिव्यांग पेंशन दिलाने में मदद करे. संपर्क@7489893667. सरपंच@89668862. डिप्टी कलेक्टर@9826321962. (179639) RK
Posted on: Oct 16, 2020. Tags: SONG STORY VICTIMS REGISTER
कब आही वो बेरा ओ दाई तरसत हे मोर चोला-जस गीत...
ऋतिक ठाकुर ग्राम-मडपारा,नम्बर-वर्ड-03,जिला-दुर्ग (छत्तीसगढ़) से जस गीत सुना रहें है:
कब आही वो बेरा ओ दाई तरसत हे मोर चोला-
कब आही वो बेरा ओ दाई तरसत हे मोर नैना-
कब आही वो बेरा ओ दाई तरसत हे मोर नैना-
नव दिन के तै पहुना बनके,नव दिन के तै पहुना बनके-
नव दिन के तै पहुना बनके,आजा वो नव रतिया माँ-
कब आही वो बेरा ओ दाई तरसत हे मोर चोला-
कब आही वो बेरा ओ दाई तरसत हे मोर चोला-
ककरो तै सहारा बने उऊ ककरो बने ज्योति-
ककरो बने अन के अस, ककरो बने तै बेटी-
ककरो घर मा टोला विराजे, ककरो मन के तीर-
कोनो हा तोला माटी माँ देखे कोनो हा मंदिर मा-
एही रदा माँ देखत देखत मन हा मोर जुडाथे-
कब आही वो बेरा ओ दाई तरसत हे मोर चोला-
कब आही वो बेरा ओ दाई तरसत हे मोर चोला-
नव दिन के तै पहुना बनके,नव दिन के तै पहुना बनके...
