तेरी पनाह में हमे रखना, सीखे हम नेक राह पर चलना...वंदना
ग्राम पंचायत-भोजपुर, तहसील, सारंगगढ़, जिला-रायगढ़ (छत्तीसगढ़) से घासीदास माहांत एक वंदना सुना रहें है:
तेरी पनाह में हमे रखना, सीखे हम नेक राह पर चलना-
कपट कर्म चोरी बेईमानी, और हिंसा से हमको बचाना-
नाली का बन जाऊं ना पानी, निर्मल गंगा-जल ही बनाना-
अपनी निगाह में हमे रखना, तेरी पनाह में हमे रखना-
क्षमावान कोई तुझसा नही और मुझसा नही कोई अपराधी-
पूण्य की नगरी में भी मैंने पापों की गठरी ही बाँधी-
करुणा की छाँव में हमे रखना, तेरी पनाह में हमे रखना...(180640) GT
Posted on: Nov 03, 2020. Tags: HINDI SONG SONG VICTIMS REGISTER
मेरा गीत अमर कर दो...गीत-
ग्राम-तोमड़ा, भोपाल (मध्यप्रदेश) से सुनील कुमार एक गीत सुना रहे हैं:
होंठों से छूलो तुम-
मेरा गीत अमर कर दो-
बन जाओ मीत मेरे-
मेरी प्रीत अमर कर दो-
न उमर की सीमा हो-
न जनम का हो बंधन...(AR)
Posted on: Nov 02, 2020. Tags: HINDI SONG SONG VICTIMS REGISTER
पानी बिना बादल के पहुना बिना आदर के...छत्तीसगढ़ी गीत
ग्राम-चन्द्रपुर,पंचायत-कुलाझर, ब्लाक-डभरा, जिला-जांजगीर चापा (छत्तीसगढ़) से राधा जयसवाल एक छत्तीसगढ़ी गीत सुना रहें है:
पानी बिना बादल के पहुना बिना आदर के-
मोला जिन्दगी अबिरथा लागे ना वो-
चंदा बिना धरती आकाश सुना लागे-
प्रभु के भजन बिना जिन्दगी अधर लागे-
चिरई बिना चारा के दुखवा बिना डारा के-
पानी बिना बादल के पहुना बिना आदर के...(180346) GT
Posted on: Nov 02, 2020. Tags: CG SONG SONG VICTIMS REGISTER
मोर मन के मन मोहनी अउ दिल के तय जोगनी... लोक छत्तीसगढ़ी गीत
ग्राम-मुंद्रागुढी, जिला-जांजगीर चापा (छत्तीसगढ़) से हेमंत कुमार श्रीवास एक लोक छत्तीसगढ़ी गीत सुना रहें है:
मोर मन के मन मोहनी अउ दिल के तय जोगनी-
मुख दान के हाय रे मुख दान के-
तोर काय पलट गये वो माया ला जान के-
मोर मन के मन मोहनी अउ दिल के तय जोगनी-
तोर काय पलट गये वो माया ला जान के-
मोर मन के मन मोहनी अउ दिल के तय जोगनी...(180343) GT
Posted on: Nov 02, 2020. Tags: CG SONG SONG VICTIMS REGISTER
रे लागे सम्मेलन बारम्बार मूल निवासी कर...कर्मा गीत
ग्राम देवरी जिला सूरजपुर राज्य छत्तीसगढ़ से कैलास सिंह पोया जी कर्मा गीत सुना रहें हैं:
रे लागे सम्मेलन बारम्बार मूल निवासी कर-
हमारे राज रहें भारत में महान-
नाह ले लुट लेही मनुष्य के सन्तान-
आदिवासी मन सम्मेलन लागे-
सम्मेलन बारम्बार मूल निवासी कर-
नही तो लिखे तोके नही इतिहास...
