जिन्दगी एक किराये का घर है...हिन्दी गीत

प्रखंड-पाटन, थाना-पाटन, जिला-पलामो (झारखंड) से विकास कुमार दुबे जिन्दगी के सन्दर्भ में एक गीत सुना रहे हैं:
जिन्दगी एक किराये का घर है-
एक न एक दिन बदलना पड़ेगा-
मौत जब तुझको बुलायेगी-
छोडके इसे जाना पड़ेगा-
जिन्दगी एक किराये का घर है...

Posted on: Sep 10, 2016. Tags: SONG VICTIMS REGISTER VIKAS KUMAR DUBEY

Worked under NREGA for Forest dept 4 months back, waiting for wages...

Krishna Kumar is calling from Pampapur village in Surguja district in Chhattisgarh where he is talking to some laborers who say that more than 40 of them worked for Forest department under NREGA for road construction for more than a month in June 2016. They were offered Rs 200 per day but it is more than 4 months and they are waiting for payments. They were given a token amount of Rs 1600 each so far. You are requested to call Beat Guard@9826152413 and Forest officer@9753523525. Krishna Kumar@8225825993

Posted on: Sep 10, 2016. Tags: FOREST KRISHNA KUMAR NREGA SONG VICTIMS REGISTER

अक्षर से लगलबा सनेइया सजन हमरा...साक्षरता गीत

अंतरराष्ट्रीय साक्षरता दिवस के अवसर पर सुनील कुमार मालीघाट जिला-मुजफ्फरपुर (बिहार ) से एक गीत सुना रहें हैं:
अक्षर से लगलबा सनेइया सजन हमरा-
साक्षर करा दो न साक्षर करा दो हमारा-
कजरा कजरोटा हमरा मन हो न भावे-
कोपिया पेन्सिल ला दो सजन हमरा-
अक्षर से लगलबा सनेइया सजन...

Posted on: Sep 09, 2016. Tags: SONG SUNIL KUMAR VICTIMS REGISTER

दुनिया गाएगी नया तराना जरुर : अंतरराष्ट्रीय साक्षरता दिवस के अवसर पर गीत

अंतरराष्ट्रीय साक्षरता दिवस के अवसर पर सुनील कुमार एक गीत सुना रहें हैं :
आएगा नया जमाना जरुर-
दुनिया गाएगी नया तराना जरुर-
गुलशन बनाएंगे हम उन विरानो को-
रोशन करेंगे हम बुझते चिरागो को ,आएगा...
अपने वतन की हम इज्जत बढ़ाएंगे-
धरती को एक दिन जन्नत बनाएंगे,आएगा...
फिर से सजाएंगे उजड़ती बहारों को-
और फिर हंसाएंगे रोती फिजाओं को, आएगा...

Posted on: Sep 09, 2016. Tags: SONG SUNIL KUMAR VICTIMS REGISTER

रह गेली हम त गमार बज्जिका काहे न सिखओल...बज्जिका भाषा में गीत

मालीघाट, जिला-मुजफ्फरपुर (बिहार) से सुनील कुमार उस इलाके में बोली जाने वाली बज्जिका भाषा में गीत सुना रहे हैं:
रह गेली हम त गमार बज्जिका काहे न सिखओल-
बज्जिका के करबई श्रृंगार, बज्जिका काहे न पढ़ोओल-
हिन्दी इंगलिश खूब सिखाओल-
सब भाषा के मरम बतोओल-
बज्जिका में करबई बिहार...
भेल जनगणना त मुँह ठिकिअओल-
बुरबक बताह सन घंटी डोलओल-
टैम न गमायब बेकार...
बज्जिका के शब्द अर्थ भाव बड़ा निम्मन-
बड़ा ठीक एकर हय रचना व्याकरण-
एकरा से करब खूब प्यार...
एक बज्जिका हय हमर मातृभाषा-
एकरे से पूरत त सब अभिलाषा-
कर एकर जम के प्रचार...

Posted on: Sep 08, 2016. Tags: SONG SUNIL KUMAR VICTIMS REGISTER

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