पारंपरिक गोंडी लोक नृत्य रेला पाटा के बारे में बातचीत...

सीजीनेट जन पत्रकारिता यात्रा आज ग्राम-उमरपाल तीजू,पोस्ट-सिवनी उत्तर बस्तर छत्तीसगढ़ में वीर नारायण शहादत दिवस के उपलक्ष्य में मनाए जा रहे गोंडी संस्कृति महोत्सव में शामिल हुए रेला पाटा दल के अध्यक्ष बैजनाथ जी से बात कर रहे हैं जो बता रहे हैं वे एक साल से रेला पाटा अर्थात रेला संगीत लोकनृत्य समूह चला रहे हैं इनके समूह में 30 लोग हैं जिसमे 16 महिलाएं हैं. पुरुष, महिला, बच्चे सभी इस दाल में इसमें शामिल हैं वाद्य यंत्र में तम्बूरा, मंजीरा, डफली, मांदर आदि का प्रयोग किया जाता है. वाद्ययंत्रों को वे खुद नही बनाते कारीगर से बनवाते हैं वहां पर उनके गाँव के बाहर उनका पहला कार्यक्रम है शादी में भी वे अपना कार्यक्रम करते हैं रेला पाटा गोंडी परंपरा से जुड़ा एक लोक नृत्य है जिसमे लोग समूह में नाचते हैं|

Posted on: Dec 19, 2017. Tags: MAHENDRA SINGH UIKEY SONG VICTIMS REGISTER

सूरज सा चमकूँ मैं चंदा सा चमकूँ मैं...कविता -

ग्राम-कोटपारा, जिला-कांकेर (छत्तीसगढ़) से स्कूल के बच्चे अनिका दुग्गा, जशना कुंजाम, पार्बती कवाची और हरिना नरेटी एक कविता सुना रही है:
सूरज सा चमकूँ मैं चंदा सा चमकूँ मैं-
जगमग-जगमग उज्वल तारो सा चमकूँ मैं-
मेरी अभिलाषा है फूलो से मेह्कुं मैं-
वीरो सा चेह्कुं मैं गुंजन से वह उपवन-
कोयल से कु कु मैं मेरी अभिलाषा है...

Posted on: Dec 19, 2017. Tags: GANESH AAYAM SONG VICTIMS REGISTER

किसान स्वर : तम्बाखू का कीटनाशक दवा के रूप में प्रयोग...

सीजीनेट जन पत्रकारिता यात्रा आज ग्राम पंचायत-गोटुलमुंडा, ब्लाक-दुर्गुकोंदल, जिला-उत्तर बस्तर कांकेर (छत्तीसगढ़) में पहुँची है जहां बाबूलाल नेटी की मुलाक़ात गाँव के आदिवासी किसान धनीराम पद्दा से हुई है जो बता रहे हैं कि बहुत पहले से ही उनके पूर्वज खाने के लिए तम्बाखू का प्रयोग करते हैं लेकिन अब वे तम्बाखू से धान के फसल में होने वाले कीट प्रकोप से बचाने के लिए भी उगाने का प्रयास कर रहे हैं वे प्रयास कर रहे हैं कि किसान तम्बाखू का उपयोग दवा के रूप में भी करे जिससे लोग इसे सिर्फ नशे के रूप में ही ना उपयोग कर दवा के लिए में भी उपयोग करे. इसीतरह एक अश्वगंधा का पौधा भी वे लगाने का प्रयास कर रहे हैं जिसके भी अनेक औषधीय उपयोग हैं. बाबूलाल नेटी@7719930515

Posted on: Dec 19, 2017. Tags: GHANIRAM PADDA SONG VICTIMS REGISTER

रे रे रे रेला रे रे रेला रे रे रेला रे रे रेला...सीजीनेट गोंडी रेला गीत -

तहसील-भानुप्रतापुर, जिला-कांकेर (छत्तीसगढ़) से बस्तीराम नागवंशी सीजीनेट स्वर यात्रा से सम्बंधित एक गोंडी रेला गीत सुना रहे है:
रे रे रे रेला रे रे रेला रे रे रेला रे रे रेला-
बुल्टू रेडियो यात्रा मा नाटे वाता-
समस्या केंजी ले अरे समस्या केंजी ले-
सीजीनेट स्वरा मा नाटे वाता-
सन्देश रिकॉर्ड कियाले-
रे रे रे रेला रे रे रेला रे रे रेला रे रे रेला...

Posted on: Dec 19, 2017. Tags: BASTIRAM NAGWANSHI SONG VICTIMS REGISTER

आपका स्वास्थ्य आपके मोबाइल में : उँगलियों के कतरी (घिनी) रोग का उपचार -

सीजीनेट जन पत्रकारिता यात्रा आज ग्राम-गोटुलमुंडा, पोस्ट-तरईगोटिया, ब्लाक-दुर्गकोंदल, जिला-उत्तर बस्तर कांकेर (छत्तीसगढ़) में पहुँची है जहां बाबूलाल नेटी की मुलाक़ात वैद्य घन्सुराम टेकाम जी से हुई है जो उन्हें कतरी की बीमारी के बारे में बता रहे है, कतरी (घिनी) की बीमारी उंगलियों के बीचो बीच होता है इसमें बहुत दर्द होता है, उसके लिए दवाई थुहा है उसको घोलकर लगाना है और उसके खोल को भी उँगलियों में लगा लेना है और उसके दूध को भी लगाना है और उसके खोल को तीन दिन तक लगा कर रखना है उससे वो बीमारी ठीक हो जाएगी | वे बता रहे हैं कि गाँव देहात में यह आम बीमारी है और इस विधि से वे बहुत से रोगियों का उपचार कर चुके हैं इसमें निश्चित ही आराम होता है

Posted on: Dec 19, 2017. Tags: BABULAL NETI SONG VICTIMS REGISTER

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