एक तुम्ही आधार सतगुरु...भक्ति गीत -
जिला-बडवानी (मध्यप्रदेश) से सुरेश कुमार एक भक्ति गीत सुना रहे है:
एक तुम्ही आधार सतगुरु-
जब तक मिलो न तुम जीवन में-
शांति कहाँ मिले शक्ति मन में-
भोज फिरा संसार सतगुरु-
छा जाता जग में अंधियारा-
सब पाए प्रकाश की धारा-
आते तेरे द्वार सतगुरु-
एक तुम्ही आधार...
Posted on: Jan 01, 2018. Tags: SONG SURESH KUMAR VICTIMS REGISTER
संविधान में आदिवासी गाँवों को अपना राज चलाने का अधिकार दिया है उसे मिलकर हासिल करना है...
ग्राम-बरपटिया, जिला-सूरजपुर (छत्तीसगढ़) से धनसाय मरावी बता रहे है कि पहले ज़माने में इस जगह का नाम गोंडवानालेंड था और गोंडवानालेंड के लोग सांस्कृतिक और नाना प्रकार के सोच-सोचकर इन गाँवो को चला रहे थे और जंगल झाडो में रहा करते थे लेकिन जब से राजनीति पार्टी है तब से आदिवासी मूलनिवासी देशवासी गरीब के गरीब होते गए | आज भी गरीब हो रहे है लूट रहे है देश मूलनिवासी है उनको कुछ नही मिल रहा है और उनके सरगुजा संभाग में गाँव गणराज की स्थापना कर रहे है उसी तरह पुरे छत्तीसगढ़ में भी करना है और अपने हक़ अधिकार को जानना है, संविधान में भी आदिवासी गाँवों को अपना राज चलाने का पूरा अधिकार दिया है उसे हम सब को मिलकर हासिल करना है | मरावी@7354620356
Posted on: Jan 01, 2018. Tags: DHANSAI MARAVI SONG VICTIMS REGISTER
खाय बर मिले जरुर आबे न, तेरे बाड़ी में फरे है सिता अनार...छत्तीसगढ़ी गीत -
नया रायपुर सेक्टर 28, जिला-रायपुर (छत्तीसगढ़) से गोवर्धन राजपूत के साथ में निधि मिश्रा एक गीत सुना रही है:
खायबर मिले जरुर आबे न-
तेरे बाड़ी में फरे है सिता अनार-
खायबर मिले जरुर आऊँ हो-
तोरे बाड़ी में फरे आमा रसदार-
खायबर मिले जरुर आऊं न-
तेरे बाड़ी में फरे है सिता अनार...
Posted on: Jan 01, 2018. Tags: GOVARDHAN RAJPUT SONG VICTIMS REGISTER
वनांचल स्वर : बांस की टोकनी बनाकर रोजी रोटी चलाते है, दिन में एक व्यक्ति 2-3 बना लेते हैं...
ग्राम-पलेवा, ब्लाक-चारामा, जिला-कांकेर (छत्तीसगढ़) में सीजीनेट जन पत्रकारिता यात्रा से बाबूलाल नेटी के साथ में संतराम उइके हैं जो बांस की टोकनी बनाते है और एक दिन 2-3 बना लेते है और एक हफ्ते में 10 से 15 बना लेते है और उसको बाजार में ले जाकर बेचते है और एक टोकनी को लगभग 50 से 70 रू में बेचते है और उसी से अपना रोजी रोटी चलाते है | ये उनके पूर्वज लोग भी बनाते थे तब से परम्परा चली आ रही है | उनके परिवार में कुल तीन लोग है | उनकी सोच है कि अगर सरकार सहायता कर दे तो आगे भी काम करेंगे तो सरकार की सोच होनी चाहिए की उनको बांस उपलब्ध कराये उससे आगे काम कर सके और उनकी रोजी रोटी चल सके : बाबूलाल नेटी@7898022088
Posted on: Jan 01, 2018. Tags: BABULAL NETI SONG VICTIMS REGISTER
नया साल की खुशी में लोगो में है उमंग...कविता -
तमनार, रायगढ़ (छत्तीसगढ़) से कन्हैयालाल पडिहारी नववर्ष पर एक कविता सुना रहे हैं :
नया साल की खुशी में लोगो में है उमंग – कुछ भी नया नही होता फिर भी मचाते है दंगल – वही सोम वही मंगल फिर भी उत्साह लिए – सभी के दिल दिमाग में जोर शोर से मचा है खलबल – 17 से 18 हुवा केवल बदला वर्ष का सन – जन मन में उथल पुथल उमंग से भर उठा वतन...
