गाँव की महिलाओं के लिए स्नानघर का निर्माण गर्मी के समय से चल रहा है अभी तक पूरा नही हुआ...
ग्राम-देवरी, पोस्ट-चंदोरा, जिला-सूरजपुर (छत्तीसगढ़) से कैलाश सिंह पोया बता रहे हैं कि इनके गाँव में हैंडपंप तो है पर नहाने के लिए स्नानघर नहीं है जिससे महिलाओं को बहुत तकलीफ होती है हमारे गाँव में स्नानघर का निर्माण गर्मी के महीने से चल रहा है जिसमे कुछ काम हो चुका है लेकिन पूरा नही हुआ है कुछ मटेरियल ईट, रेत की कमी के कारण काम रुक गया था इसके लिए इन्होने सरपंच को कहा तो ईट की व्यवस्था कर दी गई है लेकिन रेत के लिए सरपंच एक महीने से आश्वासन दे रहे है इसलिए साथी सीजीनेट के साथियों से निवेदन कर रहे हैं कि दिए गए नंबर पर बात कर दबाव बनायें जिससे स्नान घर का निर्माण कार्य पूरा हो सके: सरपंच@7772911742, सचिव@9669148565. पोया@9753553881
Posted on: Oct 14, 2017. Tags: KAILASH SINGH POYA SONG VICTIMS REGISTER
अपना-अपना करो सुधार तभी मिटेगा अत्याचार...कविता
जिला-दन्तेवाडा (छत्तीसगढ़) से कैलाश सिंह पोया एक कविता सुना रहे है:
अधिकार नही कर्तव्य बड़ा होता है-
अपना-अपना करो सुधार तभी मिटेगा अत्याचार-
अपना सुधार संसार सबसे बड़ा सेवा है-
नशा नाश की जड़ है-
कैलाश पोया करे पुकार अपना मन में करो विचार-
आदिवासी के छीने अधिकार फूट डाले नेता सरकार-
कैसे जुड़े आदिवासी तब बने हम मूल निवासी...
Posted on: Oct 12, 2017. Tags: KAILASH SINGH POYA SONG VICTIMS REGISTER
क्या देखे हवे यहिरा बासुरी बजावे...पारम्परिक सुग्गा गीत
ग्राम-देवरी, जिला-सूरजपुर (छत्तीसगढ़) से कैलाश सिंह पोया एक पारम्परिक सुग्गा गीत सुना रहे हैं:
क्या देखे हवे यहिरा बासुरी बजावे-
मोर सुग्गा रे का देखे मन पछताय राजा राम-
गाय भैस देखे बंसिया बजाय-
मोर सुग्गा रे समय देखे मन पछताय-
मोर सुग्गा रे अकाल देखे मन पछताय राजा राम-
कोन बने अहिरा गईया चरावे-
मोर सुवा रे कोन गए पानी ला पियाय-
काहे के दुली बने गईया चराए-
मोर सुग्गा रे समु गए हे पानी ला पियाय-
पानी पियाय के तिखुर चढ़ावे राजा राम-
सुग्गा ला घर मुख गईया ला चढ़ाय...
Posted on: Oct 09, 2017. Tags: KAILASH SINGH POYA SONG VICTIMS REGISTER
हमारे गाँव में हाथी अक्सर फसल का नुकसान करते है जिसका मुआवजा बहुत कम दिया जाता है...
कैलाश सिंह पोया ग्राम देवरी जिला सूरजपुर से बोल रहे हैं कि हमारे गाँव में लगभग रोज हाथी जंगल में इधर-उधर घूमते रहते है पर वनविभाग आजकल कोई टोर्च की भी व्यवस्था नहीं करते है जबकि पहले ये सब देते थे. हाथी अक्सर फसल का नुकसान करते है और घर भी तोड़ देते है पर मुआवजा 700-2500 रू प्रति एकड़ से ज्यादा नहीं देते है. खेती में जो लागत लगाते है वो भी नहीं निकल पाता है तो इनकी मांग है कि मुआवजा को बढ़ाया जाये। इसलिए साथी सीजीनेट सुनने वाले साथियों से मदद की अपील कर रहे है कि इन अधिकारियो को फ़ोन कर दबाव बनाये ताकि इनका मुआवजा बढाया जा सके |वनविभाग के अधिकारी@8889452625, वनविभाग SDO@9824238613. कैलाश सिंह पोया@9753553881.
Posted on: Sep 25, 2017. Tags: KAILASH SINGH POYA SONG VICTIMS REGISTER
जय जंगो जय लिंगो, जल जमीन गोंडवाना का अधीन है...गोंडवाना कविता
ग्राम देवरी, ब्लाक-प्रतापपुर, जिला सूरजपुर (छत्तीसगढ़) से कैलाश सिंह पोया गोंडी धर्म गुरु जंगो -लिंगो के बारे में एक कविता सुना रहे है :
जय जंगो जय लीगों-
जल जमीन और गोंडवाना का अधीन है-
गोडवाना राज लेके रहेंगे-
हमारी भाषा गोड़ी है-
गोंडी है हमारी धर्म गोंडी है-
हमारी संस्कृति गोंडी है...
