स्वास्थ्य स्वर : पुराने बुखार या जीर्ण ज्वर का घरेलू उपचार-

ग्राम-रहेंगी, तहसील-लोरमी, जिला-मुंगेली (छत्तीसगढ़) से वैद्य चंद्रकांत शर्मा पुराने बुखार जिसे जीर्ण ज्वर के नाम से भी जाना जाता है, का घरेलू उपचार बता रहे हैं, जो व्यक्ति इस बीमारी से पीड़ित हैं वे चिरायता, सोंठ, वच, आंवला और गिलोय सभी को बराबर मात्रा में मिलाकर पीस लें और एक-एक चम्मच दिन में तीन बार सेवन करें, इससे आराम मिल सकता है, अधिक जानकारी के लिए दिए गए नंबर पर संपर्क कर सकते हैं: चंद्रकांत शर्मा@9893327457.

Posted on: Sep 16, 2018. Tags: CG CHANDRAKANT SHARMA HEALTH MUNGELI SONG SWASTHYA SWARA VICTIMS REGISTER

स्वास्थ्य स्वर : बांझपन की समस्या का घरेलू उपचार-

ग्राम-रहेंगी, तहसील-लोरमी, जिला-मुंगेली (छत्तीसगढ़) से वैद्य चंद्रकांत शर्मा बांझपन की समस्या का घरेलू उपचार बता रहे हैं, कुछ महिलाओ को शारीरिक कमी या कमजोरी के कारण संतान नही होता, तो वे एक चम्मच असगन का चूर्ण और एक चम्मच देशी घी दोनों को मिश्री मिले दूध के साथ मासिक धर्म के छठवे दिन से पूरे माह सेवन करने से लाभ हो सकता है, दवा का सेवन दिन में एक बार सुबह खाली पेट करना है, अधिक जानकारी के लिए दिए गए नंबर पर संपर्क कर सकते हैं : चन्द्रकान्त शर्मा@9893327457.

Posted on: Sep 16, 2018. Tags: CG CHANDRAKANT SHARMA HEALTH MUNGELI SONG SWASTHYA SWARA VICTIMS REGISTER

स्वास्थ्य स्वर : दस्त और पेट मरोड़ का घरेलू उपचार-

ग्राम-घोंघा, थाना-बोडला, जिला-कबीरधाम (छत्तीसगढ़) से वैद्य भगतराम लांजित
पेचिस और पेट मरोड़ का घरेलू उपचार बता रहे हैं, तुलसी पत्ता 2 मासा, आंवला का चूर्ण 4 मासा, काला नमक और मिश्री आवश्यकतानुसार सभी को आधा पाव दही में मिलाकर सेवन करने से लाभ मिल सकता है, बच्चो को आधा-आधा चम्मच दिन में तीन बार और बड़ो को 2-2 चम्मच दिन में तीन बार सेवन करना है, अधिक जानकारी के लिए दिए नंबर पर संपर्क कर सकते हैं : संपर्क नंबर@7389964276.

Posted on: Sep 10, 2018. Tags: BHAGATRAM LANJIT CHHATTISGARH HEALTH KABIRDHAM SONG SWASTHYA SWARA VICTIMS REGISTER

कुर्वन मैदान बीमारी करबे ते वांता...गोंडी स्वास्थ्य गीत

ग्राम-केशलापुर, जिला-कुमरम भीमू (तेलंगाना) से भान साहू के साथ स्कूल की छात्रा पद्मा स्वास्थ्य से जुडी एक गोंडी गीत सुना रही है:
कुर्वन मैदान बीमारी करबे ते वांता-
पीनी अडकी बाने वानता-
वाये हूढे कोढ़ी तेके वांता-
लोन रचा मावा चकोट इराना-
लोतोर पोंगी विशिंग आयवका सुडाना-
तेने आतला इनु माँ-
बाई दवा अना वोयाना-
तेने आतला इनु माँ-
बाई दवा अना वोयाना...

Posted on: Sep 09, 2018. Tags: BHAN SAHU GONDI HEALTH KUMRAM BHEEMU SONG TELANGANA

स्वास्थ्य स्वर : तालमखाना या अश्वगंधा के पौधे का औषधीय गुण-

जिला-टीकमगढ़, (मध्यप्रदेश) से वैद्य राघवेन्द्र सिंह राय आज हमें तालमखाना या अश्वगंधा के पौधे का औषधीय गुण बता रहे है कि तालमखाना के पत्तो को पीसकर के लेप करने से संधि शूल (जोड़ो के दर्द) में लाभ होता है ताकत बढ़ाने के लिए तालमखाना के बीज और कौंच के बीज दोनों को पीसकर के चूर्ण बना ले और 1 चम्मच चूर्ण 1 चम्मच मिश्री के साथ मिला करके सुबह शाम सेवन करे चूर्ण खाने के बाद ऊपर से 1 गिलास दूध पी ले इससे बल पाप्त होगा लेकिन कौंच का बीज मिलाने से पहले उसको गाय के दूध में उबाल ले और बीज का छिलका निकाल कर पीसकर मिलाएं | राघवेन्द्र सिंह राय@9424759941.

Posted on: Sep 08, 2018. Tags: HEALTH MP RAGHVENDRA SINGH RAI SONG SWASTHYA SWARA TIKAMGARH VICTIMS REGISTER

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