चंदानी सावरी हो गयी है, राधिका बावरी हो गयी है...भजन गीत-
जिला-सूरजपुर (छत्तीसगढ़) से छाया देवांगन एक भजन सुना रही है :
कान्हा रे रे रे...कान्हा रे...-
चंदानी सावरी हो गयी है, राधिका बावरी हो गयी है-
आज कान्हा के होंठो से छूकर जिंदगी बासुरी हो गयी है-
आज हरसे पे छाई जवानी, ओ मिले तो मिले जिंदगानी-
आज तन पे चंदन महकने लगा है, ओठ बोले सावरिया-सावरिया-
आज कान्हा के होंठो से छूकर जिंदगी बासुरी हो गयी है-
आज दर्पण मीत अपना, आज गुडिया सखी हो गयी है...
Posted on: Jul 01, 2018. Tags: CHHAYA DEVANGAN SONG VICTIMS REGISTER
इस दीवाली कुछ ऐसा हो जब दिल में हो उमंग, मन में हो विश्वास...
कानपुर, उत्तरप्रदेश से के. एम. भाई दीपावली के शुभ अवसर पर स्वरचित कविता का पाठ कर रहे हैं:
इस दीवाली कुछ ऐसा हो जब दिल में हो उमंग, मन में हो विश्वास-
आँखों से झलके प्यार, हल्की सी मुस्कान से हो सबका दीदार-
न रंग का न रूप का हो गुमान, धर्म से भी ना हो कोई वास्ता-
जाति का भी ना कोई रास्ता, ना मेरा एक हो ना तेरा दो-
ना दुःख हो ना रंज, बस एक ही अरमां-
कि एक चिराग से तेरा भी घर रोशन हो-
और मेरे घर में भी प्रकाश हो...
Posted on: Jul 01, 2018. Tags: KM BHAI SONG VICTIMS REGISTER
आओ मिलकर भारत को हम सुन्दर देश बनाएं...देशभक्ति गीत
ग्राम-मालेघाट, जिला-मुजफ्फरपुर, बिहार से सुनील कुमार एक देशभक्ति गीत प्रस्तुत कर रहे हैं:
आओ मिलकर भारत को हम सुन्दर देश बनाएं-
गांधी, नेहरू, लाल बहादुर जैसे दीप जलाएं-
कौन है हिन्दू, कौन है मुस्लिम, कौन है सिख-ईशाई-
सब हैं भारत माँ के बेटे, सब हैं भाई-भाई-
आओ मिलकर नील-गगन में खुशियों के दीप जलाएं-
सपना हो साकार सभी के, भारत माँ हो राजी-
चैन-शान्ति मिले सभी को पंडित हो या काजी-
रौशनी फैलाएं धरा पर ऐसा दीप जलाएं-
गांधी, नेहरू, लाल बहादुर जैसे दीप जलाएं...
Posted on: Jun 30, 2018. Tags: SONG SUNIL KUMAR VICTIMS REGISTER
कभी राती के तो देखो ना तोरे सुरतिया...नागपुरी गीत
पारसापारा, ग्राम-ओदारी, तहसील-वाड्रफनगर, पोस्ट-कालाबरती, थाना-चलगली,
जिला-बलरामपुर (छत्तीसगढ़) से चंदरसाय एक नागपुरी गीत सुना रहे हैं :
कभी राती के तो देखो ना तोरे सुरतिया-
दिने का डूईब गेले चांदो-
डूब के पूछो न गोटे डहर खोजो ना-
कहा गे तो चईल गेले चांदो-
तीन महीना बीतल, बीतल छव माह-
अब तो रे चांदो रहलो नी जाये...
Posted on: Jun 30, 2018. Tags: CHANDARSAI BALRAMPUR SONG VICTIMS REGISTER
ये दाई दाऊ घर रहत रही ये कोरचिरे पाटी मारे...सरगुजिहा गीत
ग्राम-शंकरपुर, पोस्ट-सोनगरा, जिला-सूरजपुर (छत्तीसगढ़) से श्यामपती श्यामले एक सरगुजिया गीत सुना रहे हैं:
हे दाई दादा रहत रही ये कोती रे पति मारे-
ये कोती रे पति मारे ससुरार गयन रे रवाना तो तदा से-
ये नई ठ्को लोलो रे रवाना खोता डासे-
ये सरगुजा डबरा में ये कोटरी हर पानी पिए-
ये कोटरी हर पानी पियेल रहल सारे कोटरी बंदुकी लान देले-
ये दाई दाऊ घर रहत रही ये कोरचिरे पाटी मारे...
