सूरज आज बरसा रही है अपना सारी आग...कविता-
ग्राम-तमनार, जिला-रायगढ़ (छत्तीसगढ़) से कन्हैयालाल पड़ियारी एक कविता सुना रहे हैं:
सूरज आज बरसा रही है अपना सारी आग-
इतने दिनो सो रहा था, मनो गया है आज जाग-
लगता है जला डालेगा, धरती का कोना कोना-
नहीं छोड़ेगा शायद एक भी सुंदर सलोना-
नदी, नाला, ताल, तलईया, सबको सुखा कर ही मानेगा-
जीव, जन्तु सभी को रुला कर ही मानेगा...
Posted on: May 09, 2019. Tags: CG KANHAIYALAL PADIYARI POEM RAIGARH SONG VICTIMS REGISTER
कश्मीर हमारी है, हमारा ही रहेगा...कविता- Edited
ग्राम-तमनार, जिला-रायगढ़ (छत्तीसगढ़) से कन्हैयालाल पड़ियारी एक कविता सुना रहे हैं:
कश्मीर हमारी है, हमारा ही रहेगा-
पाकिस्तानी कुछ भी कर लो, तुम्हारा नहीं चलेगा-
शर्म नहीं आता यहां सुवर के बच्चे भेजते हैं-
भून कर रख देंगे जो हमसे लोहा लेते हैं-
कुछ तोह शर्म करो, हम तुम्हारे पडोसी है-
पडोसी ही पडोसी का मदद करता है...
Posted on: May 08, 2019. Tags: CG KANHAIYALAL PADIYARI POEM RAIGARH SONG VICTIMS REGISTER
माँ मुझे भी एक लाठी दे दो, आगे को बढ़ जाऊंगा...कविता-
ग्राम-तमनार, जिला-रायगढ़ (छत्तीसगढ़) से कन्हैयालाल पड़ियारी एक कविता सुना रहे हैं:
माँ मुझे भी एक लाठी दे दो, आगे को बढ़ जाऊंगा-
सरहद पर जा कर आतंकियों को मार भगाऊंगा-
डटा रहूँगा जब तक, उन्हें मार न गिराऊं-
गिन गिन कर बदला लूंगा उनसे-
उनके लहु से अपना प्यास बुझाऊँ-
वो हत्यारे आँख दिखाते, उनसे लोहा डटकर लेना है-
उनके बुरे मनसूबो को, पानी पानी कर देना है...
Posted on: May 08, 2019. Tags: CG KANHAIYALAL PADIYARI POEM RAIGARH SONG VICTIMS REGISTER
पाकिस्तान का जरा-जरा कांप उठेगा, हम भी धरती के लाल...कविता-
ग्राम-तमनार, जिला-रायगढ़ (छत्तीसगढ़) से कन्हैयालाल पड़ियारी एक कविता सुना रहे हैं:
पाकिस्तान का जरा-जरा कांप उठेगा, हम भी धरती के लाल-
नहीं डरेंगे उनसे हम, अपनी मर्यादा रखें हैं संभाल-
लोहा उनसे ले लेंगे, जो हमसे गद्दारी करते हैं-
नहीं छोड़ेंगे हम उनको जो हमसे जलते हैं-
दम ख़म हम मे भी है, चूड़ियां हम नहीं पहने हुए हैं-
सारी हेकड़ी तोड़ के रख देंगे, जो बुरी नज़र हम पे रखते हैं...
Posted on: May 08, 2019. Tags: CG KANHAIYALAL PADIYARI POEM RAIGARH SONG VICTIMS REGISTER
स्वास्थ्य स्वर : सिकलिन या सिकल-सेल बीमारी के लक्षण और घरेलू उपचार-
प्रयाग विहार, मोतीनगर, रायपुर (छत्तीसगढ़) से वैद्य एच डी गांधी सिकलिन या सिकल-सेल बीमारी के लक्षण बता रहे हैं| खून की कमी होना, शरीर सफेद दिखाई देना, जल्दी थक जाना, सांस फूलना, चिडचिडा होना, खान पान में रूचि न होना, हांथ पैर की उंगलियों और जोड़ो में दर्द होना, लीवर का बढ़ जाना| इस तरह की समस्या हो रही हो तो सिकलिन की बीमारी हो सकती है| परिवार के अन्य सदस्यों में होने से भी हो सकती है| यदि इसके लक्षण दिखे, तो खून की जांच करायें|
घरेलू उपचार : एलोवेरा या गवार पठा का रस 50 ग्राम, गुड़ 10 ग्राम, हल्दी 5 ग्राम, अदरक 5 ग्राम सभी को मिलाकर भोजन के बाद सेवन करें| लगातार 3 माह तक सेवन करने से लाभ हो सकता है| खाने में मुनगा, आवला, खट्टा आम, इमली, पालक, आयरन युक्त पदार्थ का प्रयोग न करें| एक मुट्ठी अंकुरित चना नास्ते में सेवन करें| अधिक जानकारी के लिये संपर्क कर सकते हैं : एच डी गांधी@9111061399.
