राजा पठार बालोद छत्तीसगढ़ में वीर नारायण मेला धीरे धीरे अब एक प्रमुख आकर्षण बनता जा रहा...
सीजीनेट जन पत्रकारिता जागरूकता यात्रा आज वीर मेला में पहुँची है जो राजा पठार जिला-बालोद (छत्तीसगढ़) में चल रही है वहां से गणेश सिंह आयाम मेले में आये स्थानीय बुजुर्ग निवासी रामाराम जी से चर्चा कर रहे हैं वे बता रहे है वीरमेला, शहीद वीर नारायण सिंह को श्रद्धांजलि के रूप में 3 दिवसीय मनाया जाता है जो विगत 5 साल से चल रहा है, इससे पूर्व इतनी भीड़ नही लगती थी जितनी इस वर्ष है मेले में छत्तीसगढ़ के हर जिले से यात्री आते हैं सांथ ही मध्यप्रदेश, उड़ीसा, राजस्थान आदि अलग-अलग राज्य से भी लोग अब आने लगे हैं वहां पर हर चीज कि दूकाने झूला, मिठाई आदि सभी साधन यात्रियों के लिए उपलब्ध रहती है. काफी चहल पहल रहता है |
Posted on: Dec 12, 2017. Tags: GANESH SINGH AYAM SONG VICTIMS REGISTER
लहरों से डरकर नौका पार नही होती, कोशिश करने वालों की कभी हार नही होती...कविता-
ग्राम-मांझीपदर, जिला-दन्तेवाड़ा (छतीसगढ़) से गणेश सिंह आयाम हरिवंशराय बच्चन की एक कविता सुना रहे हैं:
लहरों से डरकर नौका पार नही होती-
कोशिश करने वालों की कभी हार नही होती-
नंही चींटी जब दाना लेकर चलती है-
चड़ती दीवारों पर सौ बार फिसलती है-
मन का विश्वास रगो में साहस भरता है-
चढ़कर गिरना गिरकर चढ़ना ना अखरता है-
आखिर उसकी मेहनत बेकार नहीं होतीं ...
Posted on: Nov 30, 2017. Tags: GANESH SINGH AYAM SONG VICTIMS REGISTER
जागो जागो जी किसान खेत जाबो काटे धान...छत्तीसगढ़ी खेती गीत -
ग्राम-रक्सा, पोस्ट-फुनगा, विकासखंड-जैतहरी, जिला-अनूपपुर (मध्यप्रेदश) से गणेश सिंह आयाम खेती से संबंधित एक छत्तीसगढ़ी गीत सुना रहे हैं :
जागो जागो जी किसान खेत जाबो काटे धान-
अंगना मा भईया बोलथे चिरैया – उठ के बिहनिया ले करबो काम बूता – दिन निकलत ले भईया तुमन झन सूता – बेरा निकलत ले भईया तुमन झन सूता – नोनी बाबु के अम्मा घलो जाही खेत मा – बासी रोटी धर के आही ओहा लेट मा...
Posted on: Nov 09, 2017. Tags: GANESH SINGH AYAAM SONG VICTIMS REGISTER
हमारा गाँव जिला मुख्यालय से 20 किमी दूर है पर हमारा जीवन अधिकतर जंगल पर ही निर्भर है...
सीजीनेट जन पत्रकारिता यात्रा आज ग्राम-बड़े कमेली, जिला-दन्तेवाड़ा (छत्तीसगढ़) पहुँची है वहां से यात्रा के ढोलक वादक साथी गणेश सिंह आयाम गाँव के आदिवासी निवासी विजय कुमार तामो के सांथ बात कर रहे हैं जो बता रहे हैं कि उनका गांव जिला मुख्यालय से 20 किलोमीटर की ही दूरी पर है और ये गांव जंगल के बीच बसा है गांव जंगल में रहने से इन्हें वन वनस्पतियों का लाभ प्राप्त होता है जंगल से जो फूल, पत्तियां, फल मिलती है वे बता रहे हैं कि इसी से गांव के अधिकतर लोग अपना जीवन यापन करते हैं गांव के लोग वनस्पतियों की जानकारी भी रखते हैं और उनका औषधीय उपयोग भी कर एक शांतिपूर्ण जीवन जीने का प्रयास करते हैं...गणेश सिंह आयाम@8602008444
Posted on: Nov 07, 2017. Tags: GANESH SINGH AAYAM DANTEWADA SONG VICTIMS REGISTER
इरु निगो गोहक तिन्दाना मुठे मुड़े कियाना...गोंडी किसानी गीत-
ग्राम -जोडिया बाड़म विकासखंड-गीदम, जिला-दंतेवाड़ा (छत्तीसगढ़ ) से कुन्ती कश्यप एक गोंडी गीत सुना रही है जिसमें खेती के बारे में जानकारी दे रहे है:
इरु निगो गोहक तिन्दाना मुठे मुड़े कियाना-
ताड़ी याचाना चक भूम चक भूम-
मुने-मुने,मुने-मुने दाया कालरा-
गुरूजीड वातोड़ राले गुरूजीड राले-
दायोट रा स्कूल रा इरु-इरु बो फेह्क वालू-
यायो बाबुर बिन्दिर बोरा, यायो बाबुर बिन्दिर बोरा...




