ये दे जिंदगी के नई आय ठिकाना ठिकाना गा संगी...छत्तीसगढ़ी गीत-
ग्राम-तमनार, जिला-रायगढ़ (छत्तीसगढ़) से कन्हैयालाल पड़ियारी एक छत्तीसगढ़ी गीत सुना रहे हैं :
ये दे जिंदगी के नई आय ठिकाना ठिकाना गा संगी-
अनी बानी के रोग आगे-
मुश्किल होगे जीना गा संगी-
ये दे आनी बानी के रोग आगे-
खार-खार मा खोजे ला संगी, किसिम-किसिम के खाना...
Posted on: Mar 16, 2019. Tags: CG KANHAIYALAL PADIYARI RAIGARH SONG VICTIMS REGISTER
कंपनी ने बिना मुआवजा दिये, भूमि मालिक के हस्ताक्षर के बिना भूमि पर कब्ज़ा किया...मदद की अपील-
ग्राम-तमनार, जिला-रायगढ़ (छत्तीसगढ़) से राजेंद्र गुप्ता बता रहे हैं उनके इलाके में सन 2004 में जिंदल पावर लिमिटेट का 1 हजार मेगावाट का प्लांट स्थापित किया गया था| जिसमे कई सौ एकड़ जमीन को अर्जित किया गया है| और जो भूमि बच है| आदिवासियों की भूमि है| उस पर अपने कर्मचारियों के नाम से भू मलिकों को धोखा देकर बिना हस्ताक्षर के अपने प्लांट में शामिल कर लिया गया है| भूमि मालिक बैसाखू और रत्थो का कहना है| बिना उनके हस्ताक्षर के जिस भूमि पर कंपनी द्वारा कब्ज़ा कर लिया गया है| उसका मुवावजा दे| उन्होंने अपने स्तर से अधिकारियों के पास आवेदन किया, लेकिन उस पर कोई कारवाही नहीं हो रही है| इसलिए वे सीजीनेट के साथियों से अपील कर रहे हैं कि दिये गये नंबरों पर बात कर भूमि का मुआवजा दिलाने में मदद करें : SDM@942554200, विधायक@9406491777. संपर्क नंबर@9993891275.
Posted on: Mar 16, 2019. Tags: CG PROBLEM RAIGARH RAJENDRA GUPATA SONG VICTIMS REGISTER
तुझे मै क्या चढाऊं भगवान, अगर मै दूध चढ़ाता हूँ, तो वो बछड़े का जूठा है...गीत-
ग्राम-पहाड़िया, पोस्ट-उसरा, जिला-सताना (मध्यप्रदेश) से संतोष कुमार धावी एक भक्ति गीत सुना रहे हैं:
तुझे मै क्या चढाऊं भगवान,
अगर मै दूध चढ़ाता हूँ, तो वो बछड़े का जूठा है-
अगर मै फूल चढ़ाता हूँ, तो वह भवरे का जूठा है-
अगर मै जल चढ़ाता हूँ, तो वो मछली का जूठा है-
तुझे मै क्या चढाऊं भगवान, तुझे मै क्या चढाऊं भगवान...
Posted on: Mar 16, 2019. Tags: MP SANTOSH KUMAR DHAVI SATNA SONG VICTIMS REGISTER
हांथी आया झूम के धरती माँ को चूम के...बाल कविता-
जिला-बलरामपुर (छत्तीसगढ़) से लालू एक बाल कविता सुना रहे हैं:
हांथी आया झूम के धरती माँ को चूम के-
टांगे उसकी मोटी है, आंखे उसकी छोटी है-
लम्बे पत्ती खाती है, लम्बे सूड हिलाती है-
सूपा जैसे उसके कान, देखो देखो उसकी शान...
Posted on: Mar 15, 2019. Tags: BALRAMPUR CG LALU POEM SONG VICTIMS REGISTER
रूप रंग भाखा के, ले नई आय चिन्हारी, कौवा भी काली-काली, कोयल भी काली...कविता-
ग्राम-तमनार, जिला-रायगढ़ (छत्तीसगढ़) से कन्हैयालाल पड़ियारी एक कविता सुना रहे हैं :
रूप रंग भाखा के, ले नई आय चिन्हारी-
कौवा भी काली-काली, कोयल भी काली-
कोयल के बोली हवे सबसे निराली-
कौवा के करकस बोली, मारत हवे ठिठोली...
