अंग्रेजी दारू पे लगा दो नोटा...कविता-
ग्राम-तमनार, जिला-रायगढ़ (छत्तीसगढ़) से कन्हैयालाल पढ़ीयारी एक कविता सुना रहे हैं:
जहाँ देखा मैंने लोटा वही मैंने घोटा-
बेडी भी हो मोटा मोटा-
जहाँ देखा चिलम वही मैंने सोंटा-
अंग्रेजी दारू पे लगा दो नोटा-
फिर भी मिल जाये दारू छोटा मोटा-
पीकर मैंने इधर उधर लोटा-
किसी ने आकर मुझे सोंटा-
फिर भी मै नहीं हुआ छोटा...
Posted on: Feb 24, 2020. Tags: CG KANHAIYALAL PADIYARI POEM RAIGARH SONG VICTIMS REGISTER
गाँव में पानी की समस्या है 2 किलोमीटर दूर से पानी लाते है...
ओझापारा, ग्राम पंचायत-लखापुरी, ब्लाक, जिला-कोंडागांव (छत्तीसगढ़) से घसनी बाई, माला बाई और गनेश्वरी बता रही हैं कि उनके गाँव में पानी की समस्या है वे 2 किलोमीटर दूर नदी से पानी लाते हैं, इस समस्या को हल कराने के लिये उन्होंने अधिकारियों के पास आवेदन किया लेकिन कोई सुनवाई नहीं हो रही है इसलिये वे सीजीनेट के श्रोताओ से अपील कर रहे हैं कि दिये नंबरों पर बात कर समस्या को हल कराने में मदद करें : सचिव@7828077644, CEO@7247497636, कलेक्टर@9425598888. संपर्क नंबर / फूलचंद नेताम@8103550277.
Posted on: Feb 24, 2020. Tags: BABULAL NETI CG KONDAGAON PROBLEM SONG VICTIMS REGISTER
पिहा पिहा गोहराय...गीत-
ग्राम-देवरी, थाना-चंदौरा, ब्लॉक-प्रतापपुर, जिला-सूरजपुर (छत्तीसगढ़) से एक फागुन खेमटा गीत सुना रहे हैं :
पिहा पिहा गोहराये रे, काकर पिहा घरे पिरिहाय-
काकर पिहा हाय, जंगल तो पतेरा जाये-
काकर पिहा घरे फिरियाय-
पछी चरैया पिहा, जंगल पतेरा जाये-
मनवा कर पिहा, सुरता करके करे फिरियाय-
पिहा पिहा गोहराय...
Posted on: Feb 24, 2020. Tags: CG KAILAS POYA SONG SURAJPUR VICTIMS REGISTER
भारत माता के बेटे हम चलते सीना तान के...कविता-
ग्राम-लखापुरी, जिला-कोंडागांव (छत्तीसगढ़) से उषा एक कविता सुना रही हैं:
भारत माता के बेटे हम चलते सीना तान के-
धर्म अलग हो जाति अलग हो और अलग हो भाषा-
पर्वत सागर तट वन मरुस्थल और मैदान से हम आयें-
फौजी वर्दी में हम सबसे पहले हिंदुस्तान के-
भारत माता के बेटे हम चलते सिना तान के...
Posted on: Feb 24, 2020. Tags: CG POEM SANBATI DUGGA SONG VICTIMS REGISTER
स्वास्थ्य स्वर : वात रोग का घरेलू उपचार...
ग्राम-जुबानी कलार, विकासखण्ड-फरसगांव, जिला-कोंडागांव (छत्तीसगढ़) से वैद्य रामप्रसाद निषाद वात रोग का घरेलू उपचार बता रहे हैं, हल्दी, मेथी और सोंठ को बराबर मात्रा में मिलाकर चूर्ण बना लें और दूध या पानी में गर्म कर सुबह शाम खाली पेट सेवन करें, दूसरा काला तिल और जीरा दोनों को बराबर मात्रा में लेकर अधकुटा कर सुबह शाम एक एक चम्मच खाली पेट गर्सेम पानी के साथ सेवन करने से बीमारी में आराम मिल सकता है, तीसरा निर्गुन्डी पत्ता और उग्रगंधा पत्ता का काढ़ा बनाकर सुबह शाम खाली पेट 10-10 ml सेवन करने से बीमारी में आराम मिल सकता है,
मिर्च, मसाला, तेल कम खायें, खटाई, बैगन, भिण्डी का सेवन न करें, ठण्डी से बचें, फ्रीज का पानी का सेवन न करें : संपर्क नंबर@9993763732, 6264351041.
