तोरे सुरता हा आथे मोला, जब दिहे अंगूठी मोला-
ग्राम-ताराडांड, जिला-अनूपपुर (मध्यप्रदेश) से संतलाल एक छत्तीसगढ़ी गीत सुना रहे हैं:
तोरे सुरता हा आथे मोला, जब दिहे अंगूठी मोला-
जिवरा धक-धक, लक-लक लागे ओ-
जब गरी मार पड़े तोला-
का जानो की को आ जाही, खूबय भाग जथो-
एक बोटल दारू के चक्कर मा ही तोला रोवाथो...
Posted on: Mar 24, 2019. Tags: ANUPPUR MP SANTLAL SONG VICTIMS REGISTER
रग रैली हो पत रैली हो,रग रैली हो पत हो
ग्राम- लूडो टोला, ग्राम- पंचायत- कामगार-जिला-कबीरधाम (छत्तीसगढ़) से गुतलू राम पन्द्रह एक गीत सुना रहे है:
रग रैली हो पत रैली हो,रग रैली हो पत हो
मन मोहनी रानी मोर त रैली हो-माया मा तैय बांध ना रे ना – हाय-हाय-हाय माया मा तैय बांध डारे ना-
तोर माया मा हो गये दीवाना जन तैय तरसना – गुतलू नाम है मोर रानी कोजत-कोजत आ जाना-
तोर माया मा हो गये दीवाना जन तैय तरसना -
Posted on: Nov 06, 2018. Tags: GUTLU PNDRAH RAM SONG VICTIMS REGISTER
अरे पकड़ मा आ गए कन्हैया हो ग्वालिन के हाँथ...होली गीत-
जिला-अनूपपुर (मध्यप्रदेश) से संतलाल सरलहरी एक होली गीत सुना रहे हैं :
अरे पकड़ मा आ गए कन्हैया हो ग्वालिन के हाँथ- रोज दूध दही चुरामय- सुदामा के सांथ रोज दूध दही चुरामय- बंसी बजामय, गाय चरामय, नदी किनारे जमुना के हो- अपन जनम मा रास रचामय, मटका फोड़ गगरी मा हो...
Posted on: Nov 05, 2018. Tags: ANUPPUR MP SANTLAL SARHARI SONG VICTIMS REGISTER
42 साल से कब्ज़ा कर रह रहे हैं, हमें आज तक भूमि का पट्टा नहीं मिला..
ग्राम-धुमाडांड, ब्लाक-प्रतापपुर, जिला-सूरजपुर (छत्तीसगढ़) से सोहितलाल कुसवाहा बता रहे हैं, वे 42 साल से वहां पर कब्ज़ा कर निवास कर रहे हैं, लेकिन अभी तक उन्हें भूमि का पट्टा नही मिला है, वे कई बार आवेदन कर चुके हैं, अधिकारियों का कहना है, पट्टा के लिए तीन पीढ़ी से निवासरत होना चाहिए, इसलिए वे सीजीनेट के सांथियो से अपील कर रहे हैं कि दिए गए नंबरो पर अधिकारियों से बात कर भूमि का पट्टा दिलाने में मदद करें : कलेक्टर@9425587142, 7775266117. संपर्क नंबर@9285158411.
Posted on: Oct 13, 2018. Tags: ) CG KUSVAHA PROBLEM SOHITLAL SONG SURAJPUR VICTIMS REGISTER
ते ना ना मोर नानो रे ये नानो रे...गोंडी गीत-
ग्राम-तोडहुर, पंचायत-हनुमानपुर, तहसील-पखांजूर, जिला-उत्तर बस्तर कांकेर (छत्तीसगढ़) से सुरेश कुमार कतलामी अपने साथी जैनी गावड़े के साथ परलकोट क्षेत्र की एक गोंडी गीत सुना रहे हैं :
ते ना ना मोर नानो रे ये नानो रे-
ये डाबुंग डाडूयडीयड नुग नुवाडियल पीटे संगे-
देख के चले मायो जो नुग नुवाडियल पीटे संगे-
पुरके तेता पंजू जो नुग नुवाडियल पीटे संगे...
