कहानी...
जिला-राजनांदगांव (छत्तीसगढ़) से विरेन्द्र गन्दर्व कहानी सुना रहे है, एक पेड़ के नीचे चार व्यक्ति बैठे थे, एक था पंडित, दुसरा मौलवी,मुस्लमान, तीसरा पहलवान, चौथा दुकानदार उसी पेड़ चार पक्षी बैटे थे, चारो पक्षी आपस में बात कर रहे थे, अपनी भाषा में पंडित ने कहा मैं जानता हूँ, ये पक्षी क्या बोल रहे है, राम लक्ष्मण दशरत तो मौलवी ने कहा, नही अल्ला मिया हजरत, तो पहलवान ने कहा दण्ड बैठक कसरत, तो दुकानदार कहता है, अरे नही ये कहते है तुम कुछ नही जानते में जानता हू, धन्या, मिर्ची, अदरक, अब चारो आपस में बहस करने लगे, बहस करते-करते बात बड गयी,तिल का ताड़ राई का पहाड़ हो गया, तो आपस में मार पिट होने लगा तो दोस्तो कई सालो से होता आया है, सब अपनी-अपनी बातो पर अड़े रहते है, कोई किसी का सुनता नही, तो हमें एकता और प्रेम बनाये रखना चहिये, चाहे कोई कुछ भी बोले, हम सब मानव है, तो मानव की तरह रहे, फिर संसार को स्वर्ग बनने में देर नही लगेगी| सम्पर्क नम्बर @9098921436.(RM)
Posted on: Feb 18, 2021. Tags: STORI
माता जकी पार्वती,पिता महादेवा...गणेश जी आरती-
जिला-मधुबनी (बिहार) से दीपक कुमार गणेश जी कीआरती सुना रहे हैं:
जय गणेश जय गणेश जय गणेश देवा-
माता जकी पार्वती,पिता महादेवा-
एक दन्त दया बन्त चार भुजा धारी-
मस्तक सिंदूर सोहे मूस की सवारी-
पान चढ़े फूल चढ़े और चढ़े मेवा-
लड्वन की भोग लगे संत करे सेवा-
जय गणेश जय गणेश जय गणेश देवा...(AR)
Posted on: Feb 18, 2021. Tags: BHAKTI SONG
निमिया गछिया न...भजन-
गाजीपुर (उत्तर प्रदेश) से सनोज यादव एक भजन सुना रहे हैं, “निमिया गछिया न” | अपने संदेशो को रिकॉर्ड करने के लिये 08050058000 पर मिस्ड कॉल कर सकते हैं|(AR)
Posted on: Feb 18, 2021. Tags: GAJIPUR SANOJ YADAV SONG UP
सरस्वती दाई सुनले मोर विनती...सरस्वती वंदना गीत-
जिला-जांजगीर चापा (छत्तीसगढ़) से सम्पत लाल यादव सरस्वती वंदना गीत
सुना रहें हैं:
सरस्वती दाई सुनले मोर विनती-
तोला श्रदा के फूल मैं चड़हावव-
पहले अर्जी हैं तोर-
अऊ का ला बोहरावव...(RM)
Posted on: Feb 18, 2021. Tags: HINDI SONG
जीवन रूपी बेईर डुबी होले...यीशु मसीह गीत-
जिला-सरगुजा (छत्तीसगढ़) से अनिषा तिग्गा यीशु मसीह गीत सुना रही हैं:
जीवन रूपी बेईर डुबी होले-
डहरे कोनो ठीन राइत हीवी होले-
मोर जीवन बाती नीझी होले-
दुनिया अंधार दिसी होले-
प्रभु मोके ना जुन छोड़ाबे-
कहियो मोके ना भुलाबे...(RM)
