जनरल नॉलेज :
लुधियाना (पंजाब) से निकेतन शर्मा जनरल नॉलेज की जानकारी दे रहे हैं:
भारत का प्रथम प्रधानमंत्री कौन थे, प. जवाहरलाल नेहरु
भारत के प्रथम राष्ट्रपति कौन थे,डा. राजेंद्र प्रसाद अपना संदेश रिकार्ड करने के लिये 08050068000 पर मिस्ड कॉल कर सकते हैं (AR)
Posted on: Mar 16, 2021. Tags: EDUCATION LUDHIANA NIKETAN SHARMA PUNJAB
जंगल में आगी लागे रोबे मजूर मैना...गीत-
ग्राम-नीलकंठपुर,जिला-सूरजपुर (छत्तीसगढ़) से जगदेव प्रसाद पोया एक गीत सुना रहे हैं:
जंगल में आगी लागे-
रोबे मजूर मैना-
सिलागिन रोबे दोनों नैना-
जंगल आगी लागे रोबे है-
पोडकी मैना-
सिलागिन रोबे दोनों नैना...(AR)
Posted on: Mar 16, 2021. Tags: CG JAGDEV PRASAD POYA SONG SURAJPUR
आजा रे ये मेरा मन घबराये...भजन-
पामगढ़, जिला-बिलासपुर, छत्तीसगढ़ से पिंकी जयसवाल एक गजल सुना रही हैं:
कब आओगे कब आओगे-
जिस्म में से जान जुदा होगी-
क्या तब आओगे-
देर न हो जाये कहीं देर न हो जाये-
आजा रे ये मेरा मन घबराये-
कहां है रौनक महफ़िल यही सब पूछते हैं...(AR)
Posted on: Mar 16, 2021. Tags: BILASPUR CG PINKI JAYSWAL SONG
Impact : सीजीनेट में संदेश रिकॉर्ड करने के बाद राशन कार्ड बन गया है...
ग्राम+पंचायत-मंग्वाल, ब्लॉक+जिला-कोंडागाँव छत्तीसगढ़ से लक्ष्मण कोर्राम बता रहे है कि उनका राशन कार्ड नहीं बन रहा था उसके लिये उन्होंने कई बार शिविरों में आवदेन भी दिये थे पर कोई ध्यान नहीं दे रहे थे तो उन्होंने सीजीनेट सीजीनेट स्वर में एक संदेश रिकॉर्ड किये करने के बाद सीजीनेट के साथियों की मदद से राशन कार्ड बन गया है | इसलिये साथी सीजीनेट के साथियों को और अधिकारियों को धन्यवाद दे रहे है जिन्होंने उनकी मदद की | संपर्क नंबर@8815792756.
Posted on: Mar 16, 2021. Tags: CG IMPACT STORY KONDAGAON LAXMAN KORRAM
ओस की बूँद-सी होती है बेटियां...प्रेरणादायक विचार-
सुरेश कुमार बड़वानी, मध्यप्रदेश से बेटियों के लिए कुछ लाइने सुना रहे हैं -”ओस की बूँद सी होती है बेटियां, फर्श खुरदुरा हो तो रोती है बेटियां, रोशन करेगा बेटा तो बस एक ही कुल को दो-दो कुलों की लाज को ढोती है बेटियां, हीरा है अगर बेटा तो मोती है बेटियां औरों के लिए फूल ही बोती है बेटियां, मिट्टी में मर-नीर सी होती है बेटियां, घर की शान होती है बेटियां, माँ-बहन, पत्नी का फ़र्ज निभाती है बेटियां, इस कुल को आगे बढाती है बेटियां, सोना है अगर बेटा तो चांदी है बेटियां,बेटे को अच्छा खाना खिलाते हैं तो बेटियों को जूठन, बेटियां हो तो गृहस्थी को सजाती है, बेटियां हो तो दूसरों के आँगन की लाज बन जाती है, ओस की बूँद सी होती है बेटियां, इस फर्श खुरदुरा हो तो रोती है बेटियां”|
