हम का बताई भईया अब कैसे जियातानी...भोजपुरी गीत-
ग्राम-मटियाआलम,जिला-कुशीनगर (उत्तरप्रदेश) से सुकई कुसवाहा एक भोजपुरी गीत सुना रहे हैं:
हम का बताई भईया अब कैसे जियातानी-
हाथन करेजा आपन-
रोज रोज चिरातानी-
वादा करे ले रहे-
साथे जिये मरे के कबहूँ न छोड़ब तोके...(AR)
Posted on: Mar 16, 2021. Tags: BHOJPURI SONG KUSHINAGAR SUKAI KUSWAHA UP
इक बार चले आओ...भजन-
ग्राम-मटियाआलम,जिला-कुशीनगर (उत्तरप्रदेश) से सुकई कुसवाहा एक भजन सुना रहे हैं:
इस दिल ने पुकारा है इक बार चले आओ-
ये सारे गिले सिकवे-
गले मिल के मिटा जाओ-
हमने तेरे चाहत में सारा जग छोड़ा है-
हमने तेरे खातिर सारा रस्मो को तोडा है-
तुम बिन मै जियूं कैसे इतना तो बता जाओ...(AR)
Posted on: Mar 15, 2021. Tags: KUSHINAGAR SUKAI KUSWAHA UP
दर दर के ठोकर खिवा देही तोही...गीत-
मटिया आलम, निबुआ नारंगिया, कुशीनगर, उत्तरप्रदेश से सुकई कुसवाहा एक गीत सुना रहे हैं, “दर दर के ठोकर खिवा देही तोही” | अपने गीत संदेश को रिकॉर्ड करने के लिये 08050068000 पर मिस्ड कॉल कर सकते हैं|
Posted on: Mar 10, 2021. Tags: KUSHINAGAR SONG SUKAI KUSWAHA UP
हमसे का भूल हुई जो ये सज़ा हमका मिली...
मटिया आलम, निबुआ नारंगिया, जिला-कुशीनगर, उत्तरप्रदेश से सुकई कुसवाहा एक गीत सुना रहे हैं:
हमसे का भूल हुई जो ये सज़ा हमका मिली-
अब तो चारों ही तरफ़ बंद है दुनिया की गली-
हमसे का भूल हुई जो ये सज़ा हमका मिली-
दिल किसी का न दुखे हमने बस इतना चाहा-
पाप से दूर रहे झूठ से बचना चाहा... (AR)
Posted on: Mar 10, 2021. Tags: KUSHINAGAR SONG SUKAI KUSWAHA UP
कोई चल के बता तो किनारा...भजन-
संदीप कुमार कुसवाहा एक भजन सुना रहे हैं, गीत केई बोल हैं, “मेरे सिर से बही है गंगा धारा”|
मेरे सिर से बही है गंगा धारा-
कोई चल के बता तो किनारा-
या पर गंगा, व पार जमुना-
बीच एमई सर जो सहारा-
कोई चल के बता तो किनारा... (AR)
