वनांचल स्वर- आदिवासी त्योहारों में वन से मिली औषधियों का महत्व...
ग्राम-धनेली कनार, तहसील-कोरर, जिला-कांकेर (छत्तीसगढ़) से सरत, साथ में गाँव के गायता कि वो नाग पंचमी पर वनों में मिलने वाले पेड़ों से, जड़ो से आदि से औषधियां बनाते हैं| पाड़ जली नामक औषधि से बुखार ठीक होता है, अब लोग अस्पताल जाने लगे हैं, पहले ऐसा नहीं था लोग हमारे पास ही आते थे इलाज के लिये| खेतो में दस्मूर कांदा और उसमें कई तरह की औषधियां मिलाकर गाय को पिलाते हैं| जानवरों को यह औषधियां पिलाने क बाद वो स्वस्थ्य रहते हैं| (RM)
Posted on: Feb 19, 2021. Tags: CG GAYTA KANKER VANANCHAL SWARA
Impact : सीजीनेट में संदेश रिकॉर्ड करने के बाद हैण्डपंप सुधार दिये है, सभी लोगों को धन्यवाद...
ग्राम-बडकू, पंचायत-रेंगागुंज, जिला-कोंडागांव (छत्तीसगढ़) से शंकरलाल नेताम बता रहें हैं कि गाँव में हैण्डपंप खराब हो गया था, एक साल हो गया सीजीनेट में संदेश रिकोर्ड किये थे, एक महिना पहले 2021 में हैण्डपंप लग गया, 12 घर के लोग इस हैण्डपंप से पानी पिते हैं, हैण्डपंप बन गया इसलिए सीजीनेट सुनने वाले सभी साथियों को धन्यवाद दे रहें हैं, सम्पर्क नम्बर @8305136883.(185189)RM
Posted on: Feb 19, 2021. Tags: CG IMPACT STORI KONDAGANV SHANKARLAL NETAM
पीड़ितों का रजिस्टर: मेरे पति को नक्सलियों ने मार दिया है, मजदूरी करके जीवन यापन कर रहे हैं...गोंडी
जिला-दंतेवाडा, छत्तीसगढ़ से लक्ष्मी गोंडी में बता रही हैं कि उनका पति को कैम्प में जाता हैं करके जंगल में बुलाके देखे और नही जाने के कारण 12 बजे आये घर में और मार के चले गए हम लोग नही जानते थे,उस दिन द्वार का दरवाजा भी बंद नही किये थे, और घर के अंधर ही घुसकर मार दिए,कितने लोग आये थे तो मुझे नही पता मेरा आँखों को टावल से बंद कर दिए थे, पति को मार कर चले गए मैं पूरा खून से सनी थी सभी तरफ कैम्प में जातें हैं पुलिस वाले से मिले थे बोलकर मार दिए| मेरे तीन बेटे हैं राशनकार्ड हैं तो चांवल मिलता हैं उसी को खातें हैं और गाँव में जो भी काम होता हैं| मजदूरी करके अपने बेटे लोगो को पालती हूँ | (183714) D
Posted on: Feb 19, 2021. Tags: CG DANTEWADA VICTIM REGISTER
स्वास्थ्य स्वर : मुनंगा से दूध आने का घरेलू उपचार-
जिला-जांजगीर चांपा (छत्तीसगढ़) कृष्णा बंजारे आयुर्वेदिक उपचार बता रहे हैं
दूध न आने का घरेलू उपचार मुनगा का जड़ी को चार अंगुल लेकर उसे तीन भागों में बांट दे। चावल धोने का पानी एक कटोरी लेकर उस जड़ी को पीसकर पानी में मिलाकर पिलाने से दूध आना शुरू हो जाता है। नहीं वस्त्र पहन कर नाहा धोकर ही इसका उपयोग करना चाहिए। मुनंगा का जड़ लेने जाते समय नारियल अगरबत्ती चढ़ाकर लाए।(185223)
Posted on: Feb 19, 2021. Tags: CG HEALTH JANJGIR CHAPA KRISHNA BANJARE
वनांचल स्वर: मलेरिया बुखार का घरेलू उपचार-
ग्राम-मोदे, ब्लॉक-भानुप्रतापपुर, जिला-कांकेर (छत्तीसगढ़) से मनोज कुमार पटेल बताते हैं कि किस प्रकार मलेरिया के घरेलू उपचार में औषधियों का इस्तेमाल किया जाता है। उनके दादा, परदादा एवं पिता भी वैद्य रहे हैं। पटेल 2008 से लोगों का उपचार कर रहे हैं। जब गांवों में अस्पताल भी नहीं थे, तब से उनके पूर्वज मरीजों का उपचार कर रहे थे। इसी बात से प्रभावित होकर वह ख़ुद भी वैद्य बने। अस्पतालों के बनने से पहले गांव के लोग उपचार के लिए पूरी तरह वैद्य पर निर्भर थे। वह बताते हैं कि मलेरिया एवं आम बुखार के इलाज के लिए नीम एक उपयोगी औषधि है। पटेल यह काम आजीविका के लिए नहीं, अपितु सेवा भाव के कारण करते हैं। सम्पर्क@9479070321, 6568684544 (185676) GT
