गगन में उड़ता जाए मेरा लाल तिरंगा मलमल का...
रामादीन जिला होसंगाबाद के ग्राम बोरखेड़ा, ग्राम पंचायत पिपरिया खुरद से हैं, एक गीत प्रस्तुत कर रहे हैं जिसके बोल इस प्रकार हैं – सबकी नजर झिलमिलाते चिलमन की तरफ
और मेरी नजर है देश के दुश्मन की तरफ
सबकी नजर लहराते हुए झंडे की तरफ
और मेरी नजर है भगतसिँह के फांसी के फंदे की तरफ
गगन में उडता जाए मोरा लाल तिरंगा मलमल का हो जी, हो जी
तीन रंग से बना तिरंगा झंडा सबसे न्यारा, ये झंडा सबसे न्यारा
और लहर लहर लहराए , मोरा लाल तिरंगा मलमल का
गगन में उड़ता जाए ...
Posted on: Dec 20, 2013. Tags: Ramadin Baratkar
Today's news from newspapers in Gondi: 19 November 2013
आंगनवाड़ी: भवन न पानी, फिर भी कुपोषण हो रहा है दूर
350 दिनों में 1290 लोगों ने तोड़ा दम महारानी हास्पिटल में
किसानों ने की डेम से पानी नहीं मिलने की शिकायत
गरीबी रेखा में हैं अमीरों के नाम
Posted on: Dec 19, 2013. Tags: NEWS RAMESH KUNJAM
हम तो आदिवासी रे भैया होसंगाबाद जिला के रहवासी...गीत
रामादीन बारतकर ग्राम बोरखेड़ा ग्राम पंचायत पिपरिया खुरद जिला होसंगाबाद मध्यप्रदेश से एक आदिवासी गीत सुना रहे हैं
होसंगाबाद जिला के रहवासी रे भैया होसंगाबाद जिला के रहवासी
हम तो आदिवासी रे भैया होशंगाबाद जिला के रहवासी
मुस्किल से करते गुजारा मुस्किल से करते गुजारा
खाते महुआ भाजी रे भैया होसंगाबाद जिला के रहवासी
Posted on: Dec 19, 2013. Tags: Ramadin Baratkar
गाँधीजी का सपना पुराना पंचायती राज आया...गीत
गाँधीजी का सपना पुराना पंचायती राज आया
अक्षर है बावन नौ अंक गिनती में
और उपरे से मात्राए होती है बारह
अरे खुद भी पढो और पढाओ अपने मोड़ा
पंचायती राज आया...
जैसे है दीपक के नीचे अँधेरा
वैसे ही अनपढ़ के भीतर अँधेरा
शिक्षा ज्ञान सबसे निराला जिन्दगी में करता उजाला
गाँधी जी सपना पुराना...पंचायती राज आया
Posted on: Dec 18, 2013. Tags: Baratkar Ramadin
गुमोड कुसीड घूम घूम कडेड कुसीड खड़ खड़ नुनीले वाया...गोंडी गीत
ग्राम टिकनपाल तहसील कुआकोंडा जिला दंतेवाड़ा (छत्तीसगढ़ ) से राजू राम भास्कर गोंडी गीत सुना रहे है यह गीत आदिवासी त्यौहार या शादी विवाह में गाया जाता है|गीत के बोल है:
गुमोड कुसीड घूम घूम कडेड कुसीड खड़ खड़ नुनीले वाया
नुनीले वाया नुनीले वाया नुनीले वाया इ आ नुनीले वाया
नूनी वर्षा मेट था त्यौहार हो दादा वाया ली दादा वाया ली वर्षा मेट था
त्यौहार रौ दादा वायाली दादा वाया ली दादा ली वाया इ आ दादा ली वाया
गुमोड कुसीड घूम घूम कडेड कुसीड खड़ खड़ दादा वाया ली दादा ली वाया ली
