अतिथि घर का वैभव है, प्रेम ही घर की प्रतिष्ठा है...कविता-
ग्राम पंचायत-पिंडरुखी, विकासखण्ड-बजाक, जिला-डिंडोरी (मध्यप्रदेश) से भारद्वाज मानिकपुरी एक कविता सुना रहे हैं:
अतिथि घर का वैभव है-
प्रेम ही घर की प्रतिष्ठा है-
वस्तु ही घर की शोभा है-
समाधान ही घर का सुख है-
सदाचार ही घर की शरुआत है-
ऐसे घर में सदा प्रभू का वास है...
Posted on: Jun 14, 2019. Tags: DINDORI MITHLESH MANIKPURI MP POEM SONG VICTIMS REGISTER
जिस प्रकार व्यक्ति के जीवन में कुछ लक्ष्य होते हैं...
ग्राम पंचायत-पिंडरुखी, विकासखण्ड-बजाक, जिला-डिंडोरी (मध्यप्रदेश) से भारद्वाज मानिकपुरी राष्ट्रिय लक्ष्यो के बारे में बता रहे हैं :
जिस प्रकार व्यक्ति के जीवन में कुछ लक्ष्य होते हैं-
जिसकी प्राप्ति के लिये वह कार्य करता है-
उसी प्रकार राष्ट्र के भी कुछ लक्ष्य होते हैं-
जिन्हें सम्मुख रखकर देश कार्य करता है-
देश की प्रगति और समृद्धि राष्ट्र की लक्ष्यों की प्राप्ति में सहायक है...
Posted on: Jun 14, 2019. Tags: DINDORI MITHLESH MANIKPURI MP SONG VICTIMS REGISTER
वन्दे मातरम्...राष्ट्रगीत-
ग्राम पंचायत-पिंडरुखी, विकासखण्ड-बजाक, जिला-डिंडोरी (मध्यप्रदेश) से भारद्वाज मानिकपुरी एक राष्ट्रगीत सुना रहे हैं :
वन्दे मातरम्-
सुजलां सुफलां मलयजशीतलाम्-
शस्य श्यामलां मातरं-
शुभ्र ज्योत्स्न पुलकित यामिनीम-
फुल्ल कुसुमित द्रुमदलशोभिनीम्-
सुहासिनीं सुमधुर भाषिणीम्...
Posted on: Jun 14, 2019. Tags: DINDORI MITHLESH MANIKPURI MP SONG VICTIMS REGISTER
400 रुपये प्रति माह पर कोटवार का काम करते हैं, गुजारा नहीं होता...मदद की अपील-
ग्राम पंचायत-पिंडरुखी, विकासखण्ड-बजाक, जिला-डिंडोरी (मध्यप्रदेश) से लखनदास मानिकपुरी बता रहे हैं| वे कोटवार का काम करते हैं| जिसके लिये उन्हें 400 रुपये प्रति माह मिलता है| जिसमे उनके परिवार का गुजारा नहीं हो पाता, वे तीन पीढ़ी से कोटवार का काम कर रहे हैं| उनका कहना है| उनकी मजदूरी बढाया जाये| जिससे परिवार पालन पोषण कर सके| : संपर्क नंबर@8889941623.
Posted on: Jun 14, 2019. Tags: DINDORI MITHLESH MANIKPURI MP PROBLEM SONG VICTIMS REGISTER
ऐरे रवा जाये दे जायेदे गावा...दशहरा गीत-
ग्राम-देवरी, पोस्ट, थाना-चंदोरा, जिला-सूरजपुर, जिला-सूरजपुर (छत्तीसगढ़) से कैलास सिंह पोया एक गंगा दशहरा गीत सुना रहे हैं :
ऐरे रवा जाये दे जायेदे गावा-
ऐ होरी ला का जादे गा-
साथी कोई दिन रेगिन गा-
तेरवा जाये दैगाया....
