Today's News from newspapers in Gondi : 4th September 2017-
आदिवासी समाज ने नवाखाई का पर्व – छत्तीसगढ़ कांकेर-
राज्य में सरकारी भुगतान पूरी तरह से होगा कैशलेस, डिजिटल पेमेंट होगा जरूरी – महाराष्ट्र – 13 ग्रामों में 5 दिनों से बिजली गुल, विभाग सुस्त – मध्यप्रदेश जुन्नारदेव-
स्वाइन फ्लू के संदिग्ध मरीज की मौत, एक रायपुर रेफर – कोरबा-
Posted on: Sep 03, 2017. Tags: GONDI NEWS SUMANLATA ACHALA
Today's News from newspapers in Gondi : 2nd Sept 2017-
उत्साह से मनाया गया ठाकुर जोहरनी का पर्व – कांकेर छत्तीसगढ़
छात्रा की मौत के मामले में छात्रावास अधीक्षिका को हटाया – सुकमा दक्षिण बस्तर
मप्र में सामान्य से 140 मिमी कम बारिश, कम वर्षा के चलते किसानों की चिंता बढ़ी – बैतूल मध्यप्रदेश
नोटबंदी-जीएसटी की मार: विकास दर तीन साल के सबसे निचले स्तर 5.7 पर
छात्रवृत्ति यूवीकैन स्कॉलरशिप फॉर कैंसर सर्वाइवर 2017
Posted on: Sep 02, 2017. Tags: GONDI NEWS SUMANLATA ACHALA
लंका मा मचे है लड़ाई आवाज आवय बंधो मा रे...गीत
ग्राम-पंडरीपानी, विकासखंड-गोरेला, जिला-बिलासपुर (छत्तीसगढ़) से सुनीता धुर्वे एक गीत सुना रहे हैं :
लंका मा मचे है लड़ाई आवाज आवय बंधो मा रे-
कई लाख तोप चले हैं कई लाख जंजीर गा कई लाख जंजीर-
कई लाख तलवार चले है लंका मा यार आवाज आवय बंधो मा रे-
एक लाख तोप चले हैं दुई लाख जंजीर गा कैलाख जंजीर-
तीन लाख तलवार चलय लंका मा राम आवाज आवय बंधो मा रे...
Posted on: Sep 01, 2017. Tags: SONG SUNITA DHURWE VICTIMS REGISTER
एक दिन मटिया में सभही के सिंगार होई, जब पिजड़ा से पंछी फरार होई...लोकगीत-
ग्राम बभनतलाव पोस्ट, थाना तहसील, जिला-रोहतास( बिहार) से सुरेंद्र उरांव एक लोकगीत सुना रहे है:-
अरे एक दिन मटिया में सभही के सिंगार होई-
जब पिजड़ा से पंछी फरार होई, जब पिजड़ा से पंछी फरार होई-
नाती नातेदार काम नही अएहे, नाती नातेदार काम नही अएहे-
गाँव के लोगवा सब खडी रही जयेहें, गाँव के लोगवा सब खडी रही जयेहें-
हो केवल भाई भततीजे सबका हार होई, हो केवल भाई भततीजे सबका हार होई-
जब पिजड़ा से पंछी फरार होई, जब पिजड़ा से पंछी फरार होई...
Posted on: Sep 01, 2017. Tags: SONG SURENDRA ORAON VICTIMS REGISTER
बांसुरी की धुन...
सीजीनेट जन पत्रकारिता जागरूकता यात्रा आज ग्राम-रक्सा, पोस्ट-फुनगी, जिला-अनूपपुर (मध्यप्रदेश) में पहुँची हैं जहां यात्रा के साथी सुखसागर सिंह पावले, धनसाय मरकाम और गीता टेकाम का परिचय गाँव के साथी रामनाथ सिंह मरावी से हुई है जो उनको बांसुरी की एक धुन सुना रहे है जो वे हम सभी के साथ यहां साझा कर रहे हैं :
