तोला कैसा के भूलाऊ गजब दुरिया तोला कैसे के...गीत
ग्राम-कोटेया,ब्लाक-प्रतापपुर,जिला-सूरजपुर (छत्तीसगढ़) से नेवालाल देवांगन जी एक गाना सुना रहे हैं:
तोला कैसे के भूलाऊ गजब दुरिया तोला कैसे के
तोला कैसे के भूलाऊ गजब दुरिया तोला कैसे के
तोला कैसे के तोला कैसे के
तोला कैसे के भूलाऊ गजब दुरिया तोला कैसे के
तोला कैसे के तोला कैसे के...
Posted on: Oct 12, 2022. Tags: CG PRATAPAPUR SONG SURAJPUR
चार बिल्ली ने चूहे को पकड़ा...कविता-
राजेन्द्र प्रताप सिंग कबीरधाम(छत्तीसगढ़) से एक कविता सुना रहे हैं:
चार बिल्ली ने चीकू चूहे को पकड़ा ,मैं खाऊँगी मैं खाऊंगी हुआ सभी में झगड़ा-
बोला चीकू अरी मौसियों आपस में मत झगड़ों,दूर नीम कस पेड़ खड़ा है जाकर उसको- पकड़ो ,जो भी इसको छूकर सबसे पहले आ जाएगी,बिना किसी को हिस्सा बांटे वह मुझे- खाएगी ,मूर्ख बिल्लियाँ समझ ना पाई सरपट दौड़ लगाई-
भागा चीकू अपनी जान बचाई...
Posted on: Oct 08, 2022. Tags: CG KABIRDHAM POEM RAJENDRAPRATAP SINGH
पीड़ितों का रजिस्टर: नक्सलियों ने बच्चों को नक्सली संगठन में शामिल करने की मांग की थी, फिर डर से गा
नगर पंचायत भानुप्रतापपुर (तसरी पारा) जिला-कांकेर (छतीसगढ़) से सरिता नेताम जी बात कर रहे हैं इनके गाँव देवार खेड़ा में नक्सलियों ने बच्चों को नक्सली संगठन में शामिल होने के लिए मांग मांग कियें थे| अगले दिन उन्होंने डर से गाँव छोड़कर भानुप्रतापपुर आकर बस गए| इस दौरान इनके घर, फसल, जानवर, खेत सब कुछ छोड़कर भाग आए| अब इनके पास रहने व कमाने को कुछ भी नहीं है| सरकार के द्वारा जमीन व 90 हजार रुपये मिलने की बात हुई थी किन्तु सिर्फ 9 हजार रुपये ही कलेक्टर द्वारा मिले| इनकी मांग है बाकी जो पैसा मिलना था वह मिल जाता तो कोई काम धंधा शुरू कर पाते |
Posted on: Jul 02, 2022. Tags: BASTAR BHANUPRATAPPUR CG DISPLACED KANKER MAOIST VICTIM VICTIMS REGISTER
का चोके संगे लेके काया चोचेनाव...हल्वी गीत-
ग्राम-कोटेया, ब्लाक-प्रतापपुर, जिला-प्रतापपुर (छत्तीसगढ़) से नेवालाल देवांगन सीजींनेट के श्रोताओं को छत्तीसगढ़ी गीत सुना रहे हैं-
ते जवाब देबे टूरी मैं गावथ हवं ददरिया जवाब देबे-
आधी-आधी रतिया के कैसन बाजार एजे कोनी-
ह ठाड़े नदिया के पारते जवाब देबे ते जवाब देबे-
कैसे के आमा के डारो नि होरी हेबे रास्ता के रेंगाइया-
Posted on: Jul 01, 2022. Tags: CG CHHATTISGADHI PRATAPAPUR SONG SURAJPUR
पीड़ितों का रजिस्टर: मेरे बड़े भाई को नक्सलियों ने मुखबीर बता कर मार डाला...
रामदयाल यादव, जो कि पिछले 19 साल से अपना गांव संजयपारा छोड़ कर भानुप्रतापपूर में रहते हैं, बता रहे हैं कि नक्सलियों ने मुखबीर समझ कर उनके बड़े भाई की आमाबेड़ा के पास हत्या कर दी गई थी। उन्हें सरकार से कोई सहायता नहीं मिली है। उनकी मांग है कि उनके बच्चों को नौकरी मिलनी चाहिए जिससे उनका जीवन यापन हो सके। संपर्क नंबर- 9630660684
