आपका स्वास्थ्य आपके मोबाइल में : अकवन से मधुमेह का उपचार
Sunil Kumar calling from Muzaffarpur, Bihar informs about many medicinal values of Calotropis which often called ‘akwan’ in Hindi. He talks about the ubiquity of the plant which makes it available for everyone. He talks to Kishnandan ji who tells how wrapping calotropis leaves around the feet with the help of a cotton cloth help cure phaleria, elephantiasis. Putting a leaf under the feet can help control diabetes. Calotropis grows easily and has plenty of medicinal values. Sunil@9308571702
Posted on: Jul 14, 2017. Tags: SONG SUNIL KUMAR VICTIMS REGISTER
फिर आउंगी अब की बार उदास मत होना...महाश्वेता देवी पर कविता
जिला-रांची (झारखंड) से योगेश कुमार विश्व आदिवासी दिवस पर महाश्वेता देवी के निधन पर एक कविता समर्पित कर रहे हैं:
फिर आउंगी अब की बार उदास मत होना-
किसी बच्चे की किलकारी में-
अब की बार आदिवासी बनकर-
रचूँगी उन रचनाओं को जो अधूरी छोड़ चली मैं-
फिर आउंगी जाने का दुःख मुझे भी हैं-
पर आई हूँ तो जाऊँगी उम्र ढल चुकी थी मेरी
पर विचार वाही विद्रोही थे-
अब नया जीवन चाहती थी-
तक गई थी मैं बूढी थी मैं-
अब की आउंगी तो चिंगारी उड़ेंगे शब्दों से-
लाल होंगे शब्द मेरे जो काले पड़ गए थे-
तब तक तुम अपनी लड़ाई लड़ना-
रुकना नहीं चलते रहना उन रास्तो पर-
जिस पर चलकर मैं आगे आई-
अब तुम्हारी बारी है छोड़ जाती हूँ-
कुछ मैं तुम्हारे लिए-
कुछ जरुर करना तुम मेरे आने तक...
Posted on: Jul 01, 2017. Tags: SONG VICTIMS REGISTER YOGESH KUMAR
भाषा जो प्रकृति की समझे मैं हूं वो आदिवासी...आदिवासी गीत
सुनील कुमार,जिला मुजफ्फरपुर (बिहार) से आदिवासी पर एक गीत सुना रहे हैं:
रीयु रीयु री री ला, री री री ला-
भाषा जो प्रकृति की समझे मैं हूं वो आदिवासी-
कोई कहे वनवासी कोई मूलनिवासी-
सीना तानकर खड़ा रहा हूं, न सहा मैंने अत्याचार-
निंस्वार्थ तीरो के दम पर, दिलाया हूं अधिकार-
ना की चमचागिरी अंग्रेजो की, ना गोलियो की बरसात-
सब कर्म को करनेवाला,सब गुणों को रखनेवाला-
प्रकृति पुत्र पुरखा बननेवाला, स्वतंत्रता का अधिकार-
न कि कर्मकांड की वकालत, लोकतंत्र और स्वराज...
Posted on: Jul 01, 2017. Tags: SONG SUNIL KUMAR VICTIMS REGISTER
छोड़ो छोड़ो छोड़ो छोड़ो अंग्रेजो भारत छोड़ो...आन्दोलन गीत
भारत छोड़ो आंदोलन की 75 वीं वर्षगाँठ के अवसर पर समस्त देशवासियों को ढ़ेर सारी शुभकामनाओं के साथ गीत :
छोड़ो छोड़ो छोड़ो छोड़ो अंग्रेजो भारत छोड़ो-
आंदोलन की चिंगारी फैली, अंग्रेजो भारत छोड़ो-
9 अगस्त 1942 को हुआ व्यापक आंदोलन-
अंग्रेजो के शाषण को हिलाने सब ने लगाया तन मन-
गाँधी जी ने मंत्र दिया करो या मरो-
भारत को आजाद कराने का हुआ था यह संकल्प-
अब गुलामी नहीं सहेंगे, आजादी का न विकल्प-
भारत को आजाद करने का, लिया सभी ने संकल्प-
मुंबई के ग्वालियर टैंक में समर्थन लोगो ने दिया भारी-
आँपरेशन जीरो आवर के तहत हुई सबकी गिरफ्तारी-
किसान मजदूर और छात्रो ने वैकल्पिक दिया सरकार...
Posted on: Jul 01, 2017. Tags: SONG SUNIL KUMAR VICTIMS REGISTER
ऐसन जानत होले रे गोरिया तोर से दिल न लगाते...सादरी प्रेम गीत
झारखंड एवं उड़ीसा के आदिवासी समुदाय द्वारा बोले जाने वाली भाषा सादरी में प्रेम गीत सुना रहे हैं सुनील कुमार, मालीघाट, जिला-मुजफ्फरपुर (बिहार ) से :
ऐसन जानत होले रे गोरिया तोर से दिल न लगाते-
तोके में चाँद कहीं ,तोके मैं सूरज-
असरा में धोखा खाली, हाय हम बड़ी पछताली-
तोर से दिवाना भेली, दिल जब तोके देली-
जब से तोके पाली, दुनिया भूलाए गेली-
आज तोय काल्हे बतलाले-
अचके काले दगा देले-
मीठा मीठा बात बोली, सब भेद ले ले लूटी-
सोचली न बुझली हम सब कुछ तोके बता देली-
आज तोइ मोके भूल गेले-
आज के दोसर संग गेले...
