मोरे गंवई के माटी हा, मोला सरस सही लागे गा...छत्तीसगढ़ी गीत-
ग्राम-लामकन्हार, तहसील-अंतागढ़, जिला-कांकेर उत्तर बस्तर (छत्तीसगढ़) से कुमारी प्रीति गावड़े और कुमारी निन्देश्वरी गावड़े एक छत्तीसगढ़ी गीत सुना रहे हैं:
मोरे गंवई के माटी हा, मोला सरस सही लागे गा-
तरिया नदिया अउ अमरैया जग सुहावन लागे पुरवैया-
कोयलिया हा करे गुटुर गू, मैना ताल सुनावे गा-
आमा अउ इमली के सुघ्घर छैंया, बड़े मन मोला भावे गा-
मोरे गंवई के माटी हा मोला सरस सही लागे गा...
Posted on: Aug 06, 2018. Tags: KANKER CHHATTISGARH PREETI NINDESHWARI SONG VICTIMS REGISTER
वनांचल स्वर : दाद, खाज, खुजली का घरेलू उपचार-
पुरानी बस्ती रानीरोड, कोरबा (छत्तीसगढ़) से डॉ रमेश रिजवी दाद, खाज, खुजली का घरेलू उपचार बता रहे हैं, जो व्यक्ति इस बीमारी से ग्रसित हैं वे 50 ग्राम दीवाल में पुताई करने वाला चूना और 1 लीटर पानी एक मिट्टी के बर्तन में रख दें, करीब 24 घंटे तक रहने दें, चूने का गैस खत्म होने के बाद चूना तैयार हो जाता है, उसके बाद एक बर्तन में 250 ML चूना पानी और 250 ML अलसी का तेल लेकर दोनों को अच्छे से मिला ले, जब वह पेस्ट की तरह बन जाए तब रोग ग्रसित जगह पर उस मलहम को लगा सकते हैं, दवा को जले, कटे, फोड़ा, फुंसी वाली जगह पर लगाने पर उसमे थोडा जलन होता है, पर इससे थोड़ी देर में आराम मिल सकता है, अधिक जानकारी के लिए इस नंबर पर संपर्क कर सकते हैं : संपर्क नंबर@9131235332.
Posted on: Aug 06, 2018. Tags: HEALTH KORBA CHHATTISGARH RAMESH RIJAVI SONG VANANCHAL SWARA VICTIMS REGISTER
वनांचल स्वर : दांत संबंधी समस्या का घरेलू उपचार-
मुंगेली (छत्तीसगढ़) से वैद्य राम सिंह दांत संबंधी समस्या का घरेलू उपचार बता रहे हैं, यदि किसी के दांत में दर्द है, मसूढो में दर्द है, खून निकल रहा है एसी स्थिति में हल्दी पाउडर, सेंधा नमक और सरसों का तेल तीनो को मिलाकर पेस्ट बना लें, और उससे दांतों और मसूढो का मसाज करें, मसाज के कुछ देर बाद कुनकुने पानी से कुल्ला करें, ये दिन के चार बार करने से दांत संबंधी समस्या में आराम मिल सकता है, अधिक जानकारी के लिए इस नंबर पर संपर्क कर सकते हैं : संपर्क नंबर@9589906028.
Posted on: Aug 06, 2018. Tags: HEALTH MUNGELI CHHATTISGARH RAM SINGH SONG VANANCHAL SWARA VICTIMS REGISTER
पारम्परिक वैद्य सम्मलेन का उद्देश्य स्थानीय स्तर पर पाए जाने वाले वन औषधियों का उपयोग बढ़ाना
डोंगरगढ़ (छत्तीसगढ़) से दो दिवसीय राज्य स्तरीय परम्परागत वैद्य सम्मलेन में शामिल हुए वैद्य निर्मल कुमार अवस्थी बता रहे हैं कि आज दो दिवसीय राज्य स्तरीय पारम्परिक वैद्य सम्मलेन का यह दूसरा और आखरी दिन है, वहां पर लगभग 13 जिलो से वैद्य उपस्थित हुए हैं, सम्मलेन का मुख्य उद्देश्य प्राचीन चिकित्सा पद्धति का लोक व्यापीकरण करना है, लोग अपने स्वास्थ्य के प्रति सजग रहें और स्थानीय स्तर पर पाए जाने वाले वन औषधियों का उपयोग करें, यह सम्मलेन छतीसगढ़ राज्य पादप बोर्ड और राज्य सरकार के सहयोग से कराया गया, जिसमे अध्यक्ष रामप्रताप सिंह और उपाध्यक्ष एच.बी.शर्मा, क्षेत्रीय विधायक और कई अधिकारी शामिल हुए | एच डी गांधी@9111061399
Posted on: Aug 06, 2018. Tags: DONGARGARH CHHATTISGARH HD GANDHI NIRAMAL KUMAR AWASTHI SONG VICTIMS REGISTER
तय आ जाबे मैना उड़ते-उड़ते तय आ जाबे...छत्तीसगढ़ी गीत
ग्राम-कोटया, जिला-सरगुजा (छत्तीसगढ़) से मेवालाल देवांगन एक छत्तीसगढ़ी गीत सुना रहे है:
तय आ जाबे मैना उड़ते-उड़ते तय आ जाबे-
कुआँ पार में रे संगी साँझा के बेरा कुआँ पार में-
एक पेड़ आमा छतीस पेड़ जाम-
मधुबन के चीरईया बोलत राम-राम-
धान ला लूवे उड़ेला कनसी, सावन के मंदिर में सुनावे बनसी कुआँ पार में-
कुआँ पार में रे संगी साँझा के बेरा कुआँ पार में...
