हमारे गाँव में बिजली 3 साल पहले आ चुकी है लेकिन हमारे मोहल्ले में नही आयी, कृपया मदद करें...
ग्राम-लोधा, पंचायत-बनिया, विकासखंड-घुघरी, जिला-मंडला (मध्यप्रदेश) से सुरेश धुर्वे बता रहे हैं कि गावं में ३ साल पहले बिजली आ चुकी है लेकिन अब तक उनके मोहल्ले में नहीं पहुंची है इसके लिए विद्युत् अभियंता कार्यालय में कई बार आवेदन भी किया गया ठेकेदार बोलता है कि पोल रखने के लिए गाडी की आवश्यकता है जो मेरे पास नहीं है आप व्यवस्था कर लो मैं गाडी का किराया दे दूंगा जबकि हमारे पास कोई भी गाड़ी की व्यवस्था नहीं है अतः सभी सीजीनेट सुनने वाले साथियों से अपील कर रहे हैं कि अधिकारियों के फोन करके दबाव बनाये जिससे इन ग्रामीणों की समस्या का निराकरण हो सके | विद्युत् अभियंता अधिकारी@9425805895, ठेकेदार@9993046363. सुरेश धुर्वे@8959921980
Posted on: Jun 07, 2017. Tags: MALLU PARTE SONG VICTIMS REGISTER
हाय रे बलिहारी के दाना...छत्तीसगढ़ी कर्मा गीत
ग्राम-खट्टापारा, पंचायत-जोगिसार, विकासखंड-गौरेला, जिला-बिलासपुर (छत्तीसगढ़) से दादूराम पैतरा और रतन सिंह भानु एक कर्मा गीत सुना रहे है :
हाय रे बलिहारी के दाना-
दिन बूडगे रात के चलाना-
ऐसे हो बलिहारी के दाना-
नहीं तो दिशे रूक राइ-
नई तो दीशे गाँव – नई तो दीशे संग-
सहेली का कर से जावं-
हाय रे बलिहारी के दाना...
Posted on: Jun 07, 2017. Tags: GEETA TEKAM SONG VICTIMS REGISTER
मंद मंद पवन मुझे रोज़ बुलाये, छोटा सा मन मेरा ठुमुक ठुमुक नाचे...गीत
ग्राम-केरकेट्टा, पोस्ट-जोगा, थाना-उतारी रोड जिला पलामू (झारखण्ड) से मैनी कुमारी एक गीत सुना रही है :
मंद मंद पवन मुझे रोज़ बुलाये-
मंद मंद पवन मुझे रोज़ बुलाये-
छोटा सा मन मेरा ठुमुक ठुमुक नाचे-
छोटा सा मन मेरा ठुमुक ठुमुक नाचे-
आशमा से देखूं तो क्या नजर आये-
आशमा से देखूं तो क्या नजर आये-
चंदा तारा सारा नजर आये-
चंदा तारा सारा नजर आये-
मंद मंद पवन मुझे रोज़ बुलाये-
मंद मंद पवन मुझे रोज़ बुलाये...
Posted on: Jun 07, 2017. Tags: MAINI KUMARI SONG VICTIMS REGISTER
बच्चे खेल रहे हैं, दीन दुनिया से बेखबर से...कविता
विकासखंड बर्गी, जिला जबलपुर (मध्यप्रदेश) से मोहम्मद परवेज़ खान एक कविता सुना रहे हैं, जिसका शीर्षक हैं- बच्चे खेल रहे हैं:
बच्चे खेल रहे हैं, दीन दुनिया से बेखबर से-
इनके खेल में शामिल हैं-चिड़िया और कल-कल करते पंछी-
नदिया और पहाड़ भी, मंदिर और मस्ज़िद भी-
धूल में सने, मिट्टी में लिपटे चीखते चिल्लाते बच्चे खेल रहे हैं, कितने बेखबर से-
इनके खेल में शामिल हैं, धरती और आकाश भी चन्द्रमा और सूरज भी-
ये नहीं जानते अदावत, बदला और दुश्मनी-
क्यों ना हम भी शामिल हो जाए इसके खेल में-
और खेले सिर्फ मस्ती और उल्लास का खेल...
Posted on: Jun 07, 2017. Tags: Parvez Khan SONG VICTIMS REGISTER
बेहद चन्दा गन्दा है, लड़का सचमुच गन्दा...बाल कविता-
ग्राम-देवरी, जिला-सूरजपुर (छत्तीसगढ़) से कैलाश पोया कविता सुना रहे हैं :
बेहद चन्दा गन्दा है,लड़का सचमुच गन्दा-
हँसता है तो ऐसे जैसे आसमान का चंदा है-
रोता है तो ऐसे जैसे और नहीं कुछ धंधा है-
चुप करने की हर कोशिश पर देता फेर वो रमदा है-
वैसे तो आजकल सभी का वक्त चल रहा मंदा है-
इसके कारण नाना जी का चौपट सारा धंधा है...

