ओरछा गाँव का नाम कैसे पड़ा: एक गाँव की कहानी (गोंडी)

ग्राम-ओरछा, पंचायत-इरपानार, ब्लाक-दुर्गकोंदल, जिला-कांकेर (छत्तीसगढ़) से दुर्गुराम कवाची (सरपंच) उनके ओरछा गाँव का नाम कैसे पड़ा उसके बारे में गोंडी में बता रहे है कि बहुत समय पहले उनके गाँव के आसपास पूरा जंगल था वहां पर 10-12 घर थे और ओरछा के पेड़ सबसे ज्यादा थे लेकिन वहां पर सरकार ने पूरे ओरछा के पेड़ कटवा दिए तो फिर वहां पर जनसँख्या बढ़ने लगी और उन्ही पेड़ो के कारण उस गाँव का नाम ओरछा रखा गया और यह जानकारी उनके गाँव के बुजुर्गो के माध्यम से मिली |आदिवासी गाँव अक्सर उनके आसपास पाए जाने वाले प्राकृतिक वस्तुओं पर रखे जाते हैं ओरछा को गराड़ी या गर्रा या विषफल भी कहते हैं घरों में बल्ली और खेतों में बागड़ की तरह यह उपयोग में लाया जाता है

Posted on: Sep 04, 2018. Tags: CG DURGKONDAL DURGURAM KAVACHI GONDI KANKER STORY

किसान स्वर: जैविक खेती से स्वास्थ्य अच्छा रहता है पर हम सब रासायनिक खाद उपयोग करते हैं...

सीजीनेट जन पत्रकारिता यात्रा आज ग्राम-भुरभुसी, पंचायत-जबेली, पोस्ट-तेकामेटा, तहसील-पखांजूर, जिला-उत्तर बस्तर कांकेर (छत्तीसगढ़) पहुँची है वहां से अमर मरावी को गाँव के किसान रैनू राम कोला बता रहे हैं कि उनके गाँव (क्षेत्र) में सबसे अधिक धान की खेती करते हैं इस खेती की शुरुआत जुलाई महीने से होती है, इसमें वे समय-समय पर कम्पोस्ट खाद, डी.ए.पी. यूरिया, पोटाश आदि देते हैं| कीटनाशक 2-4-D का छिडकाव भी करते हैं, जिससे किसी भी तरह का कीट नही लगते हैं, यद्यपि इस क्षेत्र में अधिकतर किसान अभी रासायनिक खाद का उपयोग करते है पर वे कह रहे हैं कि जैविक खाद में अधिक पोषक तत्व होने के कारण इसे खाने में भी स्वाद और शरीर स्वास्थ्य को वह भोजन अधिक ताकत प्रदान करता है...

Posted on: Sep 04, 2018. Tags: AGRICULTURE CG KANKER KISAN SWARA PAKHANJUR RAINURAM KOLA SONG VICTIMS REGISTER

करना होगा सारे जग को इसका ही गुणगान...आयुर्वेद गीत

ग्राम-जुबानी कला, जिला-कोंडागाँव (छत्तीसगढ़) से राम प्रसाद निषाद आयुर्वेद के उपर एक गीत सुना रहे हैं:
करना होगा सारे जग को इसका ही गुणगान-
जग में आयुर्वेद महान जग में आयुर्वेद महान-
हमने ईश्वर से इतना सुंदर शरीर है पाया-
कंचन सी काया को लेकिन हमने धूल बनाया-
किया बहुत उपचार ना पर हमने आहार सुधारा...

Posted on: Sep 04, 2018. Tags: CG HEALTH KONDAGAON RAMPRASAD NISHAD SONG VICTIMS REGISTER

हमारे गाँव के 2 हैण्डपम्प 2 महीने से खराब हैं, बोलने पर कोई ध्यान नहीं देते है, कृपया मदद करें...

ग्राम-ओरछा, पंचायत-इरपानार, तहसील-पखांजूर, जिला-कांकेर (छत्तीसगढ़) से माहुराम पद्दा और भीमराम गोटा बता रहे है कि उनके गाँव में तीन हैण्डपम्प है उसमे से 2 हैण्डपम्प 2-3 महीने से ख़राब है और 1 सही है लेकिन उसमे भी अच्छे से पानी नहीं आता है| उनके गाँव में 30-34 घर है और एक ही हैण्डपम्प से पानी की आपूर्ति नहीं हो पाती है| हैण्डपम्प सुधरवाने के लिए गाँव के लोगो ने पंचायत में शिकायत किये है लेकिन कोई ध्यान नहीं दे रहे है| इसलिए साथी सीजीनेट सुनने वाले साथियों से मदद की अपील कर रहे है कि इन नम्बरों में बात कर हैण्डपम्प सुधरवाने में मदद करें: P.H.E. विभाग@9425569253. अधिक जानकारी के संपर्क नरेश पद्दा@9479102949.

Posted on: Sep 04, 2018. Tags: BHIMRAM GOTA CG HANDPUMP KANKER MAHURAM PADDA PAKHANJUR SONG VICTIMS REGISTER

पहले हम लोग गोबर खाद का उपयोग करते थे लेकिन अब सरकारी खाद का उपयोग करते है (गोंडी)...

सीजीनेट जन पत्रकारिता यात्रा आज पंचायत-हनुमानपुर, जिला-कांकेर (छत्तीसगढ़) में पहुँची है वहां अमर मरावी गाँव के किसान पांडूराम कतलामी से वहां की धान की खेती के बारे में गोंडी भाषा में बात कर रहे है कि धान को कैसे लगाते है और कौन सा खाद का उपयोग करते है और कौन सा खाद का उपयोग नहीं करते है वे बता रहे है कि पहले के ज़माने में हम लोग गोबर खाद का उपयोग करते थे और उससे धान भी अच्छा होता था लेकिन अब सब लोग सरकारी या रासायनिक खाद का उपयोग करने लगे है तब से हम लोग भी रासायनिक खाद का उपयोग करने लगे है लेकिन यह नुकसानदायक है |पहले लोग 80-90 के उम्र में भी तंदरुस्त होते थे पर अब 60-70 में ही मृत्यु हो जाती है

Posted on: Sep 04, 2018. Tags: AGRICULTURE CG KANKER PANDURAM KATLAMI

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