Impact : स्कूल की स्थिति ख़राब थी अब सुधार कार्य शुरू हो गया है...
ग्राम-तेरदुल, पंचायत-देवगांव, जिला-नारायणपुर (छत्तीसगढ़) से ललित कुमार बता रहे हैं कि उनके गाँव में 4 साल से स्कूल की स्थिति ख़राब थी जिसके सुधार के लिये पैसा आ चुका था लेकिन काम नहीं हो रहा था, तब उन्होंने सीजीनेट में रिकॉर्ड किया जिसके बाद अब सुधार का काम शुरू हो गया है इसलिये वे मदद करने वाले सभी श्रोताओ और संबंधित अधिकारियों को धन्यवाद दे रहे हैं : संपर्क नंबर@8234826635.
Posted on: Jan 16, 2020. Tags: CG IMPACT STORY LALIT KUMAR NARAYANPUR SONG VICTIMS REGISTER
तेतुन तडंग देतुन तडंग बाक मांगडी...हल्बी गीत-
ग्राम-देवगांव, जिला-नारायणपुर (छत्तीसगढ़) से मुरलीधर हल्बी में एक गीत सुना रहे हैं:
तेतुन तडंग देतुन तडंग बाक मांगडी-
एदे बस्तर चला दा रेला नाटे गांगली-
एदे बस्तर चला दा रेला नाटे गांगरी-
एदे चले जाना तारे मुयेंग-
एदे चले जाना तारे मुंदली सुंदली-
कान कुरे कुरी कान कुरे कुरी गोड़गे बैला...
Posted on: Dec 17, 2019. Tags: CG MURALIDHAR NARAYANPUR SONG VICTIMS REGISTER
जागो मेरे भारत वासी, समय नहीं है सोने का...देशभक्ति गीत-
ग्राम-देवगांव, जिला-नारायणपुर (छत्तीसगढ़) से मुरलीधर एक देशभक्ति गीत सुना रहे हैं :
जागो मेरे भारत वासी, समय नहीं है सोने का-
लेकर संदेश स्वामी जी का कर के कुछ दिखलाने का-
जय विवेकानंद, जय विवेकानंद-
भारत वासी भाई हमारे सेवा उनकी करने का-
हिंदू, मुस्लिम, सिक्ख, ईसाई हाथ में हाथ मिलाने का-
जय विवेकानंद, जय विवेकानंद...
Posted on: Dec 10, 2019. Tags: CG MURALIDHAR NARAYANPUR SONG VICTIMS REGISTER
देशभक्ति गीत : मेरे महबूब वतन, मेरे महबूब वतन...
ग्राम-पहाड़िया, पोस्ट-उस्रार, जिला-सतना (मध्यप्रदेश) से संतोष कुमार ढाली एक देशभक्ति गीत सुना रहे हैं:
मेरे महबूब वतन, मेरे महबूब वतन-
तुझपे कुर्बान ये जान, तुझपे कुर्बान ये तन-
आज शायर का कलम, तेरे गीतों पे लिखा-
आज फनकार कफन, तेरा सौगाई बना-
जान देने की लगन, सर पे बांधे हैं कफ़न-
मेरे महबूब वतन, मेरे महबूब वतन-
तुझपे कुर्बान ये जान, तुझपे कुर्बान ये तन-
देख महफ़िल में कही, आज मैं जागू नहीं-
हुस्न लैला का कोई, अब खरीदार नहीं-
जान देने की लगन, आज फीका है चमन-
मेरे महबूब वतन, मेरे महबूब वतन-
तुझपे कुर्बान ये जान, तुझपे कुर्बान ये तन...
Posted on: Nov 25, 2019. Tags: SANTOSH KUMAR DHALI SATNA MP SONG VICTIMS REGISTER
कविता : फूलों से नित हँसना सीखो, भौंरों से नित गाना...
ग्राम-मठावन, पंचायत-बागबेड़ा, जिला-नारायणपुर (छत्तीसगढ़) से सामबती दुग्गा उनके साथ शुशीला एक कविता सुना रहीं है:
फूलों से नित हँसना सीखो, भौंरों से नित गाना-
तरु की झुकी डालियों से नित सीखो शीश झुकाना-
सीख हवा के झोंकों से लो कोमल भाव बहाना-
दूध तथा पानी से सीखो मिलना और मिलाना-
सूरज की किरणों से सीखो जगना और जगाना-
लता और पेड़ों से सीखो सबको गले लगाना-
मछली से सीखो स्वदेश के लिए तड़पकर मरना-
पतझड़ के पेड़ों से सीखो दुख में धीरज धरना-
दीपक से सीखो जितना हो सके अँधेरा हरना-
पृथ्वी से सीखो प्राणी की सच्ची सेवा करना-
जलधारा से सीखो आगे जीवन-पथ में बढ़ना-
और धुँए से सीखो हरदम ऊँचे ही पर चढ़ना...
