नवा साल आवथे, बोकरा मुर्गी डरावथे...नए वर्ष पर कविता -
ग्राम-देवरी, जिला-सूरजपुर (छत्तीसगढ़) से कैलाश सिंह पोया नया साल के आने पर एक कविता सुना रहे हैं :
नवा साल आवथे, बोकरा मुर्गी डरावथे – का होही हमर जीवन हर पानी भीतरी मछरी मन घबरावथे – नाचथै गाथै डीजे बजाथै – दारू कर नदिया बहाथैं – तमासा ला देख के मुसुवा मन घबराथै – नवा साल आवथे, नवा साल आवथे...
Posted on: Dec 27, 2017. Tags: KAILASH SINGH POYA SONG VICTIMS REGISTER
गरीबी के मारे मैं ददा के यहाँ गई थी...गीत -
ग्राम-सरईमाल, पोस्ट-चाँदवानी, जिला-डिन्डोरी (मध्यप्रदेश) से कपूरिया एक गीत सुना रही है:
दर्रे गरीबी गरीब मेरा यार-
गरीबी के मारे मैं ददा के यहाँ गई थी-
दाई ललकार दिया दर्रे गरीबी गरीब मेरा यार-
गरीबी के मारे मैं कका के यहाँ गई थी-
गरीबी के मारे मैं काकी के यहाँ गए थे-
काकी ललकार दिया दर्रे गरीबी गरीब मेरा यार...
Posted on: Dec 27, 2017. Tags: SANTOSH AHIRWAR SONG VICTIMS REGISTER
सच्चे गुरु की महिमा की कथा...
मक्खन साह लुबना नाम का एक बड़ा व्यापारी एक बार हजारों का माल लेकर जहाज से वापस लौट रहा था तभी अचानक समुद्र में तूफान आ गया, मक्खन साह सिक्ख गुरुओ में श्रद्धा रखते थे उन्होंने अपने डूबते जहाज को बचाने के लिए प्रार्थना किया और कहा मै 500 सोने के सिक्के भेट करूँगा, उसकी प्रार्थना स्वीकार हुई, जहाज बचकर सामान गोदाम तक पहुंच गया, मक्खन साह अपने वचन को पूरा करने के लिए वकाला पहुंचे वहां कई ढोंगी गुरु को बैठे देख वह असली गुरु को पहचान ना सका और सभी के पास जाकर दो दो सोने की मोहरे भेट करता गया. किसी ने बताया बाबा टेगा जी अँधेरी कोठरी में तपस्या में लीन रहते हैं मक्खन उनके पास जाकर 2 सोने के सिक्के लेकर भेट किया गुरु जी ने कहा 500 का वादा कर दो मोहरे भेट किये, जिससे असली गुरु की पहचान हो गई वह बहुत खुश हुआ...
Posted on: Dec 27, 2017. Tags: SONG SUNIL KUMAR VICTIMS REGISTER
माँ तेरे चरणों की धूल मैं कैसे भूलूं....माँ पर गीत -
ग्राम-लोवकरिया, ब्लाक-मिहिंपुरवा, जिला-बहराइच (उत्तरप्रदेश) से केदारनाथ कुशवाह माता पिता के आदर सम्मान के स्वरूप एक गीत सुना रहे है:
माँ तेरे चरणों की धूल मैं कैसे भूलूं-
जब तक मैं जिन्दा रहूँ-
तेरे चरण के धूल मैं सहूँ-
माँ तेरी ममता को-
कैसे मैं धूल कहूँ-
माता पिता की सेवा में हरदम मैं रहूँ...
Posted on: Dec 27, 2017. Tags: KEDARNATH KUSHWAHA SONG VICTIMS REGISTER
हाय रे हाय संगी गोंडन मा रे...गोंडवाना गीत -
ग्राम पंचायत-कोटमी, जिला-सूरजपुर (छत्तीसगढ़) से देवनारायन देवांगन गोंडों पर एक गीत सुना रहे हैं :
हाय रे हाय संगी गोंडन मा रे – अइसन माया हवे संगी गोंडन मा रे – गाँव गाँव मा गली गली मा गूंजत है शोर, संगी गोंडन मा रे – अइसन शक्ति अवे संगी गोंडन मा रे – माया पिरित के बंधना हवे, जिंदगी के बनवैया संगी गोंडन मा रे – गाँव गाँव मा गली गली मा, गूंजत है शोर संगी गोंडन मा रे...

