गाँव मेरा प्यारा है वह तो बड़ा दुलारा है...कविता -
राजेश कुमार खूटे, ग्राम-बडतुंगा, पोस्ट-देवघटा, विकासखंड-डबरा, जिला-जांजगीर चाम्पा (छत्तीसगढ़) से एक कविता सुना रहे है:
गाँव मेरा प्यारा है वह तो बड़ा दुलारा है-
एक कच्ची मकान है दिखते सब समान है-
खेतो में वह किसान है गाते मीठे गान है-
सदा खान पान है शादी में निशान है-
हम बच्चो की टोली है आपस में हमजोली है-
माँ बाप का दुलार है भाई बहनों का प्यार है...
Posted on: Jan 26, 2018. Tags: RAJESH KUMAR KHUTE SONG VICTIMS REGISTER
आपका स्वास्थ्य आपके मोबाइल में : मौसम के अनुसार आहार विहार से लाभ -
जिला-बडवानी (मध्यप्रदेश) से सुरेश कुमार मौसम के अनुसार आहार-विहार के बारे में बता रहे हैं कि वर्षा ऋतु में स्वास्थ्य की रक्षा करने व् स्वस्थ बने रहने का मूल मंत्र है कि पेट में अपच और कब्जो की स्थिति न बनने दी जाए पर त्वचा साफ़ रखी जाए किसी ऋतु में जो मौसमी पदार्थ उपलब्ध होते है उनकी उचित विधि के अनुसार सेवन करना बहुत लाभकारी है भोज्य पदार्थ में दूध घी मक्खन मिश्री सहद के मेवे दूध चावल या उड़द, मूंगफली, चना, गुड, केसर या वितरी तेल गाजर,अन्दिर, अखरोट, आंवला, पका लाल टमाटर, सलज्म, चकुंदर, लहसुन व् चिल्का सहित चने के दाल हरी साग सब्जी अपने आहार में जरुर लेना चाहिए. सुरेश कुमार@7694046301.
Posted on: Jan 26, 2018. Tags: SONG SURESH KUMAR VICTIMS REGISTER
वनांचल स्वर: जंगल से मिलने वाले महुआ, बेलवा, हर्रा, लाख बहुत सस्ते दामो में बेच देते है...
रामेश्वर कुमरा (सरपंच) ग्राम-अमोड़ी, ब्लाक-दुर्गकोंदल, जिला-कांकेर (छत्तीसगढ़) से बता रहे है कि उनके गाँव के आसपास जंगल है उनसे उनको महुआ, तेंदू, लाख, कोशुम, सरई, बेलवा, हर्रा आदि मिलते है और लाख को साल में दो बार तोडा जाता है जून और दिसंबर माह में और उनको दुर्गकोंदल बाजार में ले जाकर बेच देते है, लाख को 200 रूपये किलो और महुआ को 15-20 रूपये किलो बेचते है और बेलवा और तेंदू बिक्री भी करते है और वे लोग लाख का बीज नहीं लाते है पेड़ से ही उत्पन होता है| महुआ, तेंदू, लाख, सरई, बेलवा, हर्रा को दुर्गकोंदल बाजार में सस्ते दामो में बेच देते है और अधिक जानकारी के लिए संपर्क@9294651617.
Posted on: Jan 26, 2018. Tags: RAMESHWAR KUMARA SONG VANANCHAL SWARA VICTIMS REGISTER
हे हंसवाहिनी, हे शारदे माँ...सरस्वती भजन गीत -
मालीघाट, जिला-मुजफ्फरपुर (बिहार) से सुनील कुमार माँ सरस्वती का भजन गीत सुना रहे है:
हे हंसवाहिनी, हे शारदे माँ-
विद्या का तू उपहार दे माँ-
जीवन पथ पर बढ़ती जाऊँ-
अपनों का विश्वास बनूँ माँ-
अंधियारे को दूर भगा दूँ-
ऐसी तेरी दास बनूँ माँ-
तेरी महिमा जग में गाउँ-
अधरों को तू उदगार दे माँ-
हे हंसवाहिनी, हे शारदे माँ-
विद्या का तू उपहार दे माँ-
मधु का स्वाद लिए है ज्यो अब-
विष का भी मैं पान करूँ माँ-
फूलों पर जैसे चलती हूँ-
शूलों को भी पार करूँ माँ-
तूफानों में राह बना लूँ-
ज्ञान का तू भण्डार दे माँ-
हे हंसवाहिनी, हे शारदे माँ-
विद्या का तू उपहार दे माँ...
Posted on: Jan 25, 2018. Tags: SONG SUNIL KUMAR VICTIMS REGISTER
स्वास्थ्य स्वर: नशे के सेवन से तरह तरह के नुकसान -
जिला-बडवानी, (म.प्र.) से सुरेश कुमार बता रहे है कि धूम्रपान करने वालो को तरह-तरह की बीमारियों का सामना करना पड़ता है, जैसे केंसर इससे शरीर में अनेक प्रकार की तकलीफें होती है जैसे पाचन क्रिया कम होना, शरीर में रक्त प्रवाह कम होना, कम दिखाई देना आदि| इससे उनकी मौत भी हो जाती है. भारत में पाए जाने वाले चाय के कोई भी ब्रांड नही है जो लेड रहित हो और यह शरीर में पहुंचकर नुकसान पहुंचाता है और ऐसा पाया गया है कि लेड की बढी मात्रा से सर्वाधिक नुकसान गुर्दा, यकृत, श्वासनली, स्नायु तंत्र, ह्रदय रक्त वाह्नियाँ एवं हाथो को पहुँचता है| जिसके कारण रक्त में भी विकार हो जाते है. सुरेश कुमार@7694046301.


