हमारे गाँव में रोड की बहुत समस्या है शिकायत करने पर कोई ध्यान नहीं देते है, कृपया मदद करें...
जमीन बचाओ अभियान बैठक से हेमसिंह मरकाम के साथ में चतुरु बैगा, केवल सिंह बैगा, सुक्कुराम बैगा, ग्राम-रुकमिदादर, पंचायत-कान्दवानी, तहसील-पंडरिया, जिला-कबीरधाम (छत्तीसगढ़) से बोल रहे है कि उनके गाँव के आंगनवाडी से लेकर बाजार चौक तक सीसी रोड चाहिए और वो मेन रोड तक पहुंचना चाहिए और आंगनवाडी से लेकर बाजार चौक तक लगभग 10-12 घर है| रोड नहीं होने के कारण आने जाने में बहुत दिक्कतों का सामना करना पड़ रहा है उसके लिए उन्होंने सरपंच सचिव के पास कई बार शिकायत भी किये है लेकिन ध्यान नहीं देते है| इसलिए साथी मदद की अपील कर रहे है कि इन अधिकारियो से बात कर रोड बनवाने में मदद करें : कलेक्टर@9424136900. हेमसिंह मरकाम@9575248234
Posted on: Feb 14, 2018. Tags: CHATRU BAIGA KEWAL SINGH BAIGA SONG VICTIMS REGISTER
जाना होके आबे तैयार चलना जाबो कुही बाजार...छत्तीसगढ़ी गीत
ग्राम-लूढूटोला, पंचायत-धमगढ़, थाना-कुकदुर , विकासखंड-पंडरिया, जिला-कबीरधाम,(छत्तीसगढ़) से भुक्लूराम पंदराम एक छत्तीसगढ़ी गीत सुना रहे हैं:
जाना होके आबे तैयार चलना जाबो कुही बाजार-
रानी तोला मै घुमा के लाहुं न-
नाक बर तोर बर नथनी लेहूँ कान के लेहूँ बाली-
आनी बानी के चुरी और फुंदरी अऊ लेदेहु साड़ी...
Posted on: Feb 14, 2018. Tags: BHUKLURAM PANDRAM SONG VICTIMS REGISTER
चलो भिनसारे की निदिया हो मोर महुआ उजर गए...बघेली लोकगीत
ग्राम+पोस्ट-उलहीखुर्द, जिला-रीवा (मध्यप्रदेश) रमेश कुमार गुप्ता एक बघेली लोकगीत सुना रहे हैं :
चलो भिनसारे की निदिया हो मोर महुआ उजर गए-
महुआ उजर गए मोर महुआ उजर गए-
सास सोवे घरमा ससुर सोवे घर मा-
चलो भिनसारे की निदिया हो मोर महुआ उजर गए...
Posted on: Feb 13, 2018. Tags: RAMESH KUMAR GUPTA SONG VICTIMS REGISTER
भारत भईले आजाद का तोहू करबे सिपहिया...लोक गीत
ग्राम-करमडीहा, धरमसुल्लीपारा, जिला-बलरामपुर (छत्तीसगढ़) से संजय कुमार कुशवाहा एक लोक गीत सुना रहे हैं :
भारत भईले आजाद का तोहू करबे सिपहिया – खुब तुहू करबे जेहल भेजी देबे – भला जेलवा से है ससुरल हो – भारत भईले आजाद का तोहू करबे सिपहिया...
Posted on: Feb 13, 2018. Tags: SANJAY KUMAR KUSWAHA SONG VICTIMS REGISTER
रे रे लोयो रे रेला रे रे लोयो...मडवा रेला गीत
आमापारा ग्राम-पंचायत-बड़े गौरी, ब्लाक-चारामा, जिला-कांकेर, छत्तीसगढ़ से उजारो, दुलमा, नवरी, पनकिन, रामकुंवर, सगरी बाई और सुगवत एक गोंडी गीत सुना रहे हैं:
रे रे लोयो रे रेला रे रे लोयो-
ओर बोरा बिहाव वो दाई-
न ना बिहाव दाका वो दाई-
न ना बिहाव दाका-
जाती कोला लायोर बिहाव वो-
दाई बिहाव वो दाई...
