भारत की विलुप्त होती आदिवासी भाषाओं पर अध्ययन और उनको संवैधानिक मान्यता मिलनी चाहिए...
ग्राम+पोस्ट-अंजनी, विकासखंड-मवई, जिला-मंडला (मध्यप्रदेश) से सग्गन शाह मरकाम बोल रहे है कि कुछ ऐसी आदिवासी भाषाएँ है जो विलुप्त होने के कगार पर है, जैसे अबुझमाडिया, कमाडी, गोटुल मुरिया, देवार, गुरकी परजी, पारसी, भतरी, सरगुजिया, कुडुक, गोंडी, डडानी माठिया, डोली, पंडो, बैगानी, मुंडा, हल्बी आदि. इन भाषाओ का सर्वेक्षण तो किया गया है पर उनको संवैधानिक मान्यता के लिए प्रयास करना चाहिए| इसके लिए उन समुदाय के सभी साथियों का प्रयास होना चाहिए इन पर गहन अध्ययन होना चाहिए और उनकी मांग है कि इन सभी आदिवासी भाषाओं को भारत सरकार द्वारा संवैधानिक मान्यता दी जानी चाहिए. सग्गन शाह मरकाम@9479003194.
Posted on: Feb 21, 2018. Tags: SAGGAN SHAH MARKAM SONG VICTIMS REGISTER
देख तो संगी हमर गाँव मा...एकता परिषद संगठन का सामूहिक गीत
ग्राम-कुतरेल, जिला-रायपुर (छत्तीसगढ़) से सुरजो बाई एकता परिषद् संगठन का सामूहिक गीत सुना रही हैं:
देख तो संगी हमर गाँव मा-
एकता संगठन लहर गे-
पुन्नी के चंदा अंजोर मा – भारत के भुइयां काहर गे-
देख तो संगी हमर गाँव मा-
एकता संगठन लहर गे...
Posted on: Feb 21, 2018. Tags: SONG SURJO BAI VICTIMS REGISTER
तै बलिदान दान होगे रानी दुर्गावती...वीर गाथा गीत
भगतपारा, ग्राम-धुमाडाड, तहसील-प्रतापपुर, जिला-सूरजपुर (छत्तीसगढ़) से बाबूलाल मराबी एक वीर गाथा गीत सुना रहें है:
तै बलिदान दान होगे रानी दुर्गावती-
गोंडवाना राजा अउ सत्ता के अधिकारी-
खांधे में धनुस बान हाथें तलवार-
बाबूलाल मराबी गवत है बीर गाथा-
बलिदान दान होगें रानी दुर्गावती...
Posted on: Feb 21, 2018. Tags: BABULAL MARAVI SONG VICTIMS REGISTER
लोरी-लोरी जाय मयारू लोरी-लोरी जाय...बांसुरी गीत
ग्राम-सारपानी, तहसील-पंडरिया, जिला-कबीरधाम (छत्तीसगढ़ ) से बुधराम यादव बांसुरी के धुन में एक गीत सुना रहे है:
लोरी-लोरी जाय मयारू लोरी-लोरी जाय-
या डोंगरी कछार मा तेंदू लोरी-लोरी...
Posted on: Feb 21, 2018. Tags: BUDHURAM YADAV SONG VICTIMS REGISTER
5 साल से हम बैगा आदिवासी वनाधिकार पट्टा के लिए आवेदन कर रहे लेकिन अभी तक नहीं मिला...
ठेंगाटोला, पंचायत-कांदावानी, तहसील-पंडरिया, जिला-कबीरधाम, छत्तीसगढ़ से सुखलाल और धन सिंह बैगा बता रहे है कि पांच साल से वनाधिकार पट्टा के लिए आवेदन किये हैं लेकिन आज तक पट्टा नही मिला है जबकि सरपंच सचिव और वनाधिकारियों के द्वारा पट्टे का फार्म भराए गये थे, 30-35 साल से भूमि कब्जा नाम में है पर अब तक उसकी नपाई नही हुआ है इसके आवेदन सम्बंधित अधिकारियों को दिया गया लेकिन अब तक कोई सुनवाई नही हुआ तो ये साथी सीजीनेट सुनने वाले साथियों से मदद की अपील कर रहे हैं कि इन नम्बरों पर अधिक से अधिक बात कर इस समस्या का समाधान करने में मदद करें: D.F.O.@7587013300, सचिव@9406066611. मिथलेश मानिकपुरी@8964973228.

