माता मैहर वाली सजे हवे लाली चुनरी...भजन गीत
ग्राम-खोहिर, जिला-सूरजपुर (छत्तीसगढ़) से राधिका सिंह एक भजन सुना रही हैं :
माता मैहर वाली सजे हवे लाली चुनरी-
मोरे दाई हर मोरे महामाई हर सोने के हार दाई रे-
काने के बाली दाई बर ला देहूं-
हां दाई बर ला देहूं सोने के हार दाई रे-
सुघर दिसत हवे ऊँचा पहाड़-
बघवा हर झूमर खेले दाई के दुवार, हाय रे दाई के दुवार-
कूदी-कुदी चढथे बोकरा भेड़ा देखा ना दाई मोरे लागेहे भीड़ा...
Posted on: May 15, 2018. Tags: RADHIKA SINGH SONG VICTIMS REGISTER
Today's news from newspapers in Gondi :15th May 2018 -
झारखंड : आदिवासी बहुल गांव की सड़कों का हाल बेहाल, मुख्य सड़क तक पैदल जाने को मजबूर ग्रामीण – न्यूज़ 18 – छ्त्तीसगढ़ के दंतेवाड़ा जिले में नक्सलियों ने रेलमार्ग पर पेड़ काटे, फोर्स पर की फायरिंग – नईदुनिया –
छत्तीसगढ़ : कोरबा| पत्थलगड़ी के समर्थन में गिरफ्तार किए गए आदिवासी नेताओं के निःशर्त रिहाई की मांग : छत्तीसगढ़ सर्व आदिवासी समाज – दैनिक भास्कर –
छत्तीसगढ़,बेमेतरा।तीन नदियों के बाद भी नवागढ़ प्यासा, नहीं मिली खारे पानी से मुक्ति – नईदुनिया -
Posted on: May 15, 2018. Tags: GONDI NEWS RAMESH KUNJAM GONDI
शिवा तुझसे मिलने का चर्चा बहाना है...भजन
ग्राम-कड़िया, तहसील-वाड्रफनगर, जिला-बलरामपुर (छत्तीसगढ़) से हिरमन पोया एक भजन गीत सुना रही हैं :
शिवा तुझसे मिलने का चर्चा बहाना हैं-
दुनिया वाले क्या जाने मेरा रिश्ता पुराना हैं-
भोला तुझसे मिलने का चर्चा बहाना हैं-
मइया तुझसे मिलने का चर्चा बाहाना हैं-
दुनिया वाले क्या जाने मेरा पुराना हैं-
मईया तुझसे मिलने चर्चा बहाना हैं...
Posted on: May 14, 2018. Tags: HIRAMAN POYA SONG VICTIMS REGISTER
मेरा करमा तू, ओ मेरा धरमा तू...देश भक्ति गीत-
ग्राम-बटई, पोस्ट-रेवटी, विकासखंड-प्रतापपुर, जिला-सूरजपुर (छत्तीसगढ़) से दुर्गेश पटेल एक देश भक्ति गीत सुना रहे हैं :
मेरा करमा तू, ओ मेरा धरमा तू-
तेरा सब कुछ मै, मेरा सब कुछ तू-
ओ हर करम आपना करेगें, ऐ वतन तेरे लिए-
दिल दिया है जान भी देगें, ऐ वतन तेरे लिए...
Posted on: May 14, 2018. Tags: DURGESH PATEL SONG VICTIMS REGISTER
वनांचल स्वर : बालो के झड़ने, टूटने से रोकने की घरेलू विधि-
मोतीनगर, रायपुर (छत्तीसगढ़) से वैद्य एच.डी. गाँधी बालो के झड़ने और टूटने से रोकने लिए तेल बनाने की घरेलू विधि बता रहे हैं, भृंगराज पंचांग अर्थात फल, फूल, पत्ती, जड़ सभी, 500 ग्राम हरण, 250 ग्राम बहेरा, 250 ग्राम आंवला इन सबको पीस कर चूर्ण बना लें उसके बाद 1 लीटर तेल को लोहे के कड़ाही में गर्म करे, गर्म होने के बाद चूर्ण को उसमे डालकर तब तक पकाएं जब तक जल ना जाए, उसके बाद तेल को ठंडा कर छान ले और कांच के बर्तन में रख ले, सुबह-शाम उस तेल से बालो की जड़ो में मालिश करे इससे बालो का झड़ना, टूटना आदि रुक सकता है| एच.डी. गाँधी@9111061399.
