ये मोदी के महिमा महान...छत्तीसगढ़ी गीत
ग्राम-शाही, पोस्ट-चांदाली, जिला-डिंडोरी (मध्यप्रदेश) से संतोष कुमार अहिरवार छत्तीसगढ़ी भाषा में एक गीत सुना रहे हैं :
ये मोदी के महिमा महान-
की दुनिया जानेय सखी सब दुनिया जानेय जी-
नरेद्र मोदी के महिमा महान-
पैसा ला बदाल के संगी हा-
सब ला सबक दिखाईस-
ऊच नीच अऊ बड़े छोटे के –
याद घलो दिलवाईस...
Posted on: Aug 26, 2018. Tags: CHHATTISGARHI SONG DINDORI MP KUMAR AHIRWAR SANTOSH SONG VICTIMS REGISTER
छत्तीसगढ़ कर छबीसवा जिला सबसे सुंदर सबसे बढिया...छत्तीसगढ़ी गीत
ग्राम-मेढ़ारी, पोस्ट-करमडीहा, थाना-बसंतपुर, जिला-बलरामपुर (छत्तीसगढ़) से सोनू कुमार नेटी एक छत्तीसगढ़ी गीत सुना रहे है:
छत्तीसगढ़ कर छबीसवा जिला सबसे सुंदर सबसे बढिया-
राज्य छत्तीसगढिया राज्य छत्तीसगढिया-
चम छमा छम बिजली चमके झिमिर झिटा पानी बरसे-
दादा जाये खेत जोते भोजी रोपा गाड़े-
चला दीदी चला भईया खेत माकम करें-
छत्तीसगढ़ कर छबीसवा जिला सबसे सुंदर सबसे बढिया...
Posted on: Aug 21, 2018. Tags: BALRAMPUR CHHTTISGARH CHHTTISGARHI SONG SONG SONU KUMAR NETI VICTIMS REGISTER
भईया हो ले जाना, ले जाना संदेस, जउन देश मा बोले जाथे सब एक समान...गीत-
ग्राम पंचायत-कोटराही, पोस्ट, तहसील-वाड्रफनगर, जिला-बलरामपुर (छत्तीसगढ़) से अमर कुमार पोर्ते सरकारी योजना में असमानता को बताते हुए एक गीत सुना रहे हैं :
भईया हो ले जाना, ले जाना संदेस-
जउन देश मा बोले जाथे सब एक समान-
ओही देश के सुन ले जुबान-
ग्राम पंचायत लेबे भईया मिली एक लाख बीस हजार-
नगर पालिका रहबे भईया मिली ढाई लाख-
ईंटा मिलही चार रूपया, छड मिलही चवन रूपया...
Posted on: Aug 21, 2018. Tags: AMAR KUMAR PARTE BALRAMPUR CHHATTISGARH CHHATTISGARHI SONG SONG VICTIMS REGISTER
माँ सतलोकी मईया, माँ सतलोकी...देवी गीत-
ग्राम-कोबी, पोस्ट+थाना-चलगली, जिला-बलरामपुर (छत्तीसगढ़) से कुमारी अनुरगिया देवांगन एक भक्ति गीत सुना रही हैं :
माँ सतलोकी मईया, माँ सतलोकी-
माटी के दियना में बारत है जोती-
चुनरी लहराबो दाई के, सारा सरो देवी धाम में-
खली है झोली भर दे न दाई, तोर गुन ला महूँ गाहूँ-
साधू मुनि देवता धाम में, तोरे दुरा मा आये हैं-
करे हे सिंगार दाई रूप बिकरार, झंडा लहराबो दाई के...
Posted on: Aug 20, 2018. Tags: BALRAMPUR CG HINDI SONG KUMARI ANURAGIA DEWANGAN SONG VICTIMS REGISTER
किसान स्वर: कम खर्च में अच्छी खेती कर हम किसान उन्नत और खुशहाल स्थिति तक पहुँच सकते है...
झाबुआ (मध्यपदेश) से संदीप बैरागी बता रहे हैं, हम अक्सर पढ़ते है हमारा देश सोने की चिड़िया अर्थात संपन्न और खुशहाल हुआ करता था, जिसका कारण है किसान, हमारे देश में मसाला बहुत मात्रा में उत्पादन होता था, जिसे विदेशो में बेचा जाता था, जिसके अच्छे दाम मिलते थे, लेकिन धीरे-धीरे विदेशी कंपनियों ने एकाधिकार कर देशी उद्योग को खत्म कर दिया, जिसके परिणामस्वरुप आज किसान बेहाल है, किसान आज अपनी खेती अपनी मर्जी से नही कर रहा है, दवाई कम्पनियो के चंगुल में फस चुका है, दवाई कम्पनियों के एजेंट आते हैं, और अपनी दवाई का प्रचार कर बेचते हैं, इसलिए वे सभी से अनुरोध करते हुए कह रहे हैं कि हम ऐसी खेती करें, जिसमे कम खर्च पर अच्छी खेती हो तभी हम उन्नत और खुशहाल हो सकते हैं, आज हमें आत्म निर्भर होने की आवश्यकता है : बैरागी@8817049109.
