सुन तो दीवानी तोर दीवाना...छत्तीसगढ़ी गीत
ग्राम-जनपुर ,जिला-रायगढ़ (छत्तीसगढ़) से दीनानाथ पटेल छत्तीसगढ़ी गीत सुना रहे हैं:
सुन तो दीवानी तोर दीवाना-
तोर बर तरसे रे-
एक झलक देखे बिना मोर-
नैना तरसे रे-
खाये कसम निभाये के संग-
सुन तो दीवानी तोर दीवाना...(AR)
Posted on: Dec 29, 2020. Tags: CG SONG SONG VICTIMS REGISTER
चले आओ कोई वादा नही फिर भी...गीत
जिला-महाराजगंज (उत्तरप्रदेश) से भीमप्रसाद एक गीत सुना रहे हैं:
चले आओ कोई वादा नही फिर भी-
निगाहे राह तकती है-
तुम्हाराओ हंसी चेहरा-
ऐ कैसे भूल सकती है-
तुम्हारी इक झलक देखी-
मगर बेताब है ऐसे-
चले आओ कोई वादा नही फिर भी...(AR)
Posted on: Dec 29, 2020. Tags: HINDI SONG SONG VICTIMS REGISTER
बच्चों के लिए जनरल नॉलेज बता रहें हैं...
जिला-राजनांदगांव, (छतीसगढ़)से विरेन्द्र गंधर्व जनरल नाँलेज बता रहे है |
शहर के प्राचीन नाम-
रायपुर का प्राचीन नाम -कंचनपुर|
धमतरी का प्राचीन नाम -धर्मताही |
राजिम का प्राचीन नाम -राजीवलोचन|
इन्दोर का प्राचीन नाम -इन्द्रपुरी |
गाव्लियर का प्राचीन नाम -गोपालपुर |
घतिया का प्राचीन नाम -दिलीपपुर...(183305)gm
Posted on: Dec 29, 2020. Tags: POEM SONG VICTIMS REGISTER
राम जी से पूछे जनकपुर...लोक गीत-
ग्राम-मानापति, पोस्ट-प्रतापपुर, थाना-वासपति, (बिहार) से दीपक कुमार एक लोक गीत सुना रहे हैं-
राम जी से पूछे जनकपुर-
के नारी बता द बबुआ-
देते कहा गारी बता द बबुआ-
बुढवा बाबा के पाकल पाकल दाढ़ी-
एक भाई गोर का है जनकपुर के नारी-
तोहरा से पुछूं ये धनुकधारी...(183299) GT
Posted on: Dec 29, 2020. Tags: HINDI SONG SONG VICTIMS REGISTER
कृषि में सब्जी के खेती करने के जानकारी दे रहे हैं...
ग्राम-दुलहरा, जिला-अनुपपुर (मध्यप्रदेश) से बाबु लाल नेटी के साथ याग्यवेंद्र पटेल कृषि कार्य (खेती) के बारे में जानकारी दे रहे हैं, वे सभी प्रकार के सब्जी के खेती करते हैं, जिनसे उन्हें लाभ होता है| सब्जी के खेती से वो अपने जीवन यापन करते हैं,| वर्तमान में वे बरबटी के फसल लगाए हुए हैं, जिनसे उन्हें 8-9000प्रति माह कि आमदनी होता है | जिससे वे अपने प्राथमिक खर्चों के साथ घर के काम काज के लिए आसानी से धन राशि प्राप्त हो जाता है| खेती के लिए वे गोबर कि खाद का उपयोग करते हैं, जो बहुत ही लाभदायक होता है| वे सभी साथियों को खेती ठीक तरह से करने का सलाह देते हैं| याग्यवेंद्र पटेल@ 7049457403. (167705) MS
