समय आये समय जाये - कविता
ग्राम-निलकंठपुर , ब्लाक-परतापुर, जिला- सूरजपुर (छत्तीसगढ़) से जगदेव प्रसाद पोया एक कविता सुना रहे है:
समय आये समय जाये, इसे कोई रोक न पाए
गया हुआ समय फिर न आये
आज के जवान नशे मै झूम रहे हैं
इस मस्ती मै घूम रहे हैं
देश का अपना ज़रा देखो नज़ारा
सोने का चिडया का देखो कितना नाम है प्यारा...
Posted on: May 17, 2019. Tags: CG CHHATTISGARH JAGDEB PRASAD POYA POEM SONG VICTIMS REGISTER
क ख ग घ पढ़े चला पाठशाला मे - कविता
ग्राम-निल्कंतपुर, ब्लाक-परतापुर, जिला- सूरजपुर (छत्तीसगढ़) से जगदेव प्रसाद पोया एक कविता सुना रहे है:
कागज कलम धर के बाबू गुरुजी कर झाला मे
क ख ग घ पढ़े चला पाठशाला मै,
कागज कलम धर के बाबू गुरुजी कर झाला मे
क ख ग घ पढ़े चला पाठशाला मै
खाए भर मिली बासी पर्षा कर खाला मै
लिखे भर मिली बाबु पता कर स्लेट मै...
Posted on: May 17, 2019. Tags: CG CHHATTISGARH JAGDEB PRASAD POYA POEM SONG VICTIMS REGISTER
ये भारत के तरुर वीर...कविता
ग्राम- सिंहपुर तरहसील- पंडरिया जिला- कबीरधाम से ओमकार मरकाम एक कविता सुना रहे है|
ये वीर भगीरथ महावीर,
धन भला अपन तरुर स्वरात फल,
फरहर मारत अब रंग महल,
ये रात तेरे, सरकार तेरे,
ये दिल्ली के दरवार पर...
Posted on: May 17, 2019. Tags: CG KABIRDHAM OMKAR MARKAM POEM SONG VICTIMS REGISTER
नाप के पैमाने की कहानी
ग्राम- सिंहपुर तरहसील- पंडरिया जिला- कबीरधाम से ओमकार मरकाम नाप के पैमाने की कहानी सुना रहा है|
आज से सौ साल पहले लोग अपने बीते, पंजे, से ही लंबाइयाँ नापते थे| सभी लोगो के बीते और पंजे की लम्बाई अलग अलग थे, इससे लोगो को काफी परेशानी होती थी| लोग फिर एक ही पैमाना बना लिया, उसे छोटे छोटे हिस्सों में बाँट लिया| फिर उसी से गज, इंच प्रचलन में आया, पर हर एक देश का अपना अपना पैमाना था| वहां के लोग अपने अपने पैमाने से नापते थे| यह काफी परेशानी की बात थी| फिर फ्रांस सामने आया और पैमाने का एक यूनिवर्सल रूल लाया जो आज हम सब उसे इस्तेमाल करते है, वह है मीटर|
Posted on: May 17, 2019. Tags: CG EDUCATION KABIRDHAM OMKAR MARKAM SONG VICTIMS REGISTER
स्वास्थ्य स्वर : विटामिन की कमी से रोग एवं उनके प्राप्ति के स्रोत|
ग्राम- सिंहपुर तरहसील- पंडरिया जिला- कबीरधाम से ओमकार मरकाम विटामिन के बारे में बता रहे है|
विटामिना A- कमी से राठोंड़ि, कमजोर द्रिष्टि, रात में कम दिखना या अंधापन| प्राप्ति के श्रोत- मछली का तेल, कुम्हरा, गाजर, आदि| विटामिन B- कमी से वेरी वेरी, द्रुलव स्पेसिआ, काम करने हेतु ऊर्जा में कमी| प्राप्ति के श्रोत- हरी पत्तेदार सब्जियां, चन्ना, टमाटर, सोयाबीन, नारियल, अंडा इत्यादि| विटामिन C- मसूड़ों से खून निकलना, घाव भड़ने में देरी| प्राप्ति के श्रोत- खट्टे फल, अमला, मिर्ची| विटामिन D- रिक्टस, हाड़ियाँ का मुलयम, टेढ़ा मेढ़ा होना| प्राप्ति के श्रोत- माखन, अंडा, मछली, सूरज का प्रकाश|...
