गाँव में सड़क नहीं आवेदन करने पर सुनवाई नहीं होता...मदद की अपील-
ग्राम-मामडपल्ली, पंचायत-पट्टिलगुडम, मंडलम-अस्वागुडेम, जिला-भद्रादी कोठागुडम (तेलंगाना) से कुमार चोड़ीगा उमारा बता रही हैं| उनके गाँव में सड़क नहीं है| लोगो आने जाने में दिक्कत होती है| सड़क नहीं होने से बीमार पड़ने पर या गर्भवती महिलाओं को हास्पिटल ले जाने में दिक्कत होती है| सड़क बनवाने के लिये अधिकारियो के पास आवेदन करते हैं| लेकिन अभी तक कोई काम नहीं हुआ है| दिये गये नंबर पर संपर्क कर समस्या को हल कराने में मदद करें : संपर्क नंबर@7893778321.
Posted on: Jul 20, 2019. Tags: SONG VICTIMS REGISTER
मेरा एक सवाल...कविता-
ग्राम-सिंगपुर, तहसील-पंडरिया, जिला-कबीरधाम (छत्तीसगढ़) से स्वेता कुमारी एक कविता सुना रही है :
एक चौपाल है वहां पर कुछ लोग बैठे हैं-
तभी गीत की आवाज उमड़ रही है-
चूं चूं,चूं चूं चिड़िया चहकी-
मह मह, मह मह खुशिया महकी-
पर्वत पिता ने लाली खोली-
भारत माता बेटो से बोली...
Posted on: Jul 20, 2019. Tags: CG KABIRDHAM POEM SONG SWETA KUMARI VICTIMS REGISTER
रे रेलायो रेरेला रेरेलायो रेरेला रेला...गोंडी गीत-
ग्राम-भीमावरम, पंचायत-तुम्माला चेरुवु, ब्लाक- अस्वापुरम, जिला-भद्रादी कोठा गुडम (तेलंगाना) से पोडियम नारेंद्र ग्रामीण महिलाओं के साथ एक गोंडी गीत सुना रहे हैं :
रे रेलायो रेरेला रेरेलायो रेरेला रेला-
रेला रेला रेरेला रेला रेला रेला रेरेला रेला-
अय्याला मन्दान गंधिले ओ, अय्याला मन्दान गंधीले चेल्लो-
मंदा अय्या इन्नोरू चेल्लो-
ओ अय्याणु दंडम वाटारे चेल्लो, रेरेलायो रेरेला...
Posted on: Jul 20, 2019. Tags: BHADRADI KOTHAGUDEM GONDI PODIYAM NARENDRA SONG TELANGANA
स्वास्थ्य स्वर : चोट लगने पर उसे ठीक करने का घरेलु नुस्खा -
जिला-टीकमगढ (मध्यप्रदेश) से वैद्य राघवेंद्र सिंह राय चोट लगने पर उसे ठीक करने का घरेलु नुस्खा बता रहे हैं| आमा हल्दी को पत्थर में पीसकर चूर्ण बना लें| और लेप बना लें| उस लेप को चोट पर लगाये| इससे आराम मिल सकता है| अधिक जानकारी के लिये संपर्क कर सकते हैं| राघवेंद्र सिंह राय@9424759941.
Posted on: Jul 20, 2019. Tags: HEALT MP RAGHVENDRA SINGH RAI SONG TIKAMGARH VICTIMS REGISTER
इतय इतय चारो ओर, क्योटी क्योटी करे सीहोर...कविता-
ग्राम-रेवटी, जिला-बलरामपुर (छत्तीसगढ़) से अखिलेश कुसवाहा एक कविता सुना रहे हैं:
इतय इतय चारो ओर, क्योटी क्योटी करे सीहोर-
जहां तहां खटकत पास है-
भाजल सो चाहा गावर ग्वालनी के कछू-
डरने डराने से उठाने रोम गात है...
