स्वस्थ्य स्वर : घुटने के दर्द को ठीक करने का घरेलू नुस्खा-
नवाडी, बोकारो (झारखण्ड) से वैद्य निर्मल महतो घुटने के दर्द को ठीक करने का घरेलू नुस्खा बता रहे हैं| यदि युवा अवस्था में मेथी दाना का उपयोग किया जाये तो वृद्धावस्था में घुटनों के दर्द से बचा जा सकता है| सुबह एक चम्मच मेथी दाने का चूर्ण पानी के साथ सेवन करने से घुटने के दर्द में आराम मिल सकता है| जो इस समस्या से पीड़ित हैं| वे लाभ ले सकते हैं| भोजन के साथ खीरा खाने से भी लाभ होता है| कच्चे आलू का पेस्ट घुटने में लगाकर मलने से, आरंड और मेहंदी के पत्तो को पीस कर घुटने में मलने से और सुबह खाली पेट अखरोट खाने से भी आराम मिल सकता है| अधिक जानकारी के लिये संपर्क कर सकते हैं : निर्मल महतो@8674868359.
Posted on: May 01, 2019. Tags: BOKARO HEALTH JHARKHAND NIRMAL MAHATO SONG VICTIMS REGISTER
ज़ज्बे और जूनून का रंग वो, हर मोड़ हर राह के संग वो...कविता-
कानपुर (उत्तर प्रदेश) से के एम भाई मजदूर दिवस के अवसर पर एक कविता सुना रहे हैं :
ज़ज्बे और जूनून का रंग वो-
हर मोड़ हर राह के संग वो-
इंसानी भावनाओ का रूप वो-
हर दिल की खुशी का स्वरुप वो-
खुले असमा का सितारा वो-
हर आंख का खूबसूरत नजारा वो-
साहस और संघर्ष का नारा ओ...
Posted on: May 01, 2019. Tags: KANPUR KM BHAI POEM SONG UP VICTIMS REGISTER
माता पिता का मुख सूख जाता है...कविता-
ग्राम-तमनार, जिला-रायगढ़ (छत्तीसगढ़) से कन्हैयालाल पड़ियारी एक कविता सुना रहे हैं :
माता पिता का मुख सूख जाता है-
जिस बेटी की होती सगाई, बेटी का मुख खिल उठता है-
जब से पिया का संदेश पाई-
सबके सामने खोई-खोई रहती-
दीवारों से बाते करती-
निहारती रहती है आंगन का कोना कोना...
Posted on: May 01, 2019. Tags: CG KANHAIYALAL PADIYARI POEM RAIGARH SONG VICTIMS REGISTER
इस धरती में नहीं कोई उमंग, गर्मी लेकर आता जलन...गीत-
ग्राम-तमनार, जिला-रायगढ़ (छत्तीसगढ़) से कन्हैयालाल पड़ियारी एक कविता सुना रहे हैं :
इस धरती में नहीं कोई उमंग-
गर्मी लेकर आता जलन-
ठण्ड लाता ठिठुरन-
बरसात आता कीचड़ के संग-
पेट बड़ा है भारी, करता दुनिया दारी...
Posted on: May 01, 2019. Tags: CG KANHAIYALAL PADIYARI POEM RAIGARH SONG VICTIMS REGISTER
केलगो जनेवल बरे झुमका झुमाली जानू...गीत-
ग्राम पंचायत-गुंडापाल, विकासखण्ड-दरभा, जिला-बस्तर (छत्तीसगढ़) से रामवती और रानी केसव एक गीत सुना रहे हैं:
केलगो जनेवल बरे झुमका झुमाली जानू-
बाबू झुमका झुमाली-
गारन को जाना रे-
केलगो जनेवल बरे झुमका झुमाली जानू-
बाबू झुमका झुमाली-
गारन को जाना रे...
