2 साल से राशन कार्ड के लिये आवेदन दे रहे हैं, अधिकारी ध्यान नहीं देते मदद की अपील-
ग्राम-नौडीहा, ब्लाक-चोपन, जिला-सोनभद्र (उत्तर प्रदेश) से राजेश कुमार बता रहे हैं| उनका राशन कार्ड पिछले 2 साल से नहीं बना है| 2017 से अधिकारियों के पास आवेदन कर रहे हैं| लेकिन कोई सुनवाई नही हो रही है| परिवार मे 6 सदस्य हैं| राशन कार्ड नहीं होने से हमे गैस और दूसरी सरकारी सुविधायें नहीं मिल पा रही है| इसलिये वे सीजीनेट के साथियों से अपील कर रहे हैं| दिये गये नंबरों पर बात कर राशन कार्ड बनवाने में मदद करें : DM@9454417569, डीलर@9198144682. संपर्क नंबर@7607764149.
Posted on: May 13, 2019. Tags: RAJESH KUMAR RASHAN CARD SONBHADRA SONG UP VICTIMS REGISTER
कल-कल, छल-छल बहती नदी नालायें...कविता
ग्राम-तमनार, जिला-रायगढ़ (छत्तीसगढ़) कन्हैयालाल पड़ियारी एक कविता सुना रहे हैं:
कल-कल, छल-छल बहती नदी नालायें-
कहीं उथली, कही गहरी-
कहीं समतलतायें-
कई तरह की जीव जंतू, उसके अंदर समायें-
सभी का प्यास बुझाती वह अपना जल पिलाकर-
सभी उसका आगे में रहते, ठण्डा पानी पीकर...
Posted on: May 13, 2019. Tags: CG KANHAIYALAL PADIYARI POEM RAIGARH SONG VICTIMS REGISTER
बार-बार बिजली चमकी, कड़का बादल घोर घार...कविता-
ग्राम-तमनार, जिला-रायगढ़ (छत्तीसगढ़) से कन्हैयालाल पड़ियारी एक कविता सुना रहे हैं:
बार-बार बिजली चमकी, कड़का बादल घोर घार-
झूम के बरखा रानी आयी, हुआ बूंदो का बौछार-
चम-चम, चम-चम चमक रही थी, था बादल में घोर अंधकार-
बादल से बादल टकरा रहा, गिरा बनकर मूसला धार-
धरती पास बुला रही थी, आँखों में ले कर प्यार-
प्यार दुलार धरती की, दिया अपना मुसली धार...
Posted on: May 13, 2019. Tags: CG KANHAIYALAL PADIYARI POEM RAIGARH SONG VICTIMS REGISTER
ऊपर पंखा चलता है, नीचे मामा सोता है...कविता-
ग्राम-दरभागुडा, विकासखण्ड-कोंटा, जिला-सुकमा (छत्तीसगढ़) से आरती, मधू, गीता और प्रीती एक कविता सुना रहे हैं :
ऊपर पंखा चलता है, नीचे मामा सोता है-
सोते-सोते भूख लगी खालो बेटा मुगफली-
मुगफली में दाना नहीं हम तुम्हारे मामा नहीं-
मामा गये दिल्ली, दिल्ली से लाये संतरा-
संतरा बहोत खट्टा, मामा के चड्डी पट्टा...
Posted on: May 13, 2019. Tags: BHOLA BAGHEL CG POEM SONG SUKMA VICTIMS REGISTER
आगे की सोचकर चिंता नहीं करनी चाहिये, समय के साथ सब अच्छा होता है...कहानी-
एक दिन कि बात है| दीनू नाम का एक किसान खेत से आकर घर के बाहर अकेला उदास बैठा था| खेत मे बीज डालने, बियासी, निदाई अदि का काम कर चुका था| लेकिन फसल पकने से पहले ही वर्षा रुक गई थी| भूमि में थोड़ी नमी बची थी| फसल खराब होने के आसार थे| इसलिये वह दुखी था| तभी उसका साथी रामू उसके पास आया| उसने दीनू से उसके दुःख का कारण पूछा| दीनू ने सब बताया| रामू बोला चिंता छोडो सब ऊपर वाले पर छोड़ दो| अभी बरसात का समय बचा है| चलो चाय पिलाओ| कुछ देर बाद जोर की बारिश होने लगी| ये देखकर दोनों खुश हो गये| और बोले भगवान ने हमारी सुन ली| इस कहानी से यह सीख मिलती है| परेशानियों से घबराना नहीं चाहिये, समय के साथ सब अच्छा हो जाता है|
