सर्वेश्वरी का ध्यान करो...भजन-
ग्राम-तमनार, जिला-रायगढ़ (छत्तीसगढ़) से राजेंद्र गुप्ता नवरात्री के पावन पर्व पर एक भजन सुना रहे हैं :
सर्वेश्वरी का ध्यान करो-
गुरु मंत्र का जाप करो-
तू ही ब्रम्हा तू ही विष्णू-
जय शिव शंकर याद करो-
गुरु मंत्र का जाप करो-
सर्वेश्वरी का ध्यान करो...
Posted on: Mar 25, 2020. Tags: CG RAIGARH RAJENDRA GUPTA SONG VICTIMS REGISTER
तुझसे त्रस है विश्व सारा...कविता-
राजनांदगांव (छत्तीसगढ़) से विरेन्द्र गंधर्व एक कविता सुना रहे हैं:
तुझसे त्रस है विश्व सारा-
तू तो है कोरोना सबका हत्यारा-
बंद कराये विद्यालय बंद कराये दुकाने-
और क्या क्या गुल खिलायेगा न जाने-
हम सब आपस में मिलकर-
तुझे चित्त करेंगे सारे खाने-
संकल्प लिया है सर्व हारा-
तुझसे पायेंगे छुटकारा...
Posted on: Mar 25, 2020. Tags: CG POEM RAJNANDGAON SONG VICTIMS REGISTER VIRENDRA GANDHARV
घर में भूंजी भांग नहीं सुलताना मांगे जाय...कहावत-
जिला-राजनांदगांव (छत्तीसगढ़) से वीरेन्द्र गंधर्व कहावत के माध्यम से संदेश दे रहे हैं,
“घर में भूंजी भांग नहीं सुलताना मांगे जाय” अर्थात घर में पैसो की तंगी है और बाहर पैसो का दुरुपयोग हो रहा है, आज के समय में कुछ ऐसा ही हो रहा है, बच्चे घर की स्थिती को समझते नहीं हैं और पैसे लेकर फिजूल खर्च करते हैं|
Posted on: Mar 25, 2020. Tags: CG RAJNANDGAON SONG VICTIMS REGISTER VIRENDRA GANDHARV
23 मार्च शहादत दिवस पर संदेश...
आज के दिन 23 मार्च 1929 को देश भक्त राजगुरु, सुखदेव और सरदार भगत सिंह ने अपनी शहादत दी थी, उन्हें अंग्रेजो फांसी ने दी थी उन्होंने हँसते हुये फांसी को गले लगा लिया था क्यों कि उन्हें उम्मीद थी कि उनकी शहादत व्यर्थ नहीं जायेगी और एक दिन देश आजाद हो जायेगा और आज वो दिन आ चुका हैं, इसी साथ एक कविता प्रस्तुत है:
जन मानस तुमको पूजेगा सदियों तक बेसुमार-
फांसी चढ़कर कर कर दिया तुमने देश का उद्धार-
तो उन्हें सत सत नमन उन्ही के वजह से आज देश में है अमन...
Posted on: Mar 23, 2020. Tags: CG RAJNANDGAON SONG VICTIMS REGISTER VIRENDRA GANDHARV
जो पहना हथकड़ी उसे पड़ा छड़ी छड़ी...कविता-
तमनार, जिला-रायगढ़ (छत्तीसगढ़) से राजेंद्र गुप्ता एक कविता सुना रहे हैं:
जो पहना हथकड़ी उसे पड़ा छड़ी छड़ी-
देश के खातिर सूर वीरो में आफत पड़ी-
अंग्रेजो से लोहा लेना पड़ी उन्हें कई छड़ी-
जब देश आजादी पाई सूरवीरो में ख़ुशी छाई-
बाबा साहेब ने संविधान रच डाली-
अब उसकी एक कड़ी टूट गयी-
आज जमाना बदल गया-
सविधान का विधान अब लुटेरो की भेट चढ़ी...
