सीजीनेट ला माय देखे रहो प्रतापपुर बाजार...सीजीनेट गीत
ग्राम-धुमाडाड, पोस्ट-गोविंदपुर, ब्लाक-प्रतापपुर, जिला-सूरजपुर (छत्तीसगढ़) से शिवबालक सिंह श्यामले एक सीजीनेट का गीत सुना रहें हैं:
सीजीनेट ला माय देखे रहो प्रतापपुर बाजार-
होही दिन ले में हो गये तैयार-
सीजीनेट ला अपन बनाये बिना नई मनो ओ-
थाना फुदारी रिपोट करीदे लेकिन नई मानो-नई मानो ओ-
कोट अदालत चिन्हारी करी दे लेकिन सीजीनेट का आपन बनाये-
सीजीनेट ला माय देखे रहो प्रतापपुर बाजार...
Posted on: Jun 19, 2018. Tags: SHIVBALAK SINGH SHYAMLE SONG VICTIMS REGISTER
हमारे यहाँ सड़क निर्माण हो रहा पर ठेकेदार मनमानी कर रहा है, ग्रामीणों की सुनता नहीं है...
ग्राम-सिंगपुर, तहसील-पंडरिया, जिला-कबीरधाम (छत्तीसगढ़) से हेमसिंह मरकाम बता रहे हैं कि उनके गांव में रोड निर्माण हो रहा है जिससे ग्रामीण उत्साहित है पर ग्रामीणों के बोलने पर ठेकेदार किसी की बात नही सुनते मनमानी करते हैं, रोड लेबल किये बगैर डामरीकरण किया जा रहा है, कई जगह चौडाई कम बनाया जा रहा है. जिन घरो को तोड़ने का आदेश है उसे भी नहीं हटाए, इसलिए वे सीजीनेट के साथियों से अपील कर रहे हैं कि इन नम्बरों में बात कर समस्या का निराकरण करने में मदद करे: ठेकेदार@9893836079, मुंशी@7772099823. हेमसिंह मरकाम@9575248234.
Posted on: Jun 18, 2018. Tags: HEMSINGH MARKAM SONG VICTIMS REGISTER
गिर गए आषाढ़ हमन जंगल जाबो यार...वर्षा गीत
जिला-सूरजपुर (छत्तीसगढ़) से कैलाश सिंह पोया एक आषाढ़ गीत सुना रहे हैं:
गिर गए आषाढ़ हमन जंगल जाबो यार-
पुटू लोरब, कुकड़ी लोरब अउ लोरब सरुआ-
मिल जुल के संग सांथी जंगल ला घुमाब-
ऐदे गिरेहे आषाढ़ चला जंगल जाबो रे-
नवा नवा पुटू कुकड़ी जंगल मा मिलथे-
नवा-नवा सरु साग अच्छा वो ह लगथे जंगल मा जाबो-
देखे ला हरा भरा जंगल हमर करिया...
Posted on: Jun 18, 2018. Tags: KAILASH SINGH POYA SONG VICTIMS REGISTER
हम लोगो ने 10 साल पहले कुआं खोदने काम किया, मजदूरी भुगतान आज तक नहीं हुआ...
ग्राम-धुरसी, पंचयात-कांदावानी, तहसील-पंडरिया, जिला-कबीरधाम (छत्तीसगढ़) से प्रीतराम, नानसिंह, विसाहू, बता रहे हैं कि उनके गांव में 2009 रिंग कुआ खुदाई का काम शुरू हुआ था जिसमे कुएं का एक रिंग खुदाई का 120 रूपया के हिसाब से काम कराया गया, उन्होंने 4 कुए खोदे 1 कुए में 12 दिन का समय लगा, इस प्रकार 48 दिन काम किया, 10 साल हो गए आज तक मजदूरी भुगतान नही हुआ, अधिकारी गायब हो गए, सफाई का काम भी नही कराया, संबंधित विभाग में आवेदन देने पर भी कोई जानकारी नही मिली : P.H.E.@9893882154, 9893458404, S.D.M@7587202092. संपर्क नंबर@8085182856.
Posted on: Jun 18, 2018. Tags: PREETRAM NANSINGH VISAHU SONG VICTIMS REGISTER
हमारे गांव का नाम कोयापारा क्यों पड़ा : एक गाँव की कहानी
ग्राम-कोयापारा, ब्लाक-अंतागढ़, जिला-उत्तर बस्तर कांकेर (छत्तीसगढ़) से देवसिंह दुग्गा सीजीनेट जन पत्रकारिता यात्रा के अंकित पडवार को बता रहे है कि उनके गांव का नाम कोयापारा कैसे पड़ा, वे बता रहे हैं कि उनके चौथी पीढ़ी पूर्व एक पहला व्यक्ति था जिसका नाम था कोयाराम, वहां पर वह आकर बसा, तब वहां केवल एक ही परिवार था उसके अलावा कोई घर नहीं था और आज करीब 80 घर हो चुके है, उन्ही के नाम से गांव का नाम पड़ा कोयापारा पडा और आज भी उन्ही के नाम से इस गांव को जाना जाता है, वे तो चले गए लेकिन उस गांव को अपना नाम दे गए| अंकित पडवार@9993697650.


