वज्जिका भाषा और गुरुगोविंद सिंह पर चर्चा...
मालीघाट, मुज़फ्फर (बिहार) से सुनील कुमार सनाजसेवी जोगिंदर सिंह दलवीर से गुरु गोविंद सिंह जी के बारे में चर्चा कर रहे हैं, गोविंद सिंह जी का जन्म 26 दिसंबर , 1666
पटना में हुआ, उनकी मूल भाषा वज्जिका थी, उन्होंने कई काव्य रचनायें वज्जिका भाषा में की, ये भाषा बिहार के वैशाली और मुज़फ्फर जिले में बोली जाती है,
राज केहू हस न देई हैं जे लेई है-
निज भुज से लेई हैं, निज बल से लई हैं|
इस तरह से उनकी कई रचनायें हैं ...
Posted on: Jan 08, 2020. Tags: BIHAR MUZAFFARPUR SONG STORY SUNIL KUMAR VICTIMS REGISTER
Impact : शौचालय की समस्या हल हो गयी सभी धन्यवाद...
ग्राम-तीरई टोला, तहसील-कोतमा, जिला-अनूपपुर (मध्यप्रदेश) से अमितलाल जायसवाल बता रहे हैं, उनकी शौचालय की समस्या थी जिसे उन्होंने सीजीनेट में रिकॉर्ड किया था जिसके बाद उनकी समस्या का निरकरण हो गया है इसलिये वे सीजीनेट के मदद करने वाले सभी साथियों और संबंधित अधिकारियों को धन्यवाद दे रहे हैं : संपर्क नंबर@6261218668.
Posted on: Jan 08, 2020. Tags: AMITLAL JAYASWAL ANUPPUR IMPACT STORY MP SONG VICTIMS REGISTER
Impact : संदेश रिकॉर्ड कराने के बाद पेंशन मिलने लगा है...
ग्राम-देवरी, जिला-सूरजपुर (छत्तीसगढ़) से कैलास सिंह पोया बता रहे हैं मझगंवा गांव की निवासी हिरमनिया बाई जिसकी उम्र 79 वर्ष है उन्हें वृद्धा पेंशन नहीं मिल रहा था जिसकी शिकायत उन्होंने गांव के सरपंच सचिव के पास किया लेकिन काम नहीं हो रहा था तब उन्होंने अपनी समस्या को सीजीनेट में रिकॉर्ड कराया जिसके बाद अब उन्हें पेंशन मिलने लगा है इसलिये वे मदद करने वाले सभी साथियों और संबंधित अधिकारियों को धन्यवाद दे रहे हैं : संपर्क नंबर@7723072470.
Posted on: Jan 07, 2020. Tags: CG IMPACT STORY KAILASH POYA SONG SURAJPUR VICTIMS REGISTER
सावित्री बाई फूले का जीवन...
सावित्रीबाई फुले का जन्म 3 जनवरी 1831 को हुआ था। इनके पिता का नाम खन्दोजी नेवसे और माता का नाम लक्ष्मी था। सावित्रीबाई फुले का विवाह 1840 में ज्योतिबा फुले से हुआ था।
सावित्रीबाई फुले भारत के पहले बालिका विद्यालय की पहली प्रिंसिपल और पहले किसान स्कूल की संस्थापक थीं उनको महिलाओं और दलित जातियों को शिक्षित करने के प्रयासों के लिए जाना जाता है। ज्योतिराव, जो बाद में ज्योतिबा के नाम से जाने गए सावित्रीबाई के संरक्षक, गुरु और समर्थक थे। 1852 में उन्होंने बालिकाओं के लिए एक विद्यालय की स्थापना की। वे स्कूल जाती थीं, तो विरोधी लोग पत्थर मारते थे। उन पर गंदगी फेंक देते थे। आज से 160 साल पहले बालिकाओं के लिये जब स्कूल खोलना पाप का काम माना जाता था कितनी सामाजिक मुश्किलों से खोला गया होगा|
Posted on: Jan 06, 2020. Tags: MP REWA SONG STORY SUSHAMA VICTIMS REGISTER
impact : हैण्डल और मोटर लगने से किसी भी समय पानी ले सकते हैं...
ग्राम-नवलपुर, पंचायत-पीपरखुटी, ब्लाक-लोरमी, जिला-मुंगेली (छत्तीसगढ़) से नरेश बुनकर बता रहे हैं फग्गूराम यादव के घर के पास एक हैण्डपंप था जिसमे हैण्डल नहीं लगा था जिसके कारण पानी की दिक्कत हो रही थी तब उन्होंने इस संबंध में उन्होंने अपनी समस्या को सीजीनेट में रिकॉर्ड किया था जिसके बाद उसमे हैण्डपंप और मोटर दोनों लगा दिया गया है अब समस्या हल हो गयी है इसलिये वे सीजीनेट के सभी साथियों और संबंधित अधिकारियों को धन्यवाद दे रहे हैं : संपर्क नंबर@8720822286.
