राम सियारामा लखन सिया रामा...भजन गीत
ग्राम-करहनी, विकासखंड-मरवाही, जिला-बिलासपुर (छत्तीसगढ़) से मंदिर के पुजारी अयोध्या दास एक भजन गीत सुना रहे है :
राम सियारामा लखन सिया रामा-
रामयण मा मोरो भैया-
राम जी सब कुछ लिखे है रामायण म-
राम सियारामा लखन सिया रामा...
Posted on: Jun 17, 2017. Tags: KANHAIYALAL KEWAT SONG VICTIMS REGISTER
हमारे गाँव का नाम करहनी है क्योंकि पहले यहां करहनी किस्म के धान की उपज अधिक होती थी...
ग्राम पंचायत-करहनी, विकासखंड-मरवाही, जिला बिलासपुर (छत्तीसगढ़) से कन्हैयालाल केवट के सांथ है गाँव के किसान भाई जवाहर सिंह वट्टी जो अपने गाँव के नाम के इतिहास के विषय में जानकारी दे रहे हैं, ये बता रहे है कि इनके पूर्वज यहां करहनी धान की खेती करते थे इससे ही गाँव का नाम करहनी पड़ा क्योंकि यहाँ की भूमि ऊँची है जो इस फसल के लिए अनुकूल है लेकिन समय के साथ लोगो ने भूमि की खोदाई कर उसे गहरा बनाकर दूसरी धान की किस्में उगाने लगे हैं पर ये लोग खाद के लिए अभी भी पारम्परिक और गोबर खाद का प्रयोग करते हैं और अभी भी रासायनिक खाद से परहेज करते हैं जिससे यह पूरा गाँव जैविक है...जवाहर सिंह वट्टी@ 8435164003.
Posted on: Jun 14, 2017. Tags: KANHAIYALAL KEWAT SONG VICTIMS REGISTER
2 साल पहले हम लोगों ने रोज़गार गारंटी में 1 माह काम किया, मज़दूरी भुगतान अब तक नहीं हुआ...
ग्राम पंचायत-खरड़ी, जनपद-पेंड्रा, जिला-बिलासपुर (छत्तीसगढ़) से सीजीनेट यात्रा से कन्हैयालाल केवट के साथ में आज ओमकार परस्ते, विष्णु आदि ग्रामीण है जो बता रहे है कि मनरेगा के तहत 2015 में रोड में काम किये थे | जिसका मजदूरी भुगतान आज तक नहीं हुआ है कोई 1 माह तो कोई 3 हफ्ता काम किये है | शिकायत इन्होने C.E.O. के पास भी किये थे लेकिन कोई ध्यान नहीं दे रहे है | इसलिए साथी सीजीनेट सुनने वाले साथियों से मदद की अपील कर रहे हैं कि इन अधिकारीयों को फोन करके दबाव बनाये| C.E.O.@9303152896, सचिव@9644443824, जिलाधिकारी@9425263102. गाँव के साथी का संपर्क नम्बर 8461854610.
Posted on: Jun 13, 2017. Tags: KANHAIYALAL KEWAT SONG VICTIMS REGISTER
घमंड करने से होता है नुकसान...कहानी -
एक किसान की दो लड़की थी ,बड़ी बेटी चुरकी तथा छोटी बेटी घुरकी। एक दिन बड़ी बेटी बोली मामा के यहाँ जाना है, किसान ने कहा जाओ लड़की जाने लगी, चलते चलते एक भैस मिली जिसने कहा मुझे चारा दे दो लेकिन उसने नहीं दिया और चली गयी अपने मामा के यहाँ पहुची तो वहां पर उसे सभी ने अनदेखा कर दिया वह वापस घर चली आई. इसके बाद छोटी लड़की गयी. भैस ने उससे भी ऐसे ही कहा तो उसने भैस को चारा दिया और अपने मामा के यहाँ पहुची तो सभी ने उसे गले लगाया और खूब खिलाया- पिलाया कुछ दिनों में बाद वापस घर आई तो सभी से उसने बताया लेकिन बड़ी बहन को अच्छा नहीं लगा क्योकि उसके साथ ऐसा नहीं हुआ था इसलिए लोग कहते हैं कि कभी भी घमंड नहीं करना चाहिए| कन्हैयालाल पडियारी@9981622548
Posted on: May 25, 2017. Tags: KANHAIYALAL PADHIYARI SONG VICTIMS REGISTER
ये धरती, ये जंगल, ये नदियां, ये पेड़ों के झुरमुट...प्रकृति कविता -
ग्राम-तमनार, जिला-रायगढ़ (छत्तीसगढ़) से कन्हैयालाल पडियारी एक कविता सुना रहे हैं :
ये धरती, ये जंगल, ये नदियां, ये पेड़ो के झुरमुट-
इनके आगोश में रहकर मिलता स्वर्ग का सुख-
इनकी रक्षा करें, ये हमारे रक्षक-
इनको कर लो थोडा नमन...
