हम बालक हैं देश के बढ़ते ही जायेंगे...गीत-
ग्राम-पडौली, जिला-सरगुजा (छत्तीसगढ़) से रामेश्वर राम मरावी एक गीत सुना रहे हैं:
हम बालक हैं देश के बढ़ते ही जायेंगे-
हम हर कदम पे शांति का घर बनायेंगे-
लाखो हमारे देश के नव योजना बने-
सोने की खान है हमारी देश की जमीं-
हम स्वर्ग से भी देश को सुंदर बनायेंगे-
हम हर कदम पे शांति का घर बनायेंगे-
पकड़ेंगे सच्चे रास्ते छोड़ेंगे झूठे साथ...
Posted on: Mar 28, 2020. Tags: CG RAMESHWAR RAM MARAVI SONG VICTIMS REGISTER
कभी प्यासे को पानी पिलाया नही...गीत-
ग्राम-पडौली, जिला-सरगुजा (छत्तीसगढ़) से परमेश्वर मरावी एक गीत सुना रहे हैं:
कभी प्यासे को पानी पिलाया नही-
बाद अमृत पिलाने से क्या फायदा-
मैंने मंदिर गया पूजा आरती की-
पूजा करते हुये ये ख्याल आ गया-
कभी माँ बाप का सेवा की ही नही-
फिर पूजा करवाने से क्या फायदा-
कभी प्यासे को पानी पिलाया नही...
Posted on: Mar 27, 2020. Tags: CG PARMESHVAR MARAVI SONG SURGUJA VICTIMS REGISTER
करले माँ को प्रणाम अपने पिता को प्रणाम...गीत-
ग्राम-गारे, भण्डार पारा, जिला-सूरजपुर (छत्तीसगढ़) से रामेश्वर राम मरावी एक गीत सुना रहे हैं:
मंदिर में न मिलेंगे गुरुद्वारे न मिलेंगे-
घर पे ही बैठे हैं तेरे भगवन-
करले माँ को प्रणाम अपने पिता को प्रणाम-
उंगली पकड़कर चलना सिखाया-
भूखे रहकर तुझे खिलाया-
कष्ट कभी जो आया तुझपर-
हरदम तेरा साथ निभाया...
Posted on: Mar 26, 2020. Tags: CG RAMESHWAR RAM MARAVI SONG SURAJPUR VICTIMS REGISTER
वृद्धावस्था के लिये आवेदन देते है लेकिन सुनवाई नहीं होती...
भण्डार पारा, ग्राम-फलौनी, तहसील-भवरपुर, जिला-सरगुजा (छत्तीसगढ़) से रामेश्वर राम मरावी बता रहे हैं कि उनके पिता रामजीत मरावी को वृद्धावस्था पेंशन मिलना अप्रैल 2018 में बंद हो चुका है, कभी पेंशन मिलता है तो आधा दिया जाता है, उन्होंने इसके लिये गाँव के सरपंच सचिव के पास आवेदन किया लेकिन सुनवाई नहीं हो रही है इसलिये वे सीजीनेट के साथियों से अपील कर रहे हैं कि दिये नंबरों पर बात कर समस्या का निराकरण कराने में मदद करें : सरपंच@9753373998, सचिव@7999796088. संपर्क नंबर@8959778358.
Posted on: Mar 21, 2020. Tags: CG PROBLEM RAMESHWAR MARAVI SONG SURGUJA VICTIMS REGISTER
येदे होरी रे हाय गा मै तो होली खेले...होली गीत-
ग्राम-बरपटिया, तहसील, ब्लाक-प्रतापपुर, जिला-सूरजपुर (छत्तीसगढ़) से धनसाय मरावी अपने साथी हीरा के सांथ एक होली गीत सुना रहे हैं :
येदे होरी रे हाय गा मै तो होली खेले-
आजा रे पिरिया तोरे मंगनी-
घुमे तो काहे रोंजोदीना आबे रे-
कोना पंद्रह दीन, कोन कहे छव महीना में-
हाय गा कोन कहे, झनी आय...
