हम बदले तो ये जन बदलेगा...गीत-
छोटे डोंगर, जिला-नारायणपुर (छत्तीसगढ़) से बिमला नेताम एक गीत सुना रही हैं :
हम बदले तो ये जन बदलेगा-
ये जन बदले तो ये जगत बदलेगा-
कोई नहीं बदल रहा नहीं सोचना-
पहले अपन लोग बदले तो अच्छा रहेगा-
मछली पकड़ के लिये तो नहीं बदलेगा-
पहले पकड़ना सिखाओ तो जल्दी बदलेगा-
हम बदले तो ये जन बदलेगा...
Posted on: Aug 21, 2019. Tags: BHAN SAHU CG NARAYANPUR SONG VICTIMS REGISTER
निया नवा पोलो यायड नाड़ गोटू दे...गोंडी गीत-
नारायणपुर (छत्तीसगढ़) से ऋतिका सलाम एक गोंडी गीत सुना रही हैं :
रे रे लोयो रे रे ला, रेला रे रेला-
राला रेला-
वईकी वईकी सिले ना वड गोटू दे-
निया नवा पोलो यायड नाड़ गोटू दे-
रे रे लोयो रे रे ला, रेला रे रेला-
राला रेला...
Posted on: Aug 18, 2019. Tags: CG GONDI NARAYANPUR RITIKA SALAM SONG
पक्की सड़क के लिये आवेदन करने पर सुनवाई नहीं होती...मदद की अपील-
ग्राम-बिंजलि, जिला-नारायणपुर (छत्तीसगढ़) से रामसाय उसेंडी और देवनाथ उसेंडी बता रहे हैं| उनके गाँव कच्ची सड़क है| लोगो को आने जाने में दिक्कत होती हैं| रास्ते में पत्थर रहता है| कीचड़ होता है| सड़क को बनवाने के लिये उन्होंने कई बार कार्यालयों में आवेदन किया है| लेकिन आज तक उस पर कोई कारवाही नहीं हो रही है|इसलिये वे सीजीनेट के साथियों से अपील कर रहे हैं| दिये गये नंबरों पर बात कर सड़क बनवाने में मदद करें : कलेक्टर@9425205669, आदिवासी विकास आयुक्त विभाग@9424282202. संपर्क नंबर देवनाथ उसेंडी@9406177216.
Posted on: Aug 12, 2019. Tags: BHOLA BAGHEL CG NARAYANPUR PROBLEM SONG VICTIMS REGISTER
स्वास्थ्य स्वर : बवासीर बीमारी का घरेलू उपचार-
जिला-नारायणपुर (छत्तीसगढ़ी) से राजमन सिंह नेताम बवासीर का घरेलू उपचार बता रहे हैं| मोहली झाड़ का चार उसे सुखाकर, पीसकर चूर्ण बना लें| और एक चम्मच खाली पेट सेवन करें| लाभ हो सकता है| एक माह तक सेवन कर सकते हैं| भोजन में खटाई, मसाला, गरिष्ठ पदार्थ, मांस, मदिरा का सेवन ना करें| दवा का उपयोग करने से पहले दिये गये नंबर पर संपर्क कर पूरी जानकारी लें| संपर्क नंबर@7000876412.
Posted on: Aug 12, 2019. Tags: BHAN SAHU CG HEALTH NARAYANPUR SONG VICTIMS REGISTER
आदिवासी भाषा गोंडी, हल्बी, छत्तीसगढ़ी को लोगो तक पहुचने के लिये कार्यशाला-
जिला-नारायणपुर (छत्तीसगढ़) से शेर सिंह आचला बता रहे हैं| उन्होंने प्रदर्षनी लगाया है| वहां पर वे आदिवासी समुदाय के विभिन्न भाषायें गोंडी, हल्बी, छत्तीसगढ़ी को साहित्य लेखन और सीजीनेट स्वर के मध्यम से लोगो तक पहुचने के लिये कार्यशाला कर रहे हैं| जिसमे लोग गीत, कहानियां रिकॉर्ड करते हैं| उन्हें माध्यमिक विद्यालय नारायणपुर में कार्यशाला के लिये जगह मिला है| जहाँ पर वे काम कर रहे हैं| जो उनकी संस्कृति और भाषा को बचाने के लिये काम कर रहे हैं| उनको वे धन्यवाद दे रहे हैं| साथ विश्व आदिवासी दिवस के लिये सभी शुभकामनायें दे रहे हैं| संपर्क नंबर@267218980.
